तस्वीर में फ्लाईदुबई के भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार और इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू दिखाई दे रहे हैं।

फ्लाइट FZ1073 कॉकपिट हाथापाई, कैप्टन स्मित मच्छार बहादुरी, इजराइल प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू प्रशंसा, फ्लाईदुबई विमान क्रैश टला, मुंबई घाटकोपर पायलट स्मित मच्छार, गुरुग्राम पायलट ट्रेनिंग FSTC, बोइंग 737 मैक्स घटना, तबुक सुरक्षित लैंडिंग फ्लाइट, दुबई से तेल अवीव उड़ान हादसा, 170 यात्रियों की जान बचाई पायलट

फ्लाईदुबई के भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार ने कॉकपिट में को-पायलट के हमले के बावजूद अपनी सूझबूझ और असाधारण बहादुरी से 174 यात्रियों की जान बचा ली. यह घटना दुबई से तेल अवीव जाने वाली फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 के दौरान घटी, जब सह-पायलट ने कथित तौर पर विमान को क्रैश करने की कोशिश करते हुए उन पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया. हमले में घायल होने के बावजूद मुंबई के घाटकोपर निवासी 35 वर्षीय कैप्टन स्मित मच्छार ने हार नहीं मानी और विमान पर दोबारा नियंत्रण हासिल कर लिया. ट्रैकिंग साइट Flightradar24 के आंकड़ों के अनुसार, हमले के वक्त बोइंग 737 मैक्स विमान केवल 29 सेकंड के भीतर 30,875 फीट की ऊंचाई से गिरकर 16,750 फीट पर पहुंच गया था और गिरने के बेहद करीब था. कैप्टन मच्छार ने इस बेहद नाजुक और खतरनाक स्थिति में लगभग 14,000 फीट की ऊंचाई पर विमान को संभाल लिया और एक बड़ी आपदा टाल दी. इसके बाद क्रू मेंबर्स ने कॉकपिट का दरवाजा खोलकर हमलावर को-पायलट पर काबू पाया. विमान में यात्रा कर रहे दो अन्य पायलटों ने फ्लाइट डेक की कमान संभाली और विमान को सुरक्षित सऊदी अरब के तबुक शहर तक पहुंचाया. इस असाधारण साहस और कर्तव्यनिष्ठा के लिए इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने वीडियो संदेश जारी कर कैप्टन स्मित मच्छार की खुलकर प्रशंसा की और उन्हें दुनिया का हीरो बताया. इस फ्लाइट में 166 इजराइली नागरिक समेत कुल 174 यात्री सवार थे. न्यूजीलैंड से कमर्शियल पायलट लाइसेंस लेने वाले और गुरुग्राम के मानेसर स्थित FSTC से टाइप रेटिंग पूरी करने वाले कैप्टन स्मित मच्छार ने इससे पहले लगभग एक दशक तक स्पाइसजेट में सेवाएं दी हैं. उनके इस अदम्य साहस ने उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक सच्चा नायक बना दिया है.

दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 में कॉकपिट के भीतर को-पायलट द्वारा किए गए जानलेवा हमले और विमान को क्रैश करने की कोशिश के बीच मुंबई के घाटकोपर निवासी कैप्टन स्मित मच्छार ने अपनी सूझबूझ से 174 यात्रियों की जान बचाई। घायल होने के बावजूद उन्होंने विमान को खतरनाक तरीके से गिरने से रोका, जिसके बाद इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने उनकी असाधारण बहादुरी की सराहना की।