साकीनाका मैनहोल हादसा: बीएमसी जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करे, अशरफ आजमी ने असलम शेख के परिवार को न्याय दिलाने की उठाई मांग
मुंबई के साकीनाका मैनहोल हादसे में असलम इसाक शेख की मौत के बाद अशरफ आजमी ने बीएमसी से जांच रिपोर्ट सार्वजनिक कर दोषियों पर कार्रवाई और परिवार को न्याय की मांग की।
मुंबई में भारी बारिश के दौरान नाले के खुले मैनहोल में गिरकर जान गंवाने वाले असलम इसाक शेख की दर्दनाक मौत को लेकर मुंबई कांग्रेस के गटनेता और नगरसेवक अशरफ आजमी ने बृहन्मुंबई महानगरपालिका (बीएमसी) प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। उन्होंने 2 जुलाई 2026 को साकीनाका इलाके में हुए इस हादसे की जांच रिपोर्ट तत्काल सार्वजनिक करने और पीड़ित परिवार को न्याय दिलाने की मांग की है।
अशरफ आजमी ने कहा कि यह कोई प्राकृतिक आपदा नहीं थी, बल्कि प्रशासनिक लापरवाही के कारण हुई ऐसी दुर्घटना थी, जिसे आसानी से रोका जा सकता था। उन्होंने आरोप लगाया कि इस हादसे ने प्रशासन की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं और दोषियों की जिम्मेदारी तय होना आवश्यक है।
उन्होंने बीएमसी की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि हादसे के तुरंत बाद नगर निगम ने जिम्मेदार अधिकारियों को निलंबित करने, संबंधित ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करने और मामले की उच्च स्तरीय जांच कराने जैसी घोषणाएं की थीं। हालांकि, घटना को करीब एक महीना बीत जाने के बाद भी जांच रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की गई है और उसे अब तक जनता के सामने नहीं लाया गया है।
अशरफ आजमी ने सवाल किया कि इस दर्दनाक हादसे का वास्तविक जिम्मेदार कौन है, क्या दोषियों के खिलाफ कोई आपराधिक मामला दर्ज किया गया है और क्या पीड़ित परिवार को अब तक उचित मुआवजा तथा न्याय मिल पाया है।
उन्होंने अपनी मांग दोहराते हुए कहा कि बीएमसी बिना किसी देरी के जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करे और दोषी अधिकारियों तथा लापरवाह ठेकेदारों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित करे। उनका कहना था कि मुंबई के हर नागरिक का जीवन अमूल्य है और लापरवाही के कारण किसी निर्दोष व्यक्ति की जान जाने पर कोई भी प्रशासनिक संस्था अपनी जवाबदेही से बच नहीं सकती।
अशरफ आजमी ने चेतावनी देते हुए कहा कि देर से मिला न्याय, न्याय न मिलने के बराबर होता है। उन्होंने प्रशासन से जल्द सख्त कदम उठाने और भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी एवं पुख्ता इंतजाम करने की मांग की।