हिरोशिमा दिवस पर उदयपुर में शांति मार्च, युद्ध विरोधी संदेश के साथ निकला जुलूस
उदयपुर में हिरोशिमा दिवस पर शांति जुलूस निकाला गया, जनसंगठनों ने युद्ध विरोध और विश्व शांति का संदेश देते हुए सभा आयोजित की।
तस्वीर में उदयपुर की सड़क पर नागरिक एवं जनसंगठनों के प्रतिनिधि हाथों में बैनर और तख्तियां थामकर शांति जुलूस निकालते हुए नजर आ रहे हैं।
विश्व शांति की स्थापना, पर्यावरण सुरक्षा और अन्यायकारी युद्धों के विरोध के उद्देश्य से नागरिक एवं जनसंगठनों के साझा मंच की ओर से हिरोशिमा दिवस पर उदयपुर में शांति जुलूस निकाला गया। जुलूस टाउन हॉल से शुरू होकर सूरजपोल, बापू बाजार होते हुए दिल्ली गेट चौराहे पर पहुंचा।
जुलूस में विभिन्न जनसंगठनों के प्रतिनिधियों और नागरिकों ने भाग लिया। सभी लोग दो-दो की कतार में हाथों में साम्राज्यवाद और युद्ध विरोधी तख्तियां लेकर नारे लगाते हुए आगे बढ़े। इस दौरान कुछ कार्यकर्ताओं ने लोगों को प्रर्चे भी वितरित किए।
दिल्ली गेट शांति आनंदी चौराहे पर आयोजित सभा की शुरुआत मंच के संयोजक मन्नाराम डांगी ने जुलूस के उद्देश्यों की जानकारी देते हुए की। इसके बाद विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों ने अपने विचार व्यक्त किए।
सभा को भाकपा (माले) के शंकर लाल चौधरी, माकपा के हीरालाल सालवी, अखिल भारतीय किसान सभा की लीला देवी, पत्रकार हिम्मत सेठ, बोहरा यूथ के आबिद अदीब, मल्ला तलाई के पार्षद हिदायतुल्लाह, पीयूसीएल के अरुण व्यास और भाकपा के हिम्मत चांगवाल ने संबोधित किया।
सभा के अंत में अशोक 'मंथन' ने युद्ध विरोधी कविता पाठ किया। कार्यक्रम का संचालन जनवादी मजदूर यूनियन के डी. एस. पालीवाल ने किया। हिरोशिमा दिवस पर आयोजित इस कार्यक्रम के माध्यम से नागरिक एवं जनसंगठनों ने विश्व शांति, पर्यावरण संरक्षण और युद्धों के विरोध का संदेश दिया।