जयपुर ग्रामीण पुलिस ने साइबर फ्रॉड के मामले में एक साल से फरार चल रहे ₹1000 के ईनामी आरोपी राधेश्याम गुर्जर को गिरफ्तार किया है। पुलिस थाना मनोहरपुर की टीम ने ग्राम चैच्यावाला की पहाड़ी में दबिश देकर आरोपी को पकड़ा।

पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी के 14 बैंक खातों में पिछले दो साल के दौरान करीब ₹11–12 करोड़ की संदिग्ध राशि का लेनदेन हुआ। इन बैंक खातों के विरुद्ध विभिन्न राज्यों में साइबर फ्रॉड से जुड़ी 57 शिकायतें दर्ज हैं। जांच में आरोपी के बैंक खातों में साइबर फ्रॉड की ₹26,74,691 की राशि प्राप्त होना भी सामने आया है।

पुलिस के अनुसार, राधेश्याम गुर्जर अपने बैंक खाते साइबर अपराधियों को उपलब्ध कराता था और प्रत्येक खाते के बदले ₹50–70 हजार तक कमाता था। साइबर फ्रॉड से अर्जित राशि से खरीदे गए वाहनों को भी पुलिस ने जब्त किया है।

पुलिस ने आरोपी के कब्जे से महिन्द्रा थार, टीवीएस अपाचे मोटरसाइकिल और मैसी डीआई ट्रैक्टर जब्त किए हैं। जब्त वाहनों में थार नंबर RJ 52 CA 6677, अपाचे नंबर RJ 52 SG 3506 और मैसी डीआई ट्रैक्टर नंबर RJ 52 RA 5692 शामिल हैं।

राधेश्याम गुर्जर दिल्ली, कोटपूतली, छत्तीसगढ़, जयपुर आयुक्तालय, कामां (डीग) और भरतपुर सहित विभिन्न राज्यों/क्षेत्रों में दर्ज 07 प्रकरणों में वांछित था। एक साल से फरार आरोपी की गिरफ्तारी के साथ पुलिस ने उसके बैंक खातों से जुड़े संदिग्ध लेनदेन और साइबर फ्रॉड की शिकायतों की कड़ी में महत्वपूर्ण कार्रवाई की है।

जयपुर ग्रामीण पुलिस की साइबर अपराध के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी है।

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