भीलवाड़ा में 19 जुलाई को भव्य शोभायात्रा के साथ होगा विश्व शांति कल्याण चातुर्मास का शुभारंभ

भीलवाड़ा में 19 जुलाई 2026 को आचार्य श्रीरामदयालजी महाराज के सानिध्य में विश्व शांति कल्याण चातुर्मास का भव्य शुभारंभ होगा। माणिक्यनगर रामद्वारा में आयोजित इस धार्मिक अनुष्ठान और शोभायात्रा की विस्तृत तैयारियों के बारे में यहाँ जानें।

Update: 2026-07-06 09:32 GMT

तस्वीर में अंतरराष्ट्रीय रामस्नेही संप्रदाय शाहपुरा के पीठाधीश्वर जगतगुरु आचार्य स्वामी श्रीरामदयालजी महाराज दिखाई दे रहे हैं।

अंतरराष्ट्रीय रामस्नेही संप्रदाय शाहपुरा के पीठाधीश्वर जगतगुरु आचार्य स्वामी श्रीरामदयालजी महाराज वर्ष 2026 का पावन विश्व शांति कल्याण चातुर्मास भीलवाड़ा स्थित माणिक्यनगर रामद्वारा में संपन्न करने जा रहे हैं। इस ऐतिहासिक चातुर्मास का शुभारंभ 19 जुलाई को एक भव्य शोभायात्रा के साथ होगा, जिसे लेकर रामस्नेही संप्रदाय और सर्व समाज के श्रद्धालुओं में भारी उत्साह है। विश्व शांति कल्याण चातुर्मास समिति के तत्वावधान में आयोजन को सफल बनाने के लिए व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं।

आचार्य श्रीरामदयालजी महाराज की चातुर्मासिक मंगलमय पधरावणी 19 जुलाई को सुबह 8.30 बजे भव्य शोभायात्रा के साथ होगी। इससे पूर्व आचार्यश्री की भावपूर्ण अगवानी की जाएगी। शोभायात्रा की शुरुआत स्टेशन चौराहे पर शंखनाद और वैदिक मंत्रोच्चार के साथ होगी, जहां सर्व समाज के श्रद्धालु आचार्यश्री की महाआरती करेंगे। शोभायात्रा में हाथी, घोड़े और ऊंट के साथ शाही लवाजमा और छत्र-चंवर शामिल होंगे। मार्ग में 101 स्वागत द्वार बनाए जाएंगे और ड्रोन से पुष्पवर्षा की जाएगी। इसके अलावा, महाकाल आरती दल की प्रस्तुति और आकर्षक रंगोलियां मुख्य आकर्षण होंगी। यह शोभायात्रा रेलवे स्टेशन रोड स्थित गजाधर मानसिंहका धर्मशाला से प्रारंभ होकर सरकारी दरवाजा, गोल प्याउ, बालाजी मार्केट, सूचना केंद्र चौराहा, गांधी बाजार, भीमगंज थाना चौराहा और माणिक्यनगर होते हुए रामद्वारा पहुंचेगी, जहां इसका समापन होगा।

चातुर्मास के दौरान आचार्यश्री के सानिध्य में धर्म और सनातन संस्कृति की अविरल धारा बहेगी। प्रतिदिन सुबह 5 से 6 बजे तक रामधुनी, सुबह 8 से 8.30 बजे तक वाणीजी का पाठ और सुबह 8.30 से 9.30 बजे तक प्रवचन होंगे। संध्या आरती सूर्यास्त के समय संपन्न होगी। आगामी कार्यक्रमों में 29 जुलाई को गुरु पूर्णिमा महोत्सव, 13 से 20 सितंबर तक वाणीजी प्रवचन व भागवत ज्ञान महोत्सव, 25 सितंबर की रात को आध्यात्मिक कार्यक्रम और 26 सितंबर को आचार्यश्री अवतरण आनंदोत्सव मनाया जाएगा। इसके बाद 15 अक्टूबर को पंचमी गोटकाजी की शोभायात्रा निकलेगी और 22 अक्टूबर को चातुर्मास का समापन होगा। इस आयोजन के मुख्य सहयोगी रामचरणानुरागी भंवरलाल अशोककुमार सुभाषचंद महेशकुमार, अंकित, राहुल अजमेरा परिवार, लालचंद शिवकुमार अशोककुमार मुकेशकुमार गगराणी परिवार तथा मुरली श्याम ईनाणी परिवार हैं।

चातुर्मास की व्यवस्थाओं के लिए कार्यालय प्रमुख बद्रीनारायण लढ़ा और रमेश राठी के निर्देशन में विभिन्न समितियों का गठन किया गया है। इन समितियों में स्वागत, कार्यालय व्यवस्था, प्रशासनिक कार्य, भोजन निर्माण, वाहन पार्किंग, सुरक्षा और प्रचार-प्रसार सहित अन्य महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां कार्यकर्ताओं को सौंपी गई हैं, जो पूर्ण समर्पण के साथ आयोजन को ऐतिहासिक बनाने में जुट गए हैं।

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