उदयपुर में पर्यावरण स्वीकृति प्रकरणों की समीक्षा, समयबद्ध निस्तारण पर जोर
उदयपुर में राज्य स्तरीय विशेषज्ञ मूल्यांकन समिति-4 की बैठक में पर्यावरण स्वीकृति प्रकरणों की समीक्षा हुई। शासन सचिव शैलजा देवल ने समयबद्ध निस्तारण, नियमों के पालन और बेहतर समन्वय के निर्देश दिए।
तस्वीर में उदयपुर कार्यालय परिसर में शासन सचिव शैलजा देवल और अन्य अधिकारी पौधारोपण करते हुए दिखाई दे रहे हैं।
राज्य में पर्यावरण स्वीकृति के प्रकरणों के त्वरित, पारदर्शी और गुणवत्तापूर्ण निस्तारण को लेकर सोमवार, 28 सितंबर को राज्य स्तरीय विशेषज्ञ मूल्यांकन समिति-4, उदयपुर की बैठक आयोजित हुई। बैठक की अध्यक्षता शासन सचिव, पर्यावरण विभाग एवं सदस्य सचिव, राज्य स्तरीय पर्यावरण प्रभाव आंकलन प्राधिकरण, जयपुर श्रीमती शैलजा देवल ने की।
बैठक में समिति अध्यक्ष श्री राहुल भटनागर, सदस्य श्री ओम प्रकाश शर्मा, श्री नवीन कुमार व्यास, श्री सतीश कुमार श्रीमाली एवं डॉ. अनुपम भटनागर, सदस्य सचिव श्री विनय कट्टा सहित वरिष्ठ वैज्ञानिक अधिकारी श्री भूपेन्द्र कुमार सोनी, कनिष्ठ पर्यावरण अभियंता सुश्री गरिमा चौधरी एवं संबंधित अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित रहे।
बैठक के प्रारंभ में समिति अध्यक्ष, सदस्यों एवं सदस्य सचिव ने शासन सचिव श्रीमती शैलजा देवल का स्वागत एवं अभिनंदन किया। इसके बाद शासन सचिव ने पर्यावरण स्वीकृति के लिए प्राप्त प्रकरणों के परीक्षण और निस्तारण की प्रक्रिया की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने प्रकरणों के निस्तारण में सामने आ रही तकनीकी एवं व्यावहारिक कठिनाइयों की जानकारी ली और उनके प्रभावी समाधान को लेकर अधिकारियों एवं समिति सदस्यों के साथ विस्तार से चर्चा की।
श्रीमती देवल ने कहा कि पर्यावरण स्वीकृति से संबंधित प्रकरणों का परीक्षण निर्धारित पर्यावरणीय मानकों एवं नियमों के अनुरूप समग्रता, गहनता और समयबद्धता के साथ किया जाना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि प्रक्रिया में अनावश्यक विलंब नहीं होना चाहिए और परियोजना प्रस्तावकों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार समय पर निर्णय प्राप्त हो। इसके लिए सभी स्तरों पर बेहतर समन्वय और प्रभावी कार्यप्रणाली सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
बैठक में प्रकरणों के परीक्षण के दौरान आवश्यक दस्तावेजों की उपलब्धता, तकनीकी पहलुओं के मूल्यांकन, परियोजनाओं से जुड़े पर्यावरणीय प्रभावों के आकलन तथा विभिन्न स्तरों पर सामने आने वाली प्रक्रियात्मक समस्याओं सहित अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत विचार-विमर्श किया गया।
समिति के सदस्यों एवं सदस्य सचिव ने पर्यावरण स्वीकृति के प्रकरणों के परीक्षण के दौरान सामने आने वाली विभिन्न तकनीकी एवं प्रक्रियात्मक कठिनाइयों से शासन सचिव को अवगत कराया। शासन सचिव ने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को इन विषयों के समाधान के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए।
उन्होंने प्रकरणों के गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण के साथ निर्धारित प्रक्रिया, नियमों एवं पर्यावरणीय मानकों का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने समिति के सदस्यों, सदस्य सचिव एवं संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए पर्यावरण स्वीकृति प्रक्रिया को अधिक प्रभावी एवं सुगम बनाने के निर्देश दिए।
बैठक के पश्चात् शासन सचिव, पर्यावरण विभाग श्रीमती शैलजा देवल ने राज्य स्तरीय विशेषज्ञ मूल्यांकन समिति-4, उदयपुर के कार्यालय परिसर में आम का पौधा रोपित किया। इस अवसर पर उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने पर्यावरण संरक्षण एवं हरित क्षेत्र के विस्तार के प्रति प्रतिबद्धता व्यक्त की।
बैठक के अंत में समिति के सदस्य सचिव श्री विनय कट्टा ने शासन सचिव श्रीमती शैलजा देवल सहित सभी उपस्थित सदस्यों एवं अधिकारियों का आभार व्यक्त किया।