हिण्डौन सिटी: अग्रसेन बीएड कॉलेज में प्रवेशोत्सव मना, 9 सदस्यों की सदस्यता बहाल
नवप्रवेशित छात्राध्यापिकाओं के स्वागत में हवन-यज्ञ और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित, संगठनात्मक एकजुटता बढ़ाने के लिए 9 आजीवन सदस्यों की सदस्यता पुनः बहाल की गई।
हिण्डौन सिटी के अग्रसेन कॉलेज में आयोजित प्रवेशोत्सव में शामिल समिति पदाधिकारी और सदस्य।
हिण्डौन सिटी। श्री अग्रसेन शिक्षा प्रसार समिति, हिण्डौन सिटी द्वारा संचालित श्री अग्रसेन महिला शिक्षक प्रशिक्षण महाविद्यालय में शनिवार को बीएड सत्र 2026–27 की नवप्रवेशित छात्राध्यापिकाओं के स्वागत में प्रवेशोत्सव, हवन-यज्ञ और सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए गए। वैदिक मंत्रोच्चार के बीच छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। समारोह में संस्था के अध्यक्ष रविंद्र जैतवाल ने 9 सदस्यों की आजीवन सदस्यता पुनः बहाल करने की घोषणा कर संगठनात्मक एकजुटता को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाया।
बीएड सचिव मोहित ने बताया कि कार्यक्रम का शुभारंभ प्रातः 8 बजे महाविद्यालय परिसर में हवन-यज्ञ के साथ हुआ। इसमें समिति के पदाधिकारियों, सदस्यों, प्रबुद्ध नागरिकों और नवप्रवेशित छात्राध्यापिकाओं ने आहुतियां देकर सुख-समृद्धि तथा छात्राओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इसके बाद आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रम में छात्राओं ने विभिन्न प्रस्तुतियों के माध्यम से भारतीय संस्कृति, परंपराओं और अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया। प्रस्तुतियों ने उपस्थित अतिथियों और सदस्यों का मन मोह लिया। पूरे परिसर में उत्साह का माहौल रहा।
समारोह के दौरान समिति के अध्यक्ष रविंद्र जैतवाल ने संस्था में आपसी सौहार्द, एकता और सहयोग की भावना को मजबूत करने के उद्देश्य से 9 सदस्यों की आजीवन सदस्यता पुनः बहाल करने की घोषणा की। उपस्थित सदस्यों और पदाधिकारियों ने करतल ध्वनि से इस निर्णय का स्वागत किया। सदस्यता बहाली को संस्था के हित में सकारात्मक पहल बताते हुए सदस्यों ने उम्मीद जताई कि इससे आपसी विश्वास और संगठनात्मक एकजुटता को नई मजबूती मिलेगी।
इस अवसर पर सभी सदस्यों ने संस्था के व्यापक हितों को सर्वोपरि रखते हुए समिति द्वारा संचालित शैक्षणिक संस्थानों के विकास, शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार और छात्राओं के सर्वांगीण विकास के लिए मिल-जुलकर कार्य करने का संकल्प लिया। पूरे कार्यक्रम में आपसी प्रेम, सौहार्द और सहयोग की भावना दिखाई दी।
सचिव मित्तल ने बताया कि प्रवेशोत्सव का उद्देश्य नवप्रवेशित छात्राध्यापिकाओं का स्वागत करने के साथ उन्हें महाविद्यालय की शैक्षणिक और सांस्कृतिक गतिविधियों से जोड़ना है। उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ सांस्कृतिक और नैतिक मूल्यों का विकास भी विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। छात्राओं ने उत्साहपूर्वक विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जिससे समारोह की गरिमा बढ़ी। उन्होंने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने वाले समिति के सभी पदाधिकारियों, सदस्यों, महाविद्यालय स्टाफ और छात्राओं का आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम में समाज के गणमान्य एवं प्रतिष्ठित सदस्य, कार्यकारिणी सदस्य, आजीवन सदस्य, महाविद्यालय का शैक्षणिक स्टाफ, नवप्रवेशित छात्राध्यापिकाएं और अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। इस अवसर पर समिति के वरिष्ठ उपाध्यक्ष विजय, उपाध्यक्ष प्रतिभा, उपाध्यक्ष दीनदयाल सिंघल, महामंत्री अनिल गोयल, कार्यालय मंत्री पूजा मित्तल, कोषाध्यक्ष रमेश सिंघल, सचिव पी जी सुरेश गोयल, स्कूल सचिव ज्योति प्रकाश तथा विधिक सलाहकार अजय और शैलेश गोयल उपस्थित रहे।
कार्यकारिणी सदस्यों और अन्य गणमान्य लोगों में मोहन भुसावरिया हुकूम, सविता गुप्ता, सुनीता मित्तल, आरती, अनिता मित्तल, पूजा, रेखा, विजय, मुकेश रीठोली, मुकेश बंसल और पवन अग्रवाल मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान अनिल गोयल, राकेश गोयल, महेंद्र जगर, वेदप्रकाश, मलूक, सुनील अग्रवाल, ओमप्रकाश, दिवाकर और छैलविहारी का माला और दुपट्टा पहनाकर स्वागत किया गया।
नवप्रवेशित छात्राध्यापिकाओं के स्वागत और संस्था के सदस्यों के बीच आपसी सहयोग को मजबूत करने के उद्देश्य से आयोजित यह समारोह सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। कार्यक्रम में शैक्षणिक विकास, सांस्कृतिक मूल्यों और संगठनात्मक एकजुटता के प्रति सामूहिक प्रतिबद्धता भी सामने आई।