बारां। विप्र फाउंडेशन के राष्ट्रीय मुख्य संरक्षक एवं कालीधाम जबलपुर के पीठाधीश्वर परम पूज्य दंडी स्वामी श्री कालिकानंद सरस्वती महाराज के शनिवार, 24 अक्टूबर 2026 को ब्रह्मलीन होने से विप्र समाज में शोक की लहर है। उनके देवलोकगमन के बाद विप्र फाउंडेशन ने अपने सभी निर्धारित कार्यक्रम स्थगित कर दिए हैं। इसी निर्णय के तहत रविवार, 25 अक्टूबर 2026 को बारां में आयोजित होने वाली जिला स्तरीय ब्राह्मण चिंतन बैठक और विप्र स्नेहभोज कार्यक्रम भी स्थगित कर दिया गया है।

विप्र फाउंडेशन बारां के जिला अध्यक्ष कपिल देव शर्मा ने बताया कि पूज्य महाराज श्री के देवलोकगमन से विप्र समाज एवं सनातन धर्म को अपूरणीय क्षति हुई है। उनके निधन से पूरे समाज में शोक व्याप्त है। इस दुखद घटना को देखते हुए संगठन ने फिलहाल अपने सभी निर्धारित कार्यक्रम स्थगित करने का निर्णय लिया है।

उन्होंने बताया कि रविवार, 25 अक्टूबर 2026 को दोपहर 12 बजे बारां जिला मुख्यालय पर झालावाड़ रोड स्थित तेल फैक्ट्री-बाबजी नगर के एक निजी मैरिज गार्डन में जिला स्तरीय ब्राह्मण चिंतन बैठक एवं विप्र स्नेहभोज आयोजित किया जाना था। महाराज श्री के ब्रह्मलीन होने के कारण अब यह कार्यक्रम नहीं होगा। बैठक की आगामी तिथि और कार्यक्रम की जानकारी शीघ्र जारी की जाएगी।

जिलाध्यक्ष कपिल देव शर्मा ने कहा कि पूज्य महाराज श्री ने अपना संपूर्ण जीवन सनातन धर्म, आध्यात्मिक चेतना, धर्म एवं समाज के उत्थान के लिए समर्पित किया। उनका मार्गदर्शन, आशीर्वाद और समाज के प्रति समर्पण सदैव प्रेरणास्रोत बना रहेगा। उनका ब्रह्मलीन होना समस्त सनातन समाज के लिए अत्यंत दुखद है।

कपिल देव शर्मा ने यह भी बताया कि विप्र फाउंडेशन की ओर से बारां जिले में श्रद्धांजलि एवं शोक सभाओं का आयोजन किया जाएगा। इन सभाओं के माध्यम से पूज्य महाराज श्री को श्रद्धासुमन अर्पित किए जाएंगे।

विप्र फाउंडेशन ने प्रदेश, जिला एवं नगर कार्यकारिणी के सभी पदाधिकारियों, विभिन्न प्रकोष्ठों के सदस्यों, विप्र बंधुओं और आमंत्रित अतिथियों से कार्यक्रम स्थगित होने की सूचना संज्ञान में लेने की अपील की है। संगठन की ओर से ब्राह्मण चिंतन बैठक की नई तिथि और कार्यक्रम की सूचना शीघ्र जारी की जाएगी।

अंत में जिलाध्यक्ष कपिल देव शर्मा सहित विप्र फाउंडेशन बारां परिवार ने पूज्य महाराज श्री के चरणों में भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की और परमात्मा से उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की।

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