कु. रुद्रा खाडे संभागीय शालेय जलतरण प्रतियोगिता के लिए चयनित
विलासराव कोरे इंटरनेशनल स्कूल की छात्रा रुद्रा ने जिला स्तरीय प्रतियोगिता की 200 मीटर फ्रीस्टाइल में स्वर्ण समेत तीन पदक जीते।
तस्वीर में सफेद हुडी पहने जलतरण खिलाड़ी रुद्रा खाडे मुस्कुराती हुई नजर आ रही हैं।
वारणानगर (ता. पन्हाळा) स्थित विलासराव कोरे इंटरनॅशनल स्कूल की छात्रा कु. रुद्रा संदेश खाडे (भडगाव, ता. कागल) ने जिला स्तरीय शालेय जलतरण प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए 17 वर्ष से कम आयु वर्ग में संभागीय जलतरण प्रतियोगिता के लिए अपना चयन सुनिश्चित किया है। रुद्रा ने 200 मीटर फ्रीस्टाइल में प्रथम स्थान हासिल कर यह उपलब्धि दर्ज की।
भोगावती (ता. राधानगरी) में आयोजित जिला स्तरीय शालेय जलतरण प्रतियोगिता में रुद्रा खाडे ने 17 वर्ष से कम आयु वर्ग की बालिका श्रेणी में 200 मीटर फ्रीस्टाइल स्पर्धा में प्रथम स्थान प्राप्त किया। इस प्रदर्शन के आधार पर उनका चयन संभागीय जलतरण प्रतियोगिता के लिए हुआ है। इसी प्रतियोगिता में रुद्रा ने 100 मीटर फ्रीस्टाइल में द्वितीय तथा 50 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक में भी द्वितीय स्थान हासिल किया। इस तरह उन्होंने तीन अलग-अलग स्पर्धाओं में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया।
रुद्रा की इस सफलता पर भडगाव और वारणानगर क्षेत्र में उनका अभिनंदन किया जा रहा है। नियमित अभ्यास, मेहनत, अनुशासन और प्रतिस्पर्धात्मक भावना के बल पर उन्होंने जिला स्तरीय प्रतियोगिता में तीन स्पर्धाओं में प्रभावी प्रदर्शन किया है। अब संभागीय स्तर की प्रतियोगिता में बेहतर प्रदर्शन के लिए उनका अभ्यास जारी है। इस प्रतियोगिता के माध्यम से उन्हें अगले स्तर पर अवसर मिलने की उम्मीद व्यक्त की जा रही है।
रुद्रा को जलतरण प्रशिक्षक अभय डांगे का मार्गदर्शन मिला। साथ ही विलासराव कोरे इंटरनॅशनल स्कूल की मुख्याध्यापिका सौ. हेलीना मोनीस, डॉ. डी. वाय. पाटील ॲग्रीकल्चर अँड टेक्निकल युनिव्हर्सिटी की डायरेक्टर ऑफ स्पोर्ट्स सौ. पूनम खाडे (येरुडकर), वारणा दूध संघ के अधिकारी संदेश खाडे और पूर्व नगराध्यक्ष सुखदेव येरुडकर का प्रोत्साहन मिला।
रुद्रा खाडे के संभागीय प्रतियोगिता के लिए चयन पर स्कूल के शिक्षक, विद्यार्थी, अभिभावक तथा भडगाव और आसपास के नागरिकों ने उनका अभिनंदन किया और संभागीय प्रतियोगिता के लिए शुभकामनाएं दीं। जिला स्तरीय प्रतियोगिता में तीन स्पर्धाओं में प्रदर्शन के बाद अब रुद्रा की नजर संभागीय स्तर की चुनौती पर है।