जुहू में टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग, ड्राइवर घायल और एक्टर ने खुद अस्पताल पहुंचाया।

रविवार की शाम मुंबई के जुहू इलाके में उस समय अफरा-तफरी मच गई जब अभिनेता टाइगर श्रॉफ की बीएमडब्ल्यू कार पर दनादन सात राउंड फायरिंग की गई। यह पूरी घटना जुहू पुलिस स्टेशन और जुहू के पुष्पा पार्क से महज 350 मीटर की दूरी पर घटी। टाइगर श्रॉफ उस समय एक मैदान से फुटबॉल खेलकर अपनी लग्जरी कार में सवार होकर निकल रहे थे। इसी दौरान सफेद शर्ट पहने एक दुबला-पतला हमलावर अचानक कार के सामने आया और दनादन गोलियां चलाना शुरू कर दिया। हमले के वक्त आसपास मौजूद लोगों को शुरुआत में लगा कि शायद कोई दिवाली के पटाखे फोड़ रहा है, लेकिन गोलियों की आवाज सुनते ही वहां भगदड़ मच गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगे।

गोलीबारी के तुरंत बाद टाइगर श्रॉफ अपनी गाड़ी का दरवाजा खोलकर दर्द से कराहते हुए बाहर निकले। कार के शीशे टूटने की वजह से टाइगर के हाथ पर चोट आई और वह घायल हो गए। इस हमले में उनके साथ गाड़ी में मौजूद ड्राइवर फिरदौस भी गंभीर रूप से जख्मी हो गए। घटनास्थल पर खून का एक बड़ा धब्बा बन गया, जो घटना के बाद भी वहां मौजूद था। ड्राइवर के जख्मी होते ही टाइगर श्रॉफ ने खुद हिम्मत दिखाई और तुरंत गाड़ी की सीट बदलकर खुद स्टीयरिंग संभाला। वह घायल ड्राइवर फिरदौस को लेकर इलाज के लिए नानावती अस्पताल पहुंचे। घटना की जानकारी मिलने के बाद उनके पिता जैकी श्रॉफ और साथ के कई अन्य कलाकारों ने पुष्टि की कि टाइगर सुरक्षित हैं और उनकी हालत ठीक है।

पुलिस और अधिकारियों की ओर से भी इस मामले में त्वरित बयान जारी किए गए हैं। डीसीपी मोहित गर्ग ने पुष्टि की कि टाइगर श्रॉफ पूरी तरह सुरक्षित हैं और उन्हें कोई गोली नहीं लगी है, बल्कि कार के कांच टूटने से केवल हल्की चोट आई है। घटना में एक्टर का ड्राइवर फिरदौस और वहां मौजूद एक अन्य व्यक्ति घायल हुए हैं, जिनका अस्पताल में इलाज चल रहा है। घटना के समय घटनास्थल के पास हजारों व्लॉगर्स मौजूद थे जो अपने व्लॉग बना रहे थे और पास में ही एक जन्मदिन की पार्टी चल रही थी जिसमें काफी शोर-शराबा था। पार्टी के लोग खाना-पीना करने के बाद कार में बैठकर सड़क पर निकले ही थे कि यह वारदात हो गई।

इस सनसनीखेज हमले के बाद मुंबई पुलिस तुरंत एक्शन में आ गई और एक बड़ा सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया। शुरुआती जांच के आधार पर पुलिस ने बताया कि सफेद शर्ट पहने तीन हमलावर वारदात को अंजाम देने के बाद एसवी रोड और विले पार्ले रेलवे स्टेशन की तरफ पैदल भाग गए। इलाके में कानून व्यवस्था बनाए रखने और अपराधियों को पकड़ने के लिए पुलिस ने आसपास के सभी सीसीटीवी फुटेज खंगालना शुरू कर दिया है। हमलावरों का जल्द से जल्द पता लगाने के लिए मुंबई पुलिस ने 12 विशेष टीमों का गठन किया है। पुलिस का दावा है कि इस पूरे मामले में एक संदिग्ध व्यक्ति को हिरासत में भी ले लिया गया है और उससे पूछताछ की जा रही है।

गोलीबारी की इस खबर के फैलते ही सोशल मीडिया पर घटना से जुड़ा एक वीडियो तेजी से वायरल हो गया और ऑनलाइन चर्चा का विषय बन गया। इस चौंकाने वाले विजुअल में टाइगर श्रॉफ की कार को मैदान से बाहर निकलते हुए देखा जा सकता है, जिसके बाद गोलियां चलने की आवाजें सुनाई देती हैं और हमलावर सफेद शर्ट में गाड़ी के सामने आकर गोलियां बरसाता है। मुंबई पुलिस इस वीडियो फुटेज के आधार पर भी जांच को आगे बढ़ा रही है ताकि सभी हमलावरों की सटीक पहचान की जा सके और इस गोलीबारी के पीछे की असली साजिश व मकसद का पर्दाफाश किया जा सके।

इस हमले के बाद विदेश में बैठे गैंगस्टर अनिल पंडित और हरमन संधू ने लॉरेंस बिश्नोई गैंग के नाम से किए गए एक सोशल मीडिया पोस्ट में इस गोलीबारी की जिम्मेदारी ली है। अपने फेसबुक पोस्ट में अनिल पंडित ने आरोप लगाया कि टाइगर को इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि उन्होंने अभिनेता सलमान खान के साथ काम न करने की उनकी पिछली चेतावनियों को नजरअंदाज कर दिया था। पोस्ट में चेतावनी देते हुए लिखा गया कि जो कोई भी उनकी बात नहीं मानेगा, अगला नंबर उसी का होगा। हालांकि, पुलिस या किसी स्वतंत्र एजेंसी द्वारा इस सोशल मीडिया दावे की अभी तक स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की गई है।

पुलिस के रिकॉर्ड के मुताबिक टाइगर श्रॉफ को सुरक्षा से जुड़ी धमकियां पहले भी मिल चुकी हैं। उन्हें पिछले साल 25 अप्रैल को भी एक धमकी भरी कॉल या संदेश मिला था। उस मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने पंजाब से एक आरोपी को गिरफ्तार किया था। ताजा घटना के सामने आने के बाद राजनीतिक गलियारों में भी हलचल तेज हो गई है। घटना के तुरंत बाद महाराष्ट्र के सांस्कृतिक मामलों के मंत्री आशीष शेलार ने टाइगर श्रॉफ के परिवार से फोन पर बात की और उनका हाल-चाल जाना। इसके साथ ही महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने भी मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन को पूरी घटना की कड़ाई से जांच करने और दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने के निर्देश दिए हैं। फिलहाल मुंबई पुलिस की 12 टीमें पूरे घटनाक्रम और लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े दावों की गहराई से जांच में जुटी हुई हैं।