चित्तौड़गढ़ में दिनदहाड़े चोरी की 4 वारदातों का खुलासा, भूपालसागर पुलिस ने आरोपी को पकड़ा
चित्तौड़गढ़ के भूपालसागर में पुलिस और जिला विशेष टीम ने दिनदहाड़े चोरी की चार वारदातों का खुलासा किया। 27 वर्षीय आरोपी ने जाशमा, सिंहपुर और पुरोहितों का सांवता में चोरी करना स्वीकार किया।
चित्तौड़गढ़ जिले में भूपालसागर थाना पुलिस और जिला विशेष टीम (चोरी निरोधक टीम) ने दिनदहाड़े चोरी की चार वारदातों का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान छगनलाल पुत्र उदयराम, उम्र 27 वर्ष, जाति तेली, निवासी कांकरवा, थाना भूपालसागर, जिला चित्तौड़गढ़ (राजस्थान) के रूप में हुई है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने पूछताछ में जाशमा, पुरोहितों का सांवता और सिंहपुर में सुनसान मकानों को निशाना बनाकर चोरी करने की चार वारदातें स्वीकार की हैं।
यह कार्रवाई पुलिस महानिरीक्षक पुलिस रेंज उदयपुर गौरव श्रीवास्तव और जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह यादव द्वारा डकैती, लूट, चोरी एवं नकबजनी की घटनाओं में शामिल आरोपियों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत की गई। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गजेन्द्र सिंह जोधा और वृत्ताधिकारी कपासन हरीश भारती के निर्देशन में पुलिस निरीक्षक एवं भूपालसागर थानाधिकारी रणजीत सिंह की टीम और जिला विशेष टीम ने कार्रवाई की।
जिला पुलिस अधीक्षक के अनुसार, 1 अक्टूबर 2026 को परिवादी अपने परिवार के साथ दोपहर करीब 3:30 बजे घर से नोहरें में गया था। वहां उसकी गाय ने बछड़े को जन्म दिया था। परिवार शाम करीब 6:30 बजे घर लौटा। इसके बाद परिवादी अपनी बहन को घर पर छोड़कर चला गया। रात करीब 8 बजे वापस आने पर उसे कमरे में रखी लकड़ी की अलमारी खुली मिली और उसमें रखा सामान गायब था।
अलमारी से रामनामी, मांदलिया, कान के टॉप्स, एक नथ, एक छोटा मांदलिया, करीब पांच तोला वजन के सोने के दो मोती, एक किलो चांदी का कंदौरा, दो आंवलिया, चांदी की अंगूठियां और बिछिया चोरी हो गई थीं। इसके अलावा एक लाख रुपये नकद और खुले रुपये भी गायब मिले। अज्ञात व्यक्ति ने दिन के समय घर में घुसकर चोरी की थी। परिवादी ने चोरी हुए सामान और रुपये बरामद कराने तथा कानूनी कार्रवाई करने के लिए पुलिस को रिपोर्ट दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए रणजीत सिंह, पुलिस निरीक्षक एवं थानाधिकारी भूपालसागर के नेतृत्व में थाना पुलिस और जिला विशेष टीम गठित की गई। टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण किया तथा आसपास के क्षेत्रों और मुख्य मार्गों पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज से संदिग्ध के दृश्य प्राप्त किए गए। इसके बाद मुखबिरों की सहायता, तकनीकी जानकारी और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच करते हुए आरोपी की पहचान की गई।
पुलिस ने प्रकरण संख्या 104/2026 में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 331(3) एवं 305(ए) के तहत कार्रवाई करते हुए छगनलाल को हिरासत में लेकर पूछताछ की। पूछताछ में उसने 1 अक्टूबर 2026 को जाशमा कस्बे के एक सुनसान मकान में घुसकर जेवरात और रुपये चोरी करना स्वीकार किया। अपराध प्रमाणित पाए जाने पर उसे गिरफ्तारी के कारणों और संवैधानिक अधिकारों की जानकारी देकर उपकारागृह कपासन से गिरफ्तार किया गया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी ने पूछताछ में दिनदहाड़े चोरी की कुल चार वारदातें करना स्वीकार किया। पहली वारदात करीब तीन महीने पहले जुलाई में पुरोहितों का सांवता में की गई थी। आरोपी के कथनानुसार, वह दिन के समय वहां पहुंचा और एक सुनसान मकान के गेट पर ताला लगा देखा। इसके बाद वह मकान के पीछे से अंदर घुसा और कमरे का रोशनदान तोड़कर भीतर पहुंचा। उसने लकड़ी की अलमारी का ताला तोड़कर उसमें रखे सोने के टड़े, कान की झुमकी और झेला, कान के दो टॉप्स, मांदलिया, चांदी की दो पायजेब, हाथ के दो कड़े और नकद रुपये चोरी कर लिए।
दूसरी वारदात भी करीब तीन महीने पहले जुलाई में सिंहपुर में हुई। आरोपी के अनुसार, वह दिन के समय वहां एक सुनसान मकान पर पहुंचा, जिसके मुख्य गेट पर ताला लगा था। वह पास के खाली प्लॉट की ओर से चढ़कर छत पर पहुंचा और छत के झंगले से नीचे कूदकर मकान में घुस गया। इसके बाद कमरों के ताले तोड़कर सोने का टड़ा, मांदलिया, नथ, चांदी के हाथ के कड़े, आंवलिया और नकद रुपये चोरी कर ले गया।
तीसरी वारदात वर्ष 2025 में सिंहपुर में की गई। पुलिस के अनुसार, आरोपी दिन के समय चोरी के उद्देश्य से वहां गया और एक सुनसान मकान तलाशा। मकान के बाहर ताला लगा था। वह बगल से चढ़कर मकान में घुसा और कमरे की अलमारी में रखे सोने के टॉप्स, गले का हार, माथे का टीका एवं रखड़ी, चांदी का कंदोरा, चांदी की पायजेब और नकद रुपये चोरी कर ले गया।
चौथी वारदात 1 अक्टूबर 2026 को जाशमा में हुई। आरोपी ने एक सुनसान मकान चुना, जिसके बाहर ताला लगा था। वह मकान के पीछे स्थित पुराने स्कूल के भवन से ऊपर चढ़कर छत पर पहुंचा और मकान में घुस गया। इसके बाद कमरे की अलमारी में रखे सोने के टॉप्स, एक रामनामी, एक मांदलिया, सोने की एक नथ, एक छोटा सोने का मांदलिया, सोने के दो मोती, चांदी का कंदोरा, दो आंवलिया, चांदी की अंगूठियां एवं बिछिया तथा नकद रुपये चोरी कर लिए।
इस कार्रवाई में भूपालसागर थानाधिकारी एवं पुलिस निरीक्षक रणजीत सिंह, सहायक उपनिरीक्षक तेजमल, कांस्टेबल अनिल, राजमल, बद्रीलाल, रोशनलाल, राधेश्याम और हरदयाल शामिल रहे। जिला विशेष टीम (चोरी निरोधक टीम) की ओर से प्रभारी रामावतार के साथ दुर्गेश, पुरखाराम, हेमराज, मुकेश, साहिल, राकेश और पदम ने कार्रवाई में भाग लिया।
पुलिस के अनुसार, आरोपी से पूछताछ के दौरान सामने आई चारों वारदातें सुनसान मकानों को निशाना बनाकर दिन के समय अंजाम दी गई थीं। सीसीटीवी फुटेज, तकनीकी जानकारी और मुखबिरों की सहायता से आरोपी की पहचान कर गिरफ्तारी की गई। मामले में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत कार्रवाई की गई है।