आकोला गोशाला समिति का बड़ा फैसला, अब हर माह होगी बैठक और सार्वजनिक होगा आय-व्यय का पूरा हिसाब
आकोला गोशाला समिति की महत्वपूर्ण बैठक में पारदर्शिता को लेकर बड़ा निर्णय लिया गया। अब प्रत्येक माह बैठक आयोजित कर आय-व्यय का पूरा हिसाब सार्वजनिक किया जाएगा। महंत बजरंग दास त्यागी ने गोसेवा के लिए ग्रामीणों से निरंतर सहयोग की अपील करते हुए विकास और बेहतर प्रबंधन पर जोर दिया।
तस्वीर में आकोला गोशाला समिति की बैठक के दौरान जमीन पर बैठकर चर्चा करते हुए ग्रामीण और समिति के सदस्य नजर आ रहे हैं।
प्रातः काल संवाददाता नन्द लाल तेली, चित्तौड़गढ़।
आकोला गोशाला समिति की महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें गोशाला के सुचारू संचालन, विकास कार्यों और प्रबंधन में पारदर्शिता सुनिश्चित करने को लेकर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक के दौरान समिति के सदस्यों ने पूर्व का पूर्ण आय-व्यय का हिसाब नई कार्यकारिणी के समक्ष प्रस्तुत किया।
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि गोशाला के प्रबंधन को अधिक पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से अब प्रत्येक माह नियमित बैठक आयोजित की जाएगी। इन मासिक बैठकों में गोशाला के विकास कार्यों की समीक्षा के साथ-साथ प्रत्येक माह की कुल आय और व्यय का पूरा ब्यौरा सार्वजनिक रूप से साझा किया जाएगा।
बैठक को संबोधित करते हुए गोशाला अध्यक्ष महंत बजरंग दास त्यागी ने गोसेवा के महत्व पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा, "जिस तरह पूर्व में गांववासियों ने गोशाला के लिए बढ़-चढ़कर सहयोग दिया है, उसी प्रकार आगे भी गोसेवा और गोशाला के समुचित रखरखाव में आप सभी का सहयोग अत्यंत आवश्यक है।" उन्होंने सभी से भविष्य में भी निरंतर सहयोग बनाए रखने की अपील की।
बैठक के दौरान गोशाला के सचिव किशन लाल छीपा एवं कोषाध्यक्ष सोहनलाल प्रजापत ने भी अपने विचार रखे। उन्होंने गोशाला की आय बढ़ाने, चारे-पानी की बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा प्रबंधन को और अधिक मजबूत बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण सुझाव प्रस्तुत किए।
बैठक में सुरेश चंद्र छिपा, सत्येंद्र कुमार गौड, ललित कुमार हिंगड़, यशवंत कुमार सोनी, उदय लाल कुमावत, जमनालाल कुमावत, बाबूलाल प्रजापत, तारा मालीवाल, मांगीलाल तेली, कालूराम तेली, राहुल पिछोलिया, प्रेम शंकर यादव, राजकुमार आचार्य, पूरणमल माली, कपिल कुमार छिपा, हर्षित कुमार, दीपक छिपा और सुरेश चंद्र जोशी सहित गांव के गणमान्य नागरिक एवं गोभक्त बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। बैठक के अंत में सभी ने मिलकर आकोला गोशाला के बेहतर संचालन और विकास के लिए सामूहिक रूप से कार्य करने का संकल्प लिया।