सोशल मीडिया पर AI फोटो और ओरिजिनल तस्वीरें शेयर करने से पहले रहें सावधान
खेरवाड़ा साइबर सेल ने AI फोटो और ओरिजिनल तस्वीरें सोशल मीडिया पर शेयर करने को लेकर चेताया, फेक प्रोफाइल और डीपफेक से बचने की सलाह दी।
खेरवाड़ा में साइबर सेल ने सोशल मीडिया पर तेजी से चल रहे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जनरेटेड फोटो ट्रेंड और ओरिजिनल तस्वीरें अपलोड करने को लेकर आम नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण चेतावनी जारी की है। साइबर सेल ने कहा है कि सोशल मीडिया पर शेयर की जाने वाली तस्वीरें केवल ट्रेंड का हिस्सा नहीं हैं, बल्कि वे व्यक्ति की डिजिटल पहचान का संवेदनशील हिस्सा भी हैं।
साइबर सेल के अनुसार, सोशल मीडिया पर अपलोड की गई तस्वीरों का साइबर अपराधियों द्वारा दुरुपयोग किया जा सकता है। इन तस्वीरों का इस्तेमाल फेक प्रोफाइल बनाने के लिए किया जा सकता है। अपराधी किसी व्यक्ति की तस्वीर का उपयोग कर उसके नाम या पहचान से फर्जी सोशल मीडिया अकाउंट बना सकते हैं।
इसके अलावा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस की मदद से तस्वीरों का गलत और आपत्तिजनक रूप में इस्तेमाल कर डीपफेक तैयार किए जा सकते हैं। साइबर सेल ने ब्लैकमेलिंग और साइबर फ्रॉड की आशंका को लेकर भी लोगों को सतर्क किया है। फर्जी तस्वीरों के माध्यम से लोगों को ठगी या ब्लैकमेलिंग का शिकार बनाया जा सकता है।
साइबर सेल ने आम नागरिकों से सोशल मीडिया पर कोई भी फोटो शेयर करने से पहले सतर्कता बरतने और सोच-समझकर ही तस्वीर अपलोड करने की अपील की है। साथ ही किसी भी अनजान AI ऐप या वेबसाइट पर अपनी निजी और ओरिजिनल तस्वीरें बिल्कुल अपलोड नहीं करने की सलाह दी है।
साइबर सेल ने सोशल मीडिया प्रोफाइल की प्राइवेसी सेटिंग्स को मजबूत रखने पर भी जोर दिया है। किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी या संदिग्ध गतिविधि होने पर लोगों से तुरंत निकटतम पुलिस स्टेशन या नेशनल साइबर क्राइम रिपोर्टिंग पोर्टल (1930) पर संपर्क करने को कहा गया है।
AI तकनीक के बढ़ते इस्तेमाल के बीच साइबर सेल की यह चेतावनी सोशल मीडिया पर तस्वीरें साझा करने वाले आम नागरिकों के लिए सावधानी बरतने और अपनी डिजिटल पहचान की सुरक्षा सुनिश्चित करने पर केंद्रित है।