राजस्थान में पूर्व सैनिकों और वीर नारियों के लिए सेना का विशेष अभियान, 15 नवंबर तक चार टीमें पहुंचेंगी
राजस्थान में पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके आश्रितों की पेंशन व कल्याणकारी योजनाओं से जुड़ी समस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित किया जाएगा।
गांडीव हार्दिक मिलन 1.0 बैनर के सामने सेना के अधिकारी और जवान कोटा में खड़े दिख रहे हैं।
कोटा। पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके आश्रितों की पेंशन, कल्याणकारी योजनाओं तथा प्रशासनिक समस्याओं के समाधान के लिए भारतीय सेना ने विशेष अभियान शुरू किया है। सेना की गांडीव डिवीजन ने अपनी स्वर्ण जयंती के अवसर पर ‘गांडीव हार्दिक मिलन 1.0’ अभियान के माध्यम से पूर्व सैनिक समुदाय तक सीधे पहुंचने और उनकी समस्याओं के समयबद्ध समाधान की पहल की है।
अभियान का शुभारंभ 1 नवंबर को कोटा, जयपुर, लालगढ़ जाटान और अलवर में एक साथ किया गया। इसके तहत चार विशेष टीमें 1 से 15 नवंबर तक राजस्थान के विभिन्न जिलों और दूरदराज के क्षेत्रों में संपर्क अभियान चलाएंगी। इन टीमों में प्रशिक्षित सैनिक शामिल हैं, जो पूर्व सैनिकों, युद्ध में भाग ले चुके सैनिकों के परिवारों, वीर नारियों और उनके आश्रितों से सीधे संवाद कर उनकी समस्याओं और आवश्यकताओं की जानकारी जुटाएंगे।
अभियान के दौरान टीमें पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों को पेंशन, कल्याणकारी योजनाओं तथा विभिन्न प्रशासनिक मामलों में आवश्यक सहायता और मार्गदर्शन उपलब्ध कराएंगी। इसके साथ ही संबंधित अधिकारियों एवं विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर समस्याओं के समयबद्ध समाधान में सहयोग किया जाएगा।
‘गांडीव हार्दिक मिलन 1.0’ का उद्देश्य केवल पूर्व सैनिकों की समस्याओं का निराकरण करना नहीं है, बल्कि सेना और पूर्व सैनिक समुदाय के बीच संवाद एवं आत्मीय संबंधों को भी मजबूत करना है। इसके माध्यम से उन सैनिकों और उनके परिवारों तक पहुंचने का प्रयास किया जाएगा, जिन्होंने राष्ट्र सेवा में अपना अमूल्य योगदान दिया है।
गांडीव डिवीजन ने इस अभियान को प्रतिवर्ष आयोजित करने की परिकल्पना की है। इसके तहत पूर्व सैनिकों, वीर नारियों और उनके आश्रितों से निरंतर संपर्क बनाए रखते हुए उनके कल्याण, सम्मान और बेहतर जीवन के लिए प्रभावी सहयोग सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है।