खेरोदा में अनंत चतुर्दशी पर गणपति प्रतिमाओं का विसर्जन, जयकारों से गूंजा कस्बा
खेरोदा में अनंत चतुर्दशी पर दस दिवसीय गणेशोत्सव का समापन हुआ। हवन-यज्ञ, महाआरती और भोग के बाद डीजे व ढोल-नगाड़ों के साथ गणपति विसर्जन यात्रा निकली और जयकारों के बीच प्रतिमाओं को विदाई दी गई।
तस्वीर में खेरोदा में अनंत चतुर्दशी के अवसर पर गणेश प्रतिमा के साथ नजर आ रहे स्थानीय श्रद्धालु और ग्रामीण।
खेरोदा में अनंत चतुर्दशी के अवसर पर दस दिवसीय गणेशोत्सव का श्रद्धा और उल्लास के साथ समापन हुआ। विभिन्न गणेश पंडालों और घरों में स्थापित गणपति प्रतिमाओं का विधिवत विसर्जन किया गया। विसर्जन से पहले सुबह शुभ मुहूर्त में पंडितों के सानिध्य में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ हवन-यज्ञ संपन्न हुआ। श्रद्धालुओं ने आहुतियां देकर क्षेत्र में सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की तथा हवन की पूर्णाहुति की।
इसके बाद भगवान गणेश की महाआरती कर उन्हें मोदक और लड्डू का भोग लगाया गया। पूजा-अर्चना और हवन के बाद डीजे साउंड तथा ढोल-नगाड़ों की थाप के बीच गणपति विसर्जन यात्रा निकाली गई। जुलूस कस्बे के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए।
डीजे पर बज रहे भक्तिमय भजनों के बीच युवा और महिलाएं थिरकते नजर आए। इस दौरान पूरा कस्बा ‘गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ’ के जयकारों और गुलाल के रंगों से सराबोर रहा।
शोभायात्रा के बाद श्रद्धालु निर्धारित जलाशयों पर पहुंचे, जहां उन्होंने नम आंखों से विघ्नहर्ता भगवान श्रीगणेश की प्रतिमाओं का विसर्जन कर भावभीनी विदाई दी। अनंत चतुर्दशी पर हुए इस विसर्जन के साथ खेरोदा में दस दिवसीय गणेशोत्सव का समापन हुआ।