जयपुर जनसभा: सीएम भजनलाल और अश्विनी वैष्णव का कांग्रेस पर हमला
रामलीला मैदान में आयोजित जनसभा और पदयात्रा के दौरान भाजपा नेताओं ने कांग्रेस के इतिहास और संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाने को लेकर निशाना साधा।
तस्वीर में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा जयपुर में आयोजित जनसभा को संबोधित करते हुए नजर आ रहे हैं।
जयपुर में गुरुवार को भाजपा के ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’ अभियान के तहत आयोजित जनसभा में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और केंद्रीय रेल, सूचना एवं प्रसारण तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कांग्रेस पर तीखे राजनीतिक हमले किए। रामलीला मैदान में आयोजित जनसभा को संबोधित करने के बाद दोनों नेता त्रिपोलिया गेट तक निकाली गई पदयात्रा में शामिल हुए और आमजन से लोकतंत्र की रक्षा करने की अपील की। इस दौरान कांग्रेस के आपातकालीन इतिहास, संवैधानिक संस्थाओं पर सवाल उठाने, ईवीएम और मतदाता सूची को लेकर उठाए जा रहे मुद्दों तथा विपक्ष की राजनीतिक भूमिका पर निशाना साधा गया।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कांग्रेस को लोकतंत्र की बात करने से पहले अपने इतिहास और कार्यकाल का जवाब देने की चुनौती दी। उन्होंने कहा कि वर्ष 1975 में देश पर आपातकाल थोपकर कांग्रेस ने लोकतंत्र का गला घोंटने का काम किया था। उस दौरान लोकतंत्र सेनानियों को महीनों तक जेलों में रहना पड़ा और उनके परिवारों को भी भारी पीड़ा एवं यातनाएं झेलनी पड़ीं। मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने संविधान के अनुच्छेद 356 का दुरुपयोग कर अनेक स्थानों पर निर्वाचित सरकारों को बर्खास्त किया था।
मुख्यमंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के लोकतांत्रिक आचरण का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने अपनी सरकार एक वोट से गिरने के बावजूद संसद में लोकतंत्र के प्रति प्रतिबद्धता व्यक्त की और राष्ट्रपति को इस्तीफा सौंप दिया। उन्होंने कहा कि भाजपा ने विपक्ष में रहते हुए भी लोकतांत्रिक संस्थाओं और संवैधानिक व्यवस्थाओं का सम्मान किया, जबकि कांग्रेस सेना, निर्वाचन आयोग, सर्वोच्च न्यायालय, ईडी और सीबीआई जैसी संस्थाओं पर लगातार सवाल उठाकर उनकी विश्वसनीयता को निशाना बना रही है।
भाजपा के संगठनात्मक कार्यों का उल्लेख करते हुए शर्मा ने कहा कि पार्टी का कार्यकर्ता वर्ष के 365 दिन, महीने के 30 दिन और दिन के 24 घंटे जनता के बीच रहकर सेवा करता है। भाजपा का उद्देश्य लोकतंत्र को मजबूत करना और आमजन की संवेदनाओं के अनुरूप कार्य करना है। इसके विपरीत कांग्रेस के नेता संसद में हंगामा करने के बाद विदेश चले जाते हैं और जनता से जुड़े वास्तविक मुद्दों पर चर्चा करने से बचते हैं। उन्होंने कांग्रेस को संसद में तथ्यों और तर्कों के साथ चर्चा करने की चुनौती देते हुए कहा कि झूठे आरोपों से राजनीति नहीं होती, बल्कि जनता का विश्वास जीतना पड़ता है।
राज्य सरकार के दो वर्ष के कार्यकाल की तुलना कांग्रेस के पांच वर्ष के शासन से करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा सरकार ने विधानसभा में दो साल बनाम पांच साल के आधार पर कांग्रेस को खुली बहस का प्रस्ताव दिया था। राज्य सरकार ने पहले और दूसरे वर्ष की उपलब्धियों का रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने रखा है। अब तीसरे वर्ष में भी सरकार अपने कार्यों और उपलब्धियों का पूरा हिसाब जनता को देगी। उन्होंने कहा कि जनता ने भाजपा को जिस विश्वास और जनादेश के साथ प्रदेश की सेवा का अवसर दिया है, सरकार उसी भावना के अनुरूप जवाबदेही के साथ काम कर रही है।
मुख्यमंत्री ने प्रदेश के वरिष्ठ कांग्रेस नेता पर निशाना साधते हुए कहा कि उन्हें दूसरों पर आरोप लगाने से पहले अपने कार्यकाल से जुड़े मामलों का जवाब देना चाहिए। उनके कार्यकाल में नियुक्त आरपीएससी सदस्य जेल गए, जल जीवन मिशन में घोटाला हुआ, उनके मंत्री की गिरफ्तारी हुई और इस प्रकरण में अधिकारी भी जेल गए। शर्मा ने गत सरकार के दौरान पीएसओ और ओएसडी से जुड़े विवादों तथा तत्कालीन डीजीपी क्राइम एवं एसीबी के सार्वजनिक बयानों का उल्लेख करते हुए कहा कि वरिष्ठ कांग्रेस नेता को पहले इन सभी सवालों के जवाब देने चाहिए।
कांग्रेस की राजनीति पर हमला करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि उसकी राजनीति परिवारवाद, जातिवाद, धर्मवाद, तुष्टीकरण और भ्रष्टाचार के इर्द-गिर्द घूमती है। चुनाव के समय आरक्षण समाप्त करने जैसे मुद्दों को लेकर जनता में भ्रम फैलाया गया। नागरिकता संशोधन अधिनियम को लेकर भी लंबे समय तक विरोध और धरने किए गए। उन्होंने कहा कि भाजपा की राजनीति का आधार सेवा, सुशासन और राष्ट्रहित है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में सरकार का प्रत्येक निर्णय गरीब, किसान, युवा, महिला और वंचित वर्ग के कल्याण को समर्पित है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए शर्मा ने कहा कि पिछले 12 वर्षों में भारत ने गरीब कल्याण, विकास, राष्ट्रीय सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय प्रतिष्ठा के क्षेत्र में महत्वपूर्ण उपलब्धियां हासिल की हैं। विश्व बैंक की रिपोर्ट का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री के नेतृत्व में लगभग 50 करोड़ लोग गरीबी रेखा से ऊपर आए हैं। उन्होंने कहा कि एक समय भारत को गरीबी से जूझने वाले देश के रूप में देखा जाता था, लेकिन आज देश दुनिया के अन्य देशों के साथ आत्मविश्वास से खड़ा है। सीमाओं की सुरक्षा से लेकर विकास और वैश्विक मंच पर भारत की प्रतिष्ठा तक हर क्षेत्र में बदलाव दिखाई दे रहा है। विश्व के अनेक देश आज भारत के साथ सहयोग और साझेदारी के लिए आगे आ रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा केवल भाषणों से नहीं, बल्कि संवैधानिक संस्थाओं के सम्मान, जनसेवा, जवाबदेही और लोकतांत्रिक मर्यादाओं के पालन से होती है। भाजपा सरकार जनता के विश्वास को सर्वोपरि मानते हुए विकास और सुशासन के संकल्प के साथ लगातार काम कर रही है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से कांग्रेस की अराजकता का डटकर जवाब देने का आह्वान किया। साथ ही अग्निवीरों के संबंध में महत्वपूर्ण निर्णय लेने के लिए प्रधानमंत्री का आभार व्यक्त किया और प्रदेश की आठ करोड़ जनता को धनतेरस, छोटी दीपावली, दीपावली, गोवर्धन पूजा तथा भाई दूज की शुभकामनाएं दीं।
केंद्रीय रेल, सूचना एवं प्रसारण तथा इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव ने एसआईआर को लेकर कांग्रेस पर भ्रम और दुष्प्रचार फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि एसआईआर कोई नई प्रक्रिया नहीं है। वर्ष 1947 के बाद कांग्रेस सहित विभिन्न सरकारों के कार्यकाल में कई बार यह प्रक्रिया अपनाई गई है। इसका उद्देश्य मतदाता सूची को शुद्ध और प्रमाणिक बनाना है। दिवंगत व्यक्तियों के नाम हटाना, स्थान परिवर्तन करने वाले मतदाताओं के नाम संशोधित करना और एक से अधिक स्थानों पर दर्ज नामों को दुरुस्त करना इस प्रक्रिया का आवश्यक हिस्सा है।
वैष्णव ने कहा कि मतदाता सूची लोकतंत्र का मूल आधार है और निर्वाचन आयोग की जिम्मेदारी इसे त्रुटिरहित बनाना है। कांग्रेस इस संवैधानिक प्रक्रिया का विरोध इसलिए कर रही है, क्योंकि वह जनता का विश्वास खो चुकी है और लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल उठाकर अपनी राजनीतिक प्रासंगिकता बनाए रखना चाहती है। उन्होंने कहा कि भाजपा का मूल मंत्र राष्ट्र प्रथम है और पार्टी का प्रत्येक कार्यकर्ता राष्ट्रहित के लिए सर्वस्व समर्पित करने का संकल्प रखता है।
ईवीएम के मुद्दे पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इसके आने के बाद चुनावी व्यवस्था में महत्वपूर्ण सुधार हुए और चुनाव प्रक्रिया अधिक पारदर्शी बनी। उन्होंने कहा कि भाजपा ने विपक्ष में रहते हुए भी संवैधानिक संस्थाओं की विश्वसनीयता पर सवाल नहीं उठाए। आज कांग्रेस जिस ईवीएम पर सवाल खड़े करती है, उसी ईवीएम से केरल में चुनाव जीतने पर उसे कोई आपत्ति नहीं होती। वैष्णव ने कांग्रेस को संसद में खुली बहस की चुनौती देते हुए कहा कि संसद लोकतंत्र का सर्वोच्च मंच है, जहां किसी भी विषय पर तथ्यों और तर्कों के साथ चर्चा की जा सकती है। राजनीति सोशल मीडिया पर आरोप-प्रत्यारोप से नहीं, बल्कि जनता का विश्वास जीतने से चलती है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की स्थिति पर केंद्रीय मंत्री ने कहा कि भारत वैश्विक स्तर पर सशक्त और आत्मनिर्भर राष्ट्र के रूप में स्थापित हो रहा है। देश अब आतंकवाद के विरुद्ध निर्णायक कार्रवाई करने में सक्षम है और नक्सलवाद को जड़ से समाप्त करने की दिशा में निर्णायक सफलता मिली है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में नशे के विरुद्ध भी निर्णायक अभियान चलाकर युवाओं के भविष्य को सुरक्षित किया जाएगा। प्रधानमंत्री का लक्ष्य देशवासियों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाना और भारत को विकसित, सुदृढ़, सशक्त एवं समृद्ध राष्ट्र बनाना है। उन्होंने कांग्रेस और विपक्षी दलों से अराजकता फैलाने के बजाय लोकतंत्र एवं संविधान की भावना का सम्मान करने और संसद में बहस के लिए आगे आने की अपील की। साथ ही भाजपा कार्यकर्ताओं से शांतिपूर्ण तरीके से जनता के बीच जाकर सरकार की सकारात्मक सोच और राष्ट्र निर्माण के संकल्प को पहुंचाने तथा विपक्ष के दुष्प्रचार का तथ्यों के साथ जवाब देने का आह्वान किया।
प्रदेश प्रभारी संजय भाटिया ने एसआईआर को लेकर कांग्रेस और इंडी गठबंधन पर भ्रम एवं दुष्प्रचार फैलाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि एसआईआर के माध्यम से मतदाता सूची को अधिक प्रमाणिक और त्रुटिरहित बनाया जा रहा है। घुसपैठियों के नाम हटाने, दिवंगत व्यक्तियों के नाम मतदाता सूची से विलोपित करने तथा एक से अधिक स्थानों पर दर्ज दोहरे मतदाताओं की पहचान कर उनका नाम एक ही स्थान पर रखने से कांग्रेस और विपक्षी दलों को क्या आपत्ति है? उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष झूठे आरोप लगाकर युवाओं, किसानों और आमजन को गुमराह करने तथा देश में अराजकता फैलाने का प्रयास कर रहा है।
भाटिया ने कहा कि कांग्रेस का ईवीएम पर सवाल उठाना और बैलेट पेपर से चुनाव कराने की मांग करना उसकी दोहरी मानसिकता को उजागर करता है। जिन राज्यों में कांग्रेस और इंडी गठबंधन की सरकारें हैं, वहां भी उन्हीं चुनावी व्यवस्थाओं और निर्वाचन आयोग के माध्यम से सरकारें बनी हैं, लेकिन चुनाव हारने पर यही दल लोकतांत्रिक संस्थाओं पर सवाल उठाने लगते हैं।
उन्होंने कहा कि देश में जब भी कोई सकारात्मक सुधार हुआ है, कांग्रेस और उसके सहयोगी दलों ने उसका विरोध किया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने आत्मनिर्भरता की दिशा में अभूतपूर्व प्रगति की है। पहले हथियारों के लिए दूसरे देशों पर निर्भर रहने वाला भारत आज स्वदेश में रक्षा उपकरणों का निर्माण कर अनेक देशों को निर्यात कर रहा है। इसी तरह कोविड महामारी के दौरान भारत ने अपनी क्षमता और वैज्ञानिक सामर्थ्य का परिचय देते हुए दो स्वदेशी वैक्सीन विकसित कीं। भाटिया ने भाजपा कार्यकर्ताओं से कांग्रेस और इंडी गठबंधन के झूठ, अफवाह एवं दुष्प्रचार का तथ्यों के साथ जवाब देने तथा राष्ट्र की सुरक्षा, युवाओं के भविष्य और लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति जनता को जागरूक करने का आह्वान किया।
प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा कि लोकतंत्र की रक्षा और समाज को जागरूक करने के उद्देश्य से भाजपा पदयात्रा के माध्यम से जन-जागरण अभियान चला रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस और अन्य विपक्षी दल सत्ता प्राप्ति की लालसा में लोकतांत्रिक मर्यादाओं को भूलकर देश में अराजकता का वातावरण बनाने का प्रयास कर रहे हैं। विपक्षी दल अफवाहों और भ्रामक प्रचार के माध्यम से जनता को गुमराह करना चाहते हैं, लेकिन देश की जागरूक जनता उनके मंसूबों को सफल नहीं होने देगी।
राठौड़ ने कहा कि कांग्रेस नेतृत्व भगवान श्रीराम के प्रति अपमानजनक टिप्पणी करने वालों, देश के विभाजन की बात करने वालों और राष्ट्रगीत का अपमान करने वालों के साथ खड़ा दिखाई देता है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की सफलता के लिए जरूरी है कि सत्ता पक्ष के साथ-साथ विपक्ष भी राष्ट्रभक्ति, राष्ट्रीय एकता और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति प्रतिबद्ध रहे। उन्होंने राजस्थान की जनता से पंचायत सहित प्रत्येक चुनाव में राष्ट्रविरोधी मानसिकता रखने वालों को हतोत्साहित करने और ऐसे लोगों को लोकतांत्रिक व्यवस्था में अवसर नहीं देने का आह्वान किया। उनके अनुसार पदयात्रा का उद्देश्य जन-जन तक राष्ट्रभक्ति, लोकतंत्र की रक्षा और राष्ट्रीय एकता का संदेश पहुंचाना है, जिसमें नागरिकों और पार्टी कार्यकर्ताओं की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है।
रामलीला मैदान में आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव की उपस्थिति में उपमुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचंद बैरवा, युवा एवं खेल विभाग मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौड़, संगठन महामंत्री अजेय कुमार, जयपुर सांसद मंजू शर्मा, जयपुर ग्रामीण सांसद राव राजेंद्र सिंह, राज्य वित्त आयोग के अध्यक्ष डॉ. अरुण चतुर्वेदी, पूर्व अध्यक्ष अशोक परनामी, विधायक कालीचरण सराफ और नगर निगम महापौर सुनील कोठारी सहित अन्य विधायक, उपाध्यक्ष, पार्टी के महामंत्री, जिला अध्यक्ष एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे। जनसभा के बाद त्रिपोलिया गेट तक निकाली गई पदयात्रा के माध्यम से भाजपा नेताओं ने लोकतंत्र की रक्षा, राष्ट्रीय एकता और संवैधानिक संस्थाओं के सम्मान का संदेश आमजन तक पहुंचाने की अपील की।