पचपदरा रिफाइनरी से पीएम मोदी का बड़ा संदेश, ऊर्जा संकट में भारत ने नागरिकों पर नहीं बढ़ने दिया बोझ
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पचपदरा रिफाइनरी के उद्घाटन के दौरान कहा कि भारत ने वैश्विक ऊर्जा संकट के बीच ईंधन आयात का दायरा 25-26 देशों से बढ़ाकर 40 से अधिक देशों तक किया और नागरिकों पर बोझ कम रखने के लिए सरकार ने बड़े आर्थिक कदम उठाए। जानिए पूरा घटनाक्रम।
तस्वीर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पचपदरा में रिफाइनरी के उद्घाटन कार्यक्रम को संबोधित कर रहे हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि भारत ने सक्रिय नीतियों, ईंधन आपूर्ति के विविधीकरण और मजबूत कूटनीतिक संबंधों के दम पर दुनिया के सबसे बड़े ऊर्जा संकटों में से एक का सफलतापूर्वक सामना किया और इस दौरान आम नागरिकों पर न्यूनतम बोझ पड़ने दिया। वह बालोतरा जिले के पचपदरा में रिफाइनरी के उद्घाटन के बाद आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर उन्होंने कई विकास परियोजनाओं का शिलान्यास भी किया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि पश्चिम एशिया संकट के दौरान भारत ने अपने ऊर्जा आयात के स्रोतों का उल्लेखनीय विस्तार किया। उन्होंने बताया, "जब संकट शुरू हुआ था, तब भारत लगभग 25-26 देशों से ऊर्जा का आयात करता था। संकट के दौरान हमने इसे बढ़ाकर 40 से अधिक देशों तक पहुंचा दिया।" उन्होंने इस बदलाव का श्रेय भारत की कूटनीति को दिया।
उन्होंने कहा कि वैश्विक स्तर पर ऊर्जा कीमतों में वृद्धि के कारण अप्रैल से जून के बीच तेल कंपनियों को 75,000 करोड़ रुपये से अधिक का नुकसान हुआ, लेकिन सरकार ने इसका बोझ स्वयं उठाया। प्रधानमंत्री ने कहा, "हमने प्रति लीटर 10 रुपये उत्पाद शुल्क (एक्साइज ड्यूटी) कम किया और यह सुनिश्चित किया कि नागरिकों पर बोझ उल्लेखनीय रूप से न बढ़े।"
प्रधानमंत्री ने कहा कि अफवाहें फैलाई गईं और लोगों को भड़काने का प्रयास किया गया, लेकिन दुर्भावनापूर्ण इरादे रखने वाले अपने प्रयासों में सफल नहीं हो सके। उन्होंने कहा, "जो लोग भारत को असफल होते देखना चाहते थे, उन्होंने भविष्यवाणियां भी शुरू कर दी थीं। आज वे गहरी निराशा में होंगे।"
उन्होंने कहा कि भारत अब दुनिया की चौथी सबसे बड़ी रिफाइनिंग क्षमता वाला देश बन चुका है और इस क्षमता का लगातार विस्तार किया जा रहा है। प्रधानमंत्री ने अपनी सरकार की दीर्घकालिक नीतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि ईरान और अमेरिका-इजराइल गठबंधन के बीच युद्ध के कारण ईंधन और उर्वरक आपूर्ति में आई वैश्विक बाधाओं से भी भारत सफलतापूर्वक उबर पाया।
एक अन्य विषय पर प्रधानमंत्री ने कहा कि किसी व्यक्ति या राष्ट्र का स्वाभिमान तभी ऊंचा रह सकता है, जब वह आत्मनिर्भर हो। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की सरकारें केवल परियोजनाओं का शिलान्यास करके उन्हें अधूरा नहीं छोड़तीं। उन्होंने कहा, "हम उन्हें पूरा कराने के लिए दिन-रात काम करते हैं।"
प्रधानमंत्री मोदी ने शनिवार को पचपदरा में देश के पहले ग्रीनफील्ड इंटीग्रेटेड रिफाइनरी-कम-पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स का उद्घाटन किया। यह राजस्थान की भी अपनी तरह की पहली रिफाइनरी है। उन्होंने रिफाइनरी परिसर का दौरा करने के बाद रिमोट बटन दबाकर इस परियोजना का उद्घाटन किया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि वर्ष 2018 से 2023 के दौरान राजस्थान में कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में इस रिफाइनरी पर काम लगभग ठप हो गया था। उन्होंने इस परियोजना के पूरा होने को विकास और ऊर्जा क्षेत्र के लिए महत्वपूर्ण कदम बताया।