जयपुर में TAVI और लीडलेस पेसमेकर तकनीक से हृदय रोगों का सफल इलाज
नारायणा हॉस्पिटल में बिना चीरा लगाए TAVI और बिना तार के पेसमेकर से बुजुर्ग मरीजों को मिला नया जीवन, डॉक्टरों ने बताई खूबी।
जयपुर में नारायणा हॉस्पिटल की प्रेस कॉन्फ्रेंस में टेबल पर बैठे डॉक्टर्स और अधिकारी।
जयपुर, 17 सितंबर 2026: नारायणा हॉस्पिटल, जयपुर में हृदय रोगों के इलाज में आधुनिक तकनीकों TAVI और Leadless Pacemaker के सफल नतीजों को लेकर गुरुवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की गई। शहर के होटल फोर पॉइंट्स बाय शेरटन में आयोजित कार्यक्रम में नारायणा हॉस्पिटल, जयपुर के एडिशनल डायरेक्टर-कार्डियोलॉजी डॉ. अंशु काबरा ने इन तकनीकों के जरिए हुए सफल उपचार की जानकारी दी। कार्यक्रम में इलाज से ठीक हुए मरीजों ने भी अपने अनुभव साझा किए।
डॉ. अंशु काबरा ने बताया कि पुरानी ओपन-हार्ट सर्जरी की तुलना में TAVI और बिना तार वाले पेसमेकर यानी Leadless Pacemaker के जरिए उपचार में खतरा बहुत कम रहता है। इन प्रक्रियाओं में बड़ा चीरा नहीं लगाना पड़ता, खून का बहाव नाममात्र होता है और मरीज कम समय में ठीक होकर अपनी सामान्य जिंदगी में लौट सकता है। उन्होंने बताया कि ये आधुनिक तकनीकें खासतौर पर बुजुर्ग मरीजों के लिए फायदेमंद साबित हो रही हैं।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन मरीजों को भी मीडिया से रूबरू कराया गया, जिनका इन आधुनिक तकनीकों के जरिए सफल इलाज हुआ है। मरीजों ने बताया कि बिना किसी बड़े ऑपरेशन या परेशानी के उन्हें किस तरह नया जीवन मिला।
नारायणा हॉस्पिटल, जयपुर और मुम्बई के डायरेक्टर श्री बलविंदर सिंह वालिया ने कहा, “नारायणा हॉस्पिटल जयपुर में हमारा ध्यान मरीजों की सुरक्षा, सुविधा और बेहतर उपचार अनुभव को प्राथमिकता देते हुए एडवांस्ड मेडिकल टेक्नोलॉजी उपलब्ध कराने पर है। लीडलेस पेसमेकर तकनीक एक महत्वपूर्ण प्रगति है, खासकर ऐसे मरीजों के लिए जिनके लिए कम इनवेसिव प्रक्रिया अधिक उपयुक्त हो सकती है। इस तरह की आधुनिक तकनीक मरीजों को एक ही जगह पर एडवांस्ड कार्डियक केयर उपलब्ध कराने की हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाती है।”
नारायणा हॉस्पिटल, जयपुर के क्लिनिकल डायरेक्टर डॉ. प्रदीप कुमार गोयल ने कहा, “कई स्वास्थ्य समस्याओं वाले मरीजों में किसी भी कार्डियक प्रक्रिया से पहले सावधानीपूर्वक जांच और अलग-अलग विशेषज्ञों के बीच बेहतर समन्वय जरूरी होता है। इस मामले में भी इलाज की योजना बनाते समय मरीज की पूरी स्वास्थ्य स्थिति को ध्यान में रखा गया। ऐसी कम इनवेसिव तकनीकें जटिल मामलों में विशेष रूप से उपयोगी हो सकती हैं, क्योंकि इससे मेडिकल टीम मरीज की जरूरत के अनुसार उपचार का तरीका तय कर सकती है।”
डॉक्टर ने कहा कि नई तकनीकों की मदद से अब दिल की गंभीर से गंभीर बीमारियों का इलाज भी आसान और सुरक्षित हो गया है। नारायणा हॉस्पिटल की पूरी कोशिश है कि हर व्यक्ति तक दिल के इलाज की सबसे बेहतरीन और आधुनिक सुविधाएं पहुंचाई जा सकें।
नारायणा हेल्थ देश के प्रमुख अस्पतालों में से एक है, जो बेहतरीन इलाज को सही और किफायती खर्च में देने के लिए जाना जाता है। नारायणा हॉस्पिटल, जयपुर दिल की बीमारियों, क्रिटिकल केयर और उन्नत सर्जरी के इलाज के लिए पूरे राजस्थान में एक भरोसेमंद नाम है।