निम्बाहेड़ा विद्यालय में छात्र सुरक्षा पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण चित्तौड़गढ़ के निर्देशानुसार विद्यार्थियों को 'NO-GO-TELL' नियम व कानूनी सुरक्षा की जानकारी दी गई।
तस्वीर में पीएम श्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय निम्बाहेड़ा के परिसर में जमीन पर बैठे विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए वक्ता दिखाई दे रहे हैं।
निम्बाहेड़ा। पीएम श्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, निम्बाहेड़ा में मंगलवार को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, चित्तौड़गढ़ के निर्देशानुसार “Transformative Tuesday” पहल के तहत “Stranger Danger–NO–GO–TELL” विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार विद्यालयों में इस अभियान के माध्यम से विद्यार्थियों को व्यक्तिगत सुरक्षा और सतर्कता के प्रति जागरूक किया जा रहा है।
कार्यक्रम की मुख्य वक्ता एसीजेएम प्रथम श्रीमती सुमन मीणा रहीं। अधिवक्ता श्री फहीम खान बक्शी ने विद्यार्थियों को विषय से संबंधित महत्वपूर्ण कानूनी एवं व्यवहारिक जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को अनजान व्यक्तियों से सावधान रहने और किसी संदिग्ध या असहज परिस्थिति में तत्काल प्रतिक्रिया देने के तरीके समझाए।
कार्यक्रम में विद्यार्थियों को बताया गया कि ऐसी स्थिति में “ना” कहें, तुरंत उस स्थान से दूर जाएं और घटना की जानकारी अपने माता-पिता, शिक्षक अथवा किसी विश्वसनीय वयस्क को दें। साथ ही विद्यार्थियों को अपने अधिकारों एवं सुरक्षा के प्रति सजग रहने के लिए प्रेरित किया गया।
मुख्य वक्ता श्रीमती सुमन मीणा ने विद्यार्थियों को जागरूक एवं सतर्क रहने का संदेश दिया। वहीं श्री फहीम खान बक्शी ने कानूनी प्रावधानों तथा आवश्यकता पड़ने पर उपलब्ध सहायता के संबंध में जानकारी दी और विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का समाधान किया।
विद्यालय में आयोजित इस जागरूकता कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को व्यक्तिगत सुरक्षा, सजगता एवं सही समय पर सहायता प्राप्त करने के प्रति जागरूक करना रहा। कार्यक्रम का संचालन उपप्राचार्य सुनील कुमार डूंगरवाल ने किया।
कार्यक्रम के अंत में पीएम श्री राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, निम्बाहेड़ा की ओर से प्रधानाचार्य श्री मनोहर लाल जैन ने मुख्य वक्ता एवं अधिवक्ता का आभार व्यक्त किया। जागरूकता कार्यक्रम के माध्यम से विद्यार्थियों को अनजान व्यक्तियों से सतर्क रहने और असहज परिस्थितियों में “NO–GO–TELL” के तहत सही कदम उठाने के प्रति जागरूक किया गया।