हिंदी दिवस पर अग्रवाल कन्या महाविद्यालय में भाषा गौरव की गूंज, छात्राओं ने दिखाया हुनर
गंगापुर सिटी के अग्रवाल कन्या महाविद्यालय में हिंदी दिवस पर निबंध, श्रुति लेखन और काव्य पाठ प्रतियोगिताओं में छात्राओं ने प्रतिभा दिखाई।
तस्वीर में अग्रवाल कन्या महाविद्यालय में हिंदी दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में बैठी छात्राएं दिख रही हैं.
हिंदी दिवस के अवसर पर अग्रवाल कन्या महाविद्यालय गंगापुर सिटी में छात्राओं ने निबंध, श्रुति लेखन प्रतियोगिता और काव्य गोष्ठी के माध्यम से हिंदी भाषा के महत्व और भाषा गौरव को अभिव्यक्त किया। कार्यक्रम का आयोजन आयुक्तालय कॉलेज शिक्षा, राजस्थान सरकार, जयपुर के निर्देशानुसार हिंदी भाषा के प्रसार-वृद्धि, उसे जन-जन की भाषा बनाने तथा छात्राओं में हिंदी भाषा के महत्व को बढ़ाने के उद्देश्य से किया गया।
महाविद्यालय प्राचार्य डॉ. बी. एस. गुर्जर ने बताया कि निबंध प्रतियोगिता का विषय ‘भारतीय संस्कृति के संरक्षण में हिंदी की उपयोगिता’ रखा गया। प्रतियोगिता में बीए प्रथम सेमेस्टर की मोनिका सैनी ने प्रथम और बबीता सैनी ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया।
श्रुति लेखन प्रतियोगिता में बीएससी तृतीय सेमेस्टर की सपना गुर्जर प्रथम रहीं, जबकि बीए प्रथम सेमेस्टर की काजल गुर्जर ने द्वितीय स्थान प्राप्त किया। काव्य पाठ में बीएससी तृतीय सेमेस्टर की कोमल बाई रेगर ने प्रथम तथा बीए प्रथम सेमेस्टर की राखी कंवर ने द्वितीय स्थान हासिल किया।
हिंदी दिवस के अवसर पर छात्राओं को संबोधित करते हुए प्राचार्य डॉ. बी. एस. गुर्जर ने कहा कि हिंदी दिवस एक ऐसा दिन है जो हमें देशभक्ति की भावना के लिए प्रेरित करता है। यह दिन हर साल हमें हमारी असली पहचान याद दिलाता है और देश के लोगों को एकजुट करता है। उन्होंने कहा कि हमें यह प्रयास करना चाहिए कि हम जहां भी जाएं, हमारी भाषा, संस्कृति और हमारे मूल्य हमारे साथ एक साथ रहें और हम इनके अनुरूप ही कार्य करते रहें।
कार्यक्रम संयोजक जगन्नाथ रैगर और देवांग पाठक के साथ प्रवक्ता संतोष मंगल, योगिता जैन और उदय सिंह ने भी हिंदी भाषा के महत्व पर विचार व्यक्त किए। इस अवसर पर प्रवक्ता प्रवीण कुमार, जीवन सिंह, उमाकांत शुक्ला, अंकित गोयल, शैलेश शर्मा एवं समस्त स्टाफ सदस्य उपस्थित थे।
अग्रवाल कन्या महाविद्यालय में आयोजित इन प्रतियोगिताओं और काव्य गोष्ठी के माध्यम से हिंदी भाषा के प्रति छात्राओं की अभिव्यक्ति और सहभागिता सामने आई।