डीजीपी राजीव कुमार शर्मा ने किया जैसलमेर-बालोतरा का दौरा, व्यवस्थाएं जांची
तनोट माता दर्शन के बाद पुलिस लाइन और सिणधरी थाने का निरीक्षण कर अधिकारियों को साइबर अपराध व नशा तस्करी पर प्रभावी रोक के निर्देश दिए।
तस्वीर में डीजीपी राजीव कुमार शर्मा पुलिस अधिकारियों के साथ परिसर का निरीक्षण करते हुए चल रहे हैं।
पश्चिमी राजस्थान के तीन दिवसीय दौरे के तहत पुलिस महानिदेशक राजीव कुमार शर्मा ने गुरुवार, 17 सितंबर को तनोट माता मंदिर में दर्शन एवं आरती में शामिल होने के बाद जैसलमेर पुलिस लाइन और बालोतरा जिले के सिणधरी थाने का निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिसकर्मियों के लिए उपलब्ध सुविधाओं, महिला बैरक और पुलिस लाइन में संचालित महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। सिणधरी थाने में कानून-व्यवस्था और अपराध की स्थिति की समीक्षा करते हुए आमजन के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर नशे और साइबर अपराध की रोकथाम में जनसहयोग लेने के निर्देश दिए।
डीजीपी श्री शर्मा ने सुबह तनोट माता मंदिर में दर्शन किए और आरती में शामिल होकर प्रदेश में सर्वतोमुखी समृद्धि और खुशहाली की कामना की। इसके बाद वे जैसलमेर जिला मुख्यालय स्थित ऑफिसर्स मैस पहुंचे, जहां उन्हें गार्ड की ओर से गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया।
जैसलमेर पुलिस लाइन में डीजीपी ने पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए स्थापित जिम और कैंटीन का निरीक्षण किया। उन्होंने पुलिसकर्मियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी ली और व्यवस्थाओं को बेहतर बनाए रखने के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उन्होंने पुलिस लाइन में नवनिर्मित महिला बैरक का भी निरीक्षण किया। बैरक में उपलब्ध व्यवस्थाओं का जायजा लेते हुए डीजीपी ने महिला पुलिसकर्मियों के लिए बेहतर एवं सुविधाजनक वातावरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इसके बाद डीजीपी श्री शर्मा पुलिस लाइन में संचालित महात्मा गांधी राजकीय विद्यालय पहुंचे। उन्होंने शिक्षकों और विद्यार्थियों से संवाद कर विद्यालय में पढ़ाई तथा शिक्षा व्यवस्था की जानकारी ली। वे कक्षा-कक्षों में भी पहुंचे और विद्यार्थियों से उनके पाठ्यक्रम सहित पढ़ाई से जुड़े विषयों पर बातचीत की। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों को टॉफियां वितरित कीं।
जैसलमेर के बाद डीजीपी श्री शर्मा बालोतरा जिले के सिणधरी पुलिस थाने पहुंचे, जहां उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। थाने का निरीक्षण करने के बाद उन्होंने पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की और क्षेत्र की कानून-व्यवस्था तथा अपराध की स्थिति की जानकारी ली।
डीजीपी ने पुलिसकर्मियों से कहा कि आमजन के साथ निरंतर समन्वय और संवाद बनाए रखते हुए पुलिसिंग को और प्रभावी बनाया जाए। उन्होंने नशे की रोकथाम तथा साइबर अपराधों से बचाव के लिए आमजन का सहयोग लेने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि स्थानीय स्तर पर लोगों को जागरूक कर पुलिस के साथ सूचनाओं का आदान-प्रदान मजबूत किया जाए।
इससे पूर्व बुधवार रात डीजीपी श्री राजीव कुमार शर्मा बबलियान बॉर्डर आउट पोस्ट पहुंचे थे। यहां उन्होंने बीएसएफ अधिकारियों एवं जवानों से रूबरू होकर सीमा संवाद किया और विषम परिस्थितियों में ड्यूटी कर रहे सीमा प्रहरियों का हौसला बढ़ाया।
डीजीपी ने भारत-पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय सीमा का भ्रमण कर सीमा सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। सीमा पर तैनात जवानों से संवाद करते हुए उन्होंने राजस्थान पुलिस की ओर से बीएसएफ के साथ निरंतर प्रभावी समन्वय बनाए रखने की बात कही। इसके बाद वे तनोट पहुंचे, जहां रात्रि विश्राम किया।
दौरे के दौरान आईजी सत्येंद्र सिंह, डीआईजी कुंवर राष्ट्रदीप, जैसलमेर पुलिस अधीक्षक अभिषेक शिवहरे सहित अन्य पुलिस अधिकारी मौजूद रहे। डीजीपी के दौरे में सीमा सुरक्षा से लेकर पुलिस लाइन की आंतरिक व्यवस्थाओं, पुलिसकर्मियों की सुविधाओं, बच्चों की शिक्षा और स्थानीय कानून-व्यवस्था तक विभिन्न पहलुओं की समीक्षा की गई।