जर्जर स्कूल भवन से खतरे में 250 विद्यार्थी, झूंथरी ग्रामीणों ने सौंपा ज्ञापन
झूंथरी स्कूल के जर्जर भवन से 250 विद्यार्थियों की सुरक्षा पर सवाल, ग्रामीणों ने सात दिन में नए भवन के निर्माण का प्रस्ताव मांगा।
खेरवाड़ा, ग्राम पंचायत झूंथरी मुख्यालय स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के जर्जर भवन के नव निर्माण की मांग को लेकर ग्रामवासियों एवं अभिभावकों ने ब्लॉक मुख्य शिक्षा अधिकारी ज्योति प्रकाश पटेल को ज्ञापन सौंपा। ग्रामीणों ने विद्यार्थियों की सुरक्षा को देखते हुए जर्जर भवन के स्थान पर नया भवन निर्माण करवाने की मांग की है।
ज्ञापन में बताया गया कि राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय झूंथरी का क्रमोन्नयन सत्र 2017-18 में राजकीय प्राथमिक विद्यालय झूंथरी से उच्च माध्यमिक विद्यालय में हुआ था। वर्तमान में विद्यालय में करीब 250 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं और कक्षा 1 से 12 तक की कक्षाएं संचालित हो रही हैं। विद्यालय में कक्षों की कमी के साथ उपलब्ध चार कमरे भी जर्जर अवस्था में हैं। भवन का प्लास्टर आए दिन गिरने से विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर अभिभावकों एवं ग्रामवासियों में चिंता बनी हुई है।
ग्रामीणों ने बताया कि विद्यालय भवन एवं कमरों की जर्जर स्थिति से पूर्व में भी प्रशासन, सांसद एवं विधायक को कई बार अवगत करवाया जा चुका है। वर्ष 2018-19 से लगातार भवन की समस्या के निराकरण की मांग की जा रही है, लेकिन अभी तक समस्या का स्थायी समाधान नहीं हो पाया है।
ज्ञापन में बताया गया कि जर्जर भवन को लेकर अभिभावकों एवं ग्रामवासियों की बैठक आयोजित की गई, जिसमें विद्यालय भवन के नव निर्माण की मांग को लेकर निर्णय लिया गया। ग्रामीणों ने ब्लॉक मुख्य शिक्षा अधिकारी ज्योति प्रकाश पटेल से विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए सात दिन के भीतर उचित निर्णय लेने और जर्जर भवन के स्थान पर नए भवन निर्माण का प्रस्ताव तैयार करवाने की मांग की।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि सात दिन में उचित निर्णय नहीं लिया गया तो अभिभावकों एवं ग्रामवासियों द्वारा स्कूल भवन पर तालाबंदी के विरोध में प्रदर्शन किया जाएगा। इसकी समस्त जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। ज्ञापन की प्रतिलिपि जिला कलेक्टर उदयपुर एवं उपखंड अधिकारी खेरवाड़ा को भी प्रेषित की गई है।
जर्जर भवन में पढ़ रहे करीब 250 विद्यार्थियों की सुरक्षा का मुद्दा उठाते हुए ग्रामीणों ने अब सात दिन में समाधान की मांग रखी है। लंबे समय से लंबित भवन समस्या पर प्रशासन के निर्णय पर सभी की नजर रहेगी।