मुंबई में सार्वजनिक संपत्तियों और मेट्रो के खंभों को विज्ञापनों और पोस्टरों से गंदा करने वालों के खिलाफ मुंबई महानगरपालिका अब सख्त कदम उठाने जा रही है। शहर के सौंदर्यीकरण को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों को लेकर महापौर रितू तावड़े ने गहरी नाराजगी जाहिर की है।

महापौर रितू तावड़े ने कहा कि शहर को सुंदर बनाने के लिए बीएमसी की ओर से लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। कई जगहों पर मेट्रो के पिलरों पर सुंदर पेंटिंग और चित्रकारी कर उन्हें नया रूप दिया गया है। इसके बावजूद कुछ लोग इन पिलरों पर विज्ञापन और पोस्टर चिपकाकर उनकी खूबसूरती खराब कर रहे हैं।

महापौर ने स्पष्ट किया कि मेट्रो पिलरों पर चिपकाए गए जिद्दी स्टिकरों को हटाना बेहद मुश्किल होता है। कई बार काफी मेहनत के बाद भी पोस्टर पूरी तरह साफ नहीं हो पाते। ऐसे में प्रशासन को संबंधित पिलरों पर दोबारा रंग-रोगन और चित्रकारी करानी पड़ती है। इससे सार्वजनिक धन और समय दोनों का नुकसान होता है।

रितू तावड़े ने कहा कि खूबसूरत बनाई गई सार्वजनिक जगहों को इस तरह गंदा करना पूरी तरह गलत है। ऐसे लोगों के खिलाफ बीएमसी पहले से ही कार्रवाई कर रही है, जिसे अब और ज्यादा कड़ा किया जाएगा।

जुर्माने की राशि को लेकर पूछे गए सवाल पर महापौर ने कहा कि मुख्य उद्देश्य केवल जुर्माना वसूलना नहीं है, बल्कि लोगों में कानून के प्रति नागरिक बोध और सुधार लाना है। हालांकि, जो लोग शहर की खूबसूरती को नुकसान पहुंचाएंगे, उन पर बीएमसी सख्त से सख्त वित्तीय कार्रवाई करेगी।

महापौर ने मुंबई के नागरिकों से भी अपील की कि वे सार्वजनिक संपत्तियों को साफ-सुथरा रखने में प्रशासन का सहयोग करें और शहर को सुंदर बनाए रखने में अपनी जिम्मेदारी निभाएं। बीएमसी की सख्ती का उद्देश्य सार्वजनिक संपत्तियों को विज्ञापनों और पोस्टरों से होने वाले नुकसान को रोकना है।