मुंबई। दक्षिण मुंबई की बेहद संकरी और कठिन घर-गलियों में सफाई व्यवस्था को प्रभावी बनाने के लिए बीएमसी प्रशासन ने विशेष पहल शुरू की है। ‘बी’ वार्ड के अंतर्गत आने वाली ऐसी गलियों की नियमित सफाई के लिए बीएमसी ने अनुभवी और इच्छुक संस्थाओं से आवेदन मांगे हैं। इसका उद्देश्य तंग गलियों में जमा होने वाले कचरे की समस्या से स्थानीय नागरिकों को राहत दिलाना है।

दक्षिण मुंबई के ‘बी’ वार्ड में कई पुरानी इमारतें एक-दूसरे से बिल्कुल सटकर बनी हुई हैं। इसके कारण इनके बीच की गलियां बेहद संकरी हैं। इन रास्तों पर कचरा उठाने वाली गाड़ियां या मशीनें नहीं पहुंच पातीं। ऐसे में इन स्थानों की सफाई के लिए हाथ से सफाई करना ही एकमात्र उपाय बचता है।

बीएमसी की नई योजना के तहत इन कठिन और संकरी गलियों की हाथों से सफाई की जाएगी। साथ ही आसपास की इमारतों और चालों से कचरा जमा कर इलाके को स्वच्छ और सुंदर बनाने का काम किया जाएगा। इस पहल के जरिए उन स्थानों पर नियमित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया है, जहां मशीनों और वाहनों की पहुंच संभव नहीं है।

बीएमसी ने स्पष्ट किया है कि इस काम में शामिल होने वाली आवेदक संस्थाओं के पास ‘बी’ वार्ड में सफाई कार्य करने का पूर्व अनुभव होना अनिवार्य है। इच्छुक संस्थाओं को अपने आवेदन 24 सितंबर 2026 तक जमा कराने होंगे। ‘बी’ वार्ड प्रशासन ने योग्य संस्थाओं से इस अभियान में बड़ी संख्या में भाग लेने की अपील की है।

बीएमसी अधिकारियों का मानना है कि इस पहल से पुरानी मुंबई की तंग गलियों में फैली गंदगी दूर होगी और मानसून व बीमारियों के दौरान नागरिकों को साफ-सुथरा माहौल मिलेगा। संकरी गलियों की नियमित हाथ से सफाई की यह व्यवस्था उन इलाकों में स्वच्छता बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण प्रशासनिक कदम होगी, जहां सामान्य सफाई वाहनों और मशीनों की पहुंच नहीं है।

Tags: