मुंबई में मानसून का कहर: जुलाई में मलेरिया-डेंगू के मामलों में बड़ा उछाल, बीएमसी ने जारी की स्वास्थ्य एडवाइजरी

मुंबई में लगातार बारिश के बीच जुलाई 2026 में मलेरिया, डेंगू, गैस्ट्रो, लेप्टोस्पायरोसिस और H1N1 के मामलों में तेज बढ़ोतरी दर्ज हुई है। बीएमसी ने शहरभर में विशेष अभियान चलाते हुए स्वास्थ्य एडवाइजरी जारी की है और नागरिकों से सतर्क रहने की अपील की है।

Update: 2026-08-04 06:08 GMT

मुंबई। मुंबई में लगातार हो रही बारिश के बीच मानसून जनित बीमारियों का प्रकोप तेजी से बढ़ने लगा है। बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) के सार्वजनिक स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी ताजा मासिक आंकड़ों के अनुसार, जून 2026 की तुलना में जुलाई 2026 में मलेरिया, डेंगू, गैस्ट्रो, लेप्टोस्पायरोसिस और H1N1 के मामलों में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जिससे नागरिकों और प्रशासन की चिंता बढ़ गई है।

बीएमसी की रिपोर्ट के मुताबिक, जून 2026 में मलेरिया के 655 मामले दर्ज हुए थे, जो जुलाई 2026 में बढ़कर 1,380 तक पहुंच गए। इसी अवधि में डेंगू के मरीजों की संख्या 266 से बढ़कर 466 हो गई। इसके अलावा, पेट के संक्रमण (गैस्ट्रो) के 851 और स्वाइन फ्लू (H1N1) के 105 नए मामले सामने आए हैं।

बीमारियों के बढ़ते प्रकोप पर नियंत्रण पाने के लिए बीएमसी के स्वास्थ्य विभाग ने शहरभर में 'शून्य मच्छर प्रजनन अभियान' शुरू किया है। इस विशेष अभियान के तहत 1 से 31 जुलाई के बीच स्वास्थ्य कर्मियों ने लगभग 6.59 लाख घरों का दौरा कर 23 लाख से अधिक लोगों का स्वास्थ्य सर्वेक्षण किया। मच्छरों की उत्पत्ति रोकने के उद्देश्य से 54,000 से अधिक कुओं और पानी की टंकियों के साथ-साथ लगभग 10.91 लाख अन्य संदिग्ध स्थानों की जांच की गई। जांच के दौरान हजारों स्थानों पर डेंगू और मलेरिया फैलाने वाले मच्छरों के लार्वा पाए गए, जिन्हें तत्काल नष्ट कर दिया गया।

बीएमसी ने अभियान के तहत शहरभर में 5.95 लाख से अधिक झोपड़ियों तथा 42,000 से अधिक इमारत परिसरों में धुआं छिड़काव भी कराया है। स्वास्थ्य विभाग ने भायखला, अंधेरी, परेल, धारावी और कुरला सहित शहर के कुछ संवेदनशील इलाकों में विशेष सतर्कता बरतने की सलाह दी है।

स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि वे अपने घरों और आसपास कहीं भी पानी जमा न होने दें, क्योंकि ठहरे हुए पानी में ही मच्छर अंडे देते हैं। साथ ही बारिश के पानी में पैदल चलने से बचने, उबला हुआ पानी पीने, ताजा भोजन करने और बुखार आने पर बिना डॉक्टर की सलाह के स्वयं दवा नहीं लेने की हिदायत दी गई है।

बीएमसी ने स्पष्ट किया है कि यदि किसी व्यक्ति को बुखार या अन्य लक्षण महसूस हों तो वह तुरंत नजदीकी 'हिंदुहृदयसम्राट बालासाहेब ठाकरे हिंदू हमारा दवाखाना' या पालिका अस्पताल पहुंचकर समय पर उपचार कराए, ताकि बीमारी को गंभीर होने से रोका जा सके।

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