पंचायती राज चुनाव में मतदाता जागरूकता पर जोर, 10 अक्टूबर को प्रत्याशी प्रबोधन कार्यक्रम
पंचायती राज आम चुनाव-2026 से पहले 10 अक्टूबर को पंचायत समिति स्तर पर प्रत्याशी प्रबोधन कार्यक्रम होंगे। राज्य निर्वाचन आयुक्त राजेश्वर सिंह ने नामांकन प्रक्रिया और मतदाता जागरूकता गतिविधियों को लेकर दिए निर्देश।
तस्वीर में राज्य निर्वाचन आयोग के सभागार में आयोजित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के दौरान अधिकारी और संबंधित लोग नजर आ रहे हैं।
राज्य निर्वाचन आयुक्त श्री राजेश्वर सिंह ने आगामी पंचायती राज संस्थाओं के आम चुनाव को देखते हुए पंचायत समिति स्तर पर 10 अक्टूबर को प्रत्याशी प्रबोधन कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। इन कार्यक्रमों में चुनाव लड़ने के इच्छुक व्यक्तियों को नामांकन प्रक्रिया, पात्रता एवं योग्यता, आवश्यक दस्तावेज, नामांकन के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों और किन परिस्थितियों में नामांकन पत्र निरस्त हो सकता है, सहित चुनाव प्रक्रिया से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी दी जाएगी, ताकि अभ्यर्थी पूरी जानकारी के साथ अपना नामांकन प्रस्तुत कर सकें।
राज्य निर्वाचन आयुक्त गुरुवार को राज्य निर्वाचन आयोग के सभागार में आयोजित मतदाता जागरूकता वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की अध्यक्षता कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 के दौरान की गई स्वीप गतिविधियों की जानकारी ली और आगामी पंचायती राज चुनावों के लिए प्रस्तावित मतदाता जागरूकता गतिविधियों की समीक्षा की।
श्री सिंह ने मतदाता साक्षरता क्लब के कैंपस एम्बेडसर छात्र-छात्राओं से संवाद कर उनके द्वारा की गई स्वीप गतिविधियों की जानकारी भी ली। उन्होंने ‘एक शाम लोकतंत्र के नाम’, ‘एक पेड़ लोकतंत्र के नाम’, ‘एक दीप लोकतंत्र के नाम’ और ‘एक खेल लोकतंत्र के नाम’ कार्यक्रम आयोजित करने के निर्देश दिए। इसके साथ ही आदर्श मतदान केंद्र स्थापित कर वहां मतदाता संदेश बोर्ड लगाने, नुक्कड़ नाटक, चुनाव चौपाल, युवा मतदाता संवाद और महिला मतदाता संवाद आयोजित करने पर जोर दिया।
राज्य निर्वाचन आयुक्त ने प्रत्येक पंचायत समिति क्षेत्र में कम से कम एक हरित एवं स्वच्छ बूथ स्थापित करने के निर्देश दिए। उन्होंने मेहंदी प्रतियोगिता, मोटरसाइकिल एवं साइकिल रैली, सतरंगी सप्ताह, मैराथन तथा मतदाता प्रश्नोत्तरी जैसी गतिविधियां आयोजित करने पर भी जोर दिया।
उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत ग्रामीण स्थानीय शासन की महत्वपूर्ण इकाई है। पंचायती राज चुनावों में एक लाख 55 हजार जनप्रतिनिधि चुने जाने हैं। सरपंच एवं अन्य निर्वाचित जनप्रतिनिधि सीधे ग्रामीणों से जुड़े होते हैं और गांव की स्थानीय आवश्यकताओं एवं विकास कार्यों में उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। ऐसे में पंचायती राज चुनावों में मतदाताओं के साथ चुनाव लड़ने के इच्छुक व्यक्तियों को भी चुनाव प्रक्रिया और नियमों की सही एवं पूरी जानकारी होना आवश्यक है।
राज्य निर्वाचन आयुक्त श्री राजेश्वर सिंह ने कहा कि पंचायती राज संस्थाओं के आम चुनाव में अधिक से अधिक मतदाताओं की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए व्यापक स्तर पर मतदाता जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएं। उन्होंने युवा, महिला एवं पहली बार मतदान करने वाले मतदाताओं को विशेष रूप से जागरूक करने के निर्देश दिए।
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के प्रारंभ में श्री राजेश वर्मा, मुख्य निर्वाचन अधिकारी, राज्य निर्वाचन आयोग ने स्वागत उद्बोधन किया। वीसी में सभी मुख्य कार्यकारी अधिकारी, राजकीय महाविद्यालयों के प्राचार्य, महाविद्यालयों के ईएलसी नोडल अधिकारी एवं कैंपस एम्बेडसर जुड़े।