राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. निमित चौधरी, जिन्हें नीति आयोग की उच्च स्तरीय स्टैंडिंग समिति के तहत कंप्यूटर एवं सूचना सेवा क्षेत्र का नोडल अधिकारी बनाया गया है।

कोटा, 17 अक्टूबर। राजस्थान सरकार के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग ने नीति आयोग की उच्च स्तरीय स्टैंडिंग समिति के तहत कंप्यूटर एवं सूचना सेवा क्षेत्र के संचालन और समन्वय की जिम्मेदारी राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय (आरटीयू) के कुलगुरु प्रो. निमित चौधरी को सौंपी है। उन्हें केंद्र सरकार के यूनियन बजट के तहत नीति आयोग द्वारा गठित समिति की सिफारिशों के क्रम में नोडल अधिकारी नामित किया गया है। इस निर्णय का उद्देश्य राजस्थान में उच्च एवं तकनीकी शिक्षा को रोजगार और उद्यमशीलता से जोड़ना तथा कंप्यूटर एवं सूचना सेवा क्षेत्र में तकनीकी नवाचारों को बढ़ावा देना है।

सह जनसंपर्क अधिकारी विक्रम राठौड़ ने बताया कि नीति आयोग की उच्च स्तरीय स्टैंडिंग समिति ‘एजुकेशन टू एम्प्लॉयमेंट एंड एंटरप्राइजेज’ के अंतर्गत राजस्थान सरकार के उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग ने वर्किंग सेक्टर्स में से कंप्यूटर एंड इनफॉर्मेशन सर्विसेस का चयन किया है। इस क्षेत्र के सुचारू संचालन और संबंधित गतिविधियों के बीच समन्वय सुनिश्चित करने के लिए संयुक्त शासन सचिव महेंद्र कुमार शर्मा ने प्रो. निमित चौधरी को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है।

इस पहल के माध्यम से उच्च एवं तकनीकी शिक्षा को रोजगारपरक बनाने, उद्यमशीलता को प्रोत्साहित करने और कंप्यूटर एवं सूचना सेवा क्षेत्र में तकनीकी नवाचारों को बढ़ावा देने पर जोर दिया जाएगा। इसके तहत शैक्षणिक संस्थानों, नीति-निर्माताओं और विभिन्न हितधारकों के बीच समन्वय की भूमिका महत्वपूर्ण रहेगी।

नोडल अधिकारी नामित किए जाने पर प्रो. चौधरी ने विश्वास व्यक्त किया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति के उद्देश्यों को आगे बढ़ाने, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, अनुसंधान आधारित विकास और नवाचार को प्रोत्साहित करने के लिए शैक्षणिक संस्थानों, नीति-निर्माताओं तथा विभिन्न हितधारकों के बीच प्रभावी समन्वय आवश्यक है।

उन्होंने कहा कि इस जिम्मेदारी के माध्यम से उनका प्रयास अकादमिक अनुभव और संस्थागत नेतृत्व के आधार पर नीतिगत विमर्श को अधिक प्रभावी बनाना तथा उच्च शिक्षा को राष्ट्रीय विकास की प्राथमिकताओं से जोड़ने में योगदान देना रहेगा।

गौरतलब है कि नीति आयोग भारत सरकार का प्रमुख नीति-निर्माण एवं रणनीतिक विचार मंच है। ऐसे में उच्च स्तरीय स्टैंडिंग समिति के नोडल अधिकारी के रूप में प्रो. निमित चौधरी की भूमिका समिति के निर्धारित उद्देश्यों को आगे बढ़ाने, समन्वय स्थापित करने तथा संबंधित अकादमिक और संस्थागत विषयों में महत्वपूर्ण रहेगी।

Tags: