निजी खर्च पर हर साल 1000 पौधे बांट रहे आचार्य सुनील कुमार गुप्ता, पर्यावरण संरक्षण की बन रहे मिसाल
भरतपुर के बयाना स्थित देवनारायण राजकीय कन्या महाविद्यालय के सहायक आचार्य सुनील कुमार गुप्ता वर्ष 2018 से अपने निजी खर्च पर हर साल लगभग 1000 पौधे निःशुल्क वितरित कर रहे हैं। अब तक 6,000 से 7,000 पौधे बांटकर उन्होंने पर्यावरण संरक्षण की दिशा में प्रेरणादायक पहल की है।
तस्वीर में देवनारायण राजकीय कन्या महाविद्यालय, बयाना के प्रांगण में पौधे हाथ में लिए खड़े शिक्षक और छात्र-छात्राएं नजर आ रहे हैं।
भरतपुर जिले के बयाना में पर्यावरण संरक्षण के प्रति समाज को जागरूक करने की एक प्रेरणादायक पहल लगातार आकार ले रही है। देवनारायण राजकीय कन्या महाविद्यालय, बयाना में कार्यरत सहायक आचार्य (भूगोल) सुनील कुमार गुप्ता पिछले कई वर्षों से अपने निजी खर्च पर विद्यार्थियों और आमजन को निःशुल्क पौधे वितरित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दे रहे हैं।
आचार्य सुनील कुमार गुप्ता वर्ष 2018 से लगातार महाविद्यालय में प्रवेश लेने वाले प्रत्येक छात्र-छात्रा और उनके अभिभावकों को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करते हुए प्रतिवर्ष लगभग 1000 पौधों का निःशुल्क वितरण कर रहे हैं। इन पौधों का पूरा खर्च वे स्वयं वहन करते हैं। अब तक वे लगभग 6,000 से 7,000 पौधे वितरित कर लोगों को पौधारोपण और उनके संरक्षण के लिए प्रेरित कर चुके हैं।
इसके अलावा उन्होंने अपने परिचित विभिन्न विद्यालयों, सार्वजनिक स्थलों, उद्यानों तथा अन्य स्थानों पर भी पौधारोपण अभियान चलाकर हरियाली बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उनके प्रयासों से लगाए गए हजारों पौधे आज वृक्ष का रूप ले चुके हैं और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में सकारात्मक परिणाम दिखाई दे रहे हैं।
आचार्य सुनील कुमार गुप्ता का कहना है, "यदि प्रत्येक व्यक्ति अपने जीवन में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी नियमित देखभाल करे, तो आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ, सुरक्षित और हरित वातावरण मिल सकता है।"
उनकी यह पहल न केवल पर्यावरण संरक्षण का सशक्त संदेश दे रही है, बल्कि समाज को प्रकृति के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने के लिए भी प्रेरित कर रही है। क्षेत्र के लोगों ने उनके इस सराहनीय कार्य की मुक्तकंठ से प्रशंसा करते हुए इसे अनुकरणीय पहल बताया।
इस अवसर पर सहायक आचार्य विनोद सिंह, सहायक प्रशासनिक अधिकारी कपिल यादव, प्रमोद सैनी, जितेंद्र, मौहर सिंह, पंकज कुमार शर्मा, शिवलाल बैरवा तथा छात्राएँ सलौनी, रानी, पिंकेश सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।