मदन राठौड़ का कांग्रेस पर हमला, कहा- सत्ता के लिए अराजकता फैला रही पार्टी
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने कांग्रेस पर सोनिया गांधी के वोटर आईडी और नागरिकता को लेकर सवाल उठाते हुए राजनीतिक मर्यादा के पालन की बात कही।
जयपुर में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने प्रेसवार्ता कर कांग्रेस पर निशाना साधा।
जयपुर, 27 अक्टूबर 2026। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ ने कांग्रेस पर सत्ता हासिल करने के लिए अराजकता और विद्रोह का माहौल बनाने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में विपक्ष को सरकार का विरोध करने और अपनी बात रखने का पूरा अधिकार है, लेकिन विरोध के नाम पर राजनीतिक मर्यादाओं का उल्लंघन नहीं होना चाहिए। राजनीतिक दलों और नेताओं को अपनी भाषा में संयम बनाए रखते हुए लोकतांत्रिक अनुशासन का पालन करना चाहिए।
राठौड़ ने कहा कि कुछ लोग शब्दों का चयन करते समय अपनी मर्यादा भूल जाते हैं। जिनके पास तर्कों का अभाव होता है, वे अमर्यादित शब्दावली का सहारा लेते हैं। राजनेताओं को घटिया और अभद्र शब्दों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। जनता सभी नेताओं के आचरण पर नजर रख रही है और उनका आकलन कर रही है। इस तरह की भाषा के प्रति जनता में नाराजगी है और समय आने पर वह ऐसे लोगों को जवाब देगी।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कांग्रेस पर वोट चोरी के आरोपों के जरिए राजनीति करने का आरोप लगाते हुए कहा कि मतदाता सूची और नागरिकता से जुड़े मामलों पर कांग्रेस को स्वयं सवालों के जवाब देने चाहिए। उन्होंने सोनिया गांधी का उल्लेख करते हुए कहा कि उनका मतदाता पहचान पत्र पहले बना और उसके बाद उन्होंने हिन्दुस्तान की नागरिकता ग्रहण की थी। राठौड़ ने सवाल उठाया कि कांग्रेस को इस विषय पर भी अपना पक्ष स्पष्ट करना चाहिए। उन्होंने इसे वोट चोरी बताते हुए एसआईआर के दौरान मतदाता सूची से नाम कटने के मुद्दे पर भी सवाल उठाए।
राठौड़ ने कहा कि जिन लोगों के नाम मतदाता सूची से कटने की बात कही जा रही है, उन्हें सामने आकर अपनी स्थिति स्पष्ट करनी चाहिए, ताकि तथ्यों के आधार पर वास्तविक स्थिति सामने आ सके। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नाम कटने के मुद्दे पर केवल हल्ला करके भ्रम फैलाने का प्रयास कर रही है।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि रैली निकालना और शांतिपूर्ण प्रदर्शन करना प्रत्येक नागरिक तथा राजनीतिक दल का लोकतांत्रिक अधिकार है, लेकिन इसका इस्तेमाल अनुशासन और कानून के दायरे में रहकर किया जाना चाहिए। अनुशासनहीनता और देश में अराजकता पैदा करने का प्रयास निंदनीय है।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बयान के संदर्भ में राठौड़ ने कहा कि देश में विद्रोह के जरिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को हटाने जैसी बातें लोकतांत्रिक व्यवस्था के प्रति गंभीर सवाल खड़े करती हैं। उन्होंने कहा कि खरगे के कार्यक्रम में बोलने वाला व्यक्ति भी कांग्रेसी था। राठौड़ के अनुसार, उस व्यक्ति ने कहा था कि देश में विद्रोह करना पड़ेगा, तब मोदी हटेगा। उन्होंने इस बयान पर टिप्पणी करते हुए कहा कि उसके अंत:करण में कितना जहर भरा हुआ है और यह जहर भरने वाले भी यही लोग हैं।
राठौड़ ने कहा कि राजनीतिक विरोध को इस तरह की भाषा और विचारधारा की दिशा में ले जाना उचित नहीं है। देश में वैमनस्य और विद्रोह की भावना पैदा करने वाली सोच पर गंभीरता से विचार करने की आवश्यकता है। उन्होंने राजनीतिक दलों से आत्ममंथन करने की अपील करते हुए सवाल उठाया कि क्या अराजकता पैदा करके सत्ता हासिल करना उचित है?
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि लोकतंत्र में सत्ता जनता का विश्वास जीतकर, जनसेवा करके और चुनावों में जनादेश प्राप्त करके हासिल की जाती है। यदि कोई राजनीतिक दल जनता के बीच काम किए बिना और सेवा व प्रयासों के जरिए विश्वास अर्जित किए बिना सत्ता प्राप्त करने की बेचैनी दिखाता है, तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों के अनुकूल नहीं है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस भी आज सत्ता के बिना तड़प रही है और सत्ता प्राप्त करने के लिए अराजकता तथा विद्रोह का माहौल बनाना चाहती है।
राठौड़ ने कहा कि सत्ता हासिल करना प्रत्येक राजनीतिक दल का उद्देश्य हो सकता है, लेकिन इसके लिए लोकतांत्रिक प्रक्रिया का पालन करना अनिवार्य है। जनता के बीच जाकर काम करना, उनकी समस्याओं का समाधान करना और अपने कार्यों के आधार पर जनसमर्थन हासिल करना ही राजनीति का सही रास्ता है। उन्होंने कहा कि विद्रोह और अराजकता के जरिए सत्ता हासिल करने की मानसिकता लोकतंत्र के लिए घातक है। सभी राजनीतिक दलों को ऐसी सोच त्यागकर लोकतांत्रिक मर्यादाओं, राजनीतिक शुचिता और जनसेवा के मार्ग पर चलना चाहिए।