तस्वीर में मुंबई स्थित म्हाडा कार्यालय की इमारत और उस पर लगा बोर्ड दिखाई दे रहा है।

मुंबई में खाली पड़ी सरकारी जमीन के लोकहित में इस्तेमाल की दिशा में म्हाडा ने एक अहम पहल की है। बांद्रा पश्चिम के पाली हिल इलाके में डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर रोड के पास साईसा क्लब के नजदीक स्थित सरकारी भूखंड को विकसित कर नागरिकों के लिए खेल और मनोरंजन की सुविधाएं तैयार की गई हैं।

म्हाडा के मुंबई झोपड़पट्टी सुधार मंडल की ओर से इस सरकारी भूखंड का विकास किया गया है। पहले उपयोग में नहीं आ रही इस जमीन पर अब नागरिकों के लिए कई जरूरी सुविधाएं तैयार की गई हैं। परिसर में शेड, प्रवेशद्वार और ग्रिल जैसी व्यवस्थाएं बनाई गई हैं, जिससे पूरे क्षेत्र को व्यवस्थित और सुरक्षित रूप दिया जा सके। इस विकास का मुख्य उद्देश्य उपलब्ध जमीन का अधिक से अधिक लोकहित में इस्तेमाल करना है। मुंबई में सीमित जगह के बीच ऐसी जमीन को नागरिक सुविधाओं में बदलने से स्थानीय लोगों को अपने आसपास ही बेहतर सुविधाएं मिल सकती हैं।

इस परिसर में पिकलबॉल कोर्ट भी तैयार किया गया है। पिकलबॉल तेजी से लोकप्रिय हो रहा खेल है और इसे खेलने के लिए पर्याप्त जगह की जरूरत होती है। ऐसे में पाली हिल में तैयार किया गया यह कोर्ट स्थानीय नागरिकों और युवाओं के लिए खेल गतिविधियों का नया केंद्र बन सकता है। खेल के लिए अलग जगह मिलने से लोगों को सक्रिय रहने और अपने खाली समय का बेहतर इस्तेमाल करने का अवसर मिलेगा। खास बात यह है कि इसके लिए किसी बड़े नए भूखंड की जरूरत नहीं पड़ी, बल्कि उपलब्ध सरकारी जमीन को ही उपयोगी बनाया गया है।

सिर्फ आउटडोर खेलों तक सीमित न रहते हुए इस परिसर में वेलफेयर सेंटर भी बनाया गया है। यहां नागरिक कैरम और शतरंज जैसे बैठकर खेले जाने वाले खेलों का आनंद ले सकेंगे। इस तरह बच्चों और युवाओं के साथ वरिष्ठ नागरिकों के लिए भी इस जगह का उपयोग संभव होगा। वेलफेयर सेंटर स्थानीय लोगों के लिए मिलने-जुलने और सामुदायिक गतिविधियों का स्थान भी बन सकता है।

मुंबई में हर खाली जमीन का सही इस्तेमाल शहर की जरूरतों को पूरा करने में अहम भूमिका निभा सकता है। पाली हिल में विकसित यह परिसर इसी सोच का उदाहरण है। उपलब्ध सरकारी भूखंड को खेल और सामुदायिक सुविधाओं में बदलकर स्थानीय नागरिकों के लिए उपयोगी जगह तैयार की गई है। म्हाडा की इस पहल से यह भी सामने आता है कि शहरी विकास केवल बड़े आवासीय प्रोजेक्ट तक सीमित नहीं है, बल्कि नागरिकों के लिए खेल, मनोरंजन और सामुदायिक सुविधाएं तैयार करना भी शहर के विकास का महत्वपूर्ण हिस्सा है।