जयपुर में सिंधी समाज ने श्रद्धा और उल्लास से मनाया असूचंड पर्व
जयपुर के विभिन्न झूलेलाल मंदिरों में पंचामृत अभिषेक, बहिराणा साहिब की सवारी और छेज नृत्य के साथ असूचंड पर्व धूमधाम से मनाया गया।
जयपुर में सोमवार, 12 अक्टूबर को सिंधी समाज ने असूचंड पर्व हर्षोल्लास और श्रद्धा के साथ मनाया। सुबह से ही शहर के विभिन्न झूलेलाल मंदिरों में श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना, भगवान झूलेलाल के पंचामृत अभिषेक, बहिराणा साहिब की सवारी और सिंधी लोकनृत्य छेज के आयोजन हुए। युवाओं ने सिंधी ढोल और शहनाई की धुन पर हाथों में डांडिया लेकर छेज नृत्य की प्रस्तुति दी। विशेष पल्लव प्रार्थना के माध्यम से विश्व के मंगल कल्याण की कामना की गई।
तुलसी संगतानी ने बताया कि पर्व के अवसर पर भगवान झूलेलाल का पंचामृत अभिषेक कर उन्हें नवीन पोशाक धारण कराई गई। मंदिरों में भजन, पंजिड़ों और सिंधी लोकनृत्य छेज की प्रस्तुतियों से वातावरण भक्तिमय बना रहा। बहिराणा साहिब की सवारी निकाली गई और श्रद्धालुओं ने विशेष पूजा-अर्चना में भाग लिया।
असूचंड सिंधी समाज का प्रमुख धार्मिक पर्व है। इस अवसर पर शहर के विभिन्न झूलेलाल मंदिरों में अलग-अलग धार्मिक और सांस्कृतिक आयोजन किए गए।
जवाहर नगर सेक्टर-2 स्थित झूलेलाल मंदिर में संरक्षक तुलसी त्रिलोकानी ने बहिराणा साहिब में ज्योत प्रज्ज्वलित की। भगवान को दाल-बाटी और चूरमे का भोग लगाया गया। इसके बाद पंगत प्रसादी का आयोजन हुआ।
जवाहर नगर सेक्टर-5 स्थित श्री झूलेलाल मंदिर में पूज्य संत मोनूराम जी महाराज ने ज्योत प्रज्ज्वलित की। इस दौरान अध्यक्ष मनोहर राजानी ने संत मोनूराम जी को पखर पहनाकर उनका आशीर्वाद लिया।
नांगल बैनाड़ रोड स्थित दयावान श्री झूलेलाल मंदिर में भी विशेष आयोजन हुआ। मंदिर से जुड़े नानक राम थावानी ने बताया कि भगवान झूलेलाल का पंचामृत से अभिषेक किया गया।
सिंधी कॉलोनी, राजापार्क के अध्यक्ष प्रेम चंद कुंदनानी ने बताया कि संत मोनू साईं और साईं मुकेश साध ने धर्म ध्वजा फहराई। इस अवसर पर मोनू साईं ने कहा कि असूचंड एकता का संदेश देता है। समाज की सभी संस्थाओं को एकजुट होकर समाजहित में कार्य करना चाहिए। साथ ही नई पीढ़ी को सिंधी संस्कृति से जोड़ना जरूरी है।
मॉडल टाउन पंचायत के रमेश हरदयालानी के अनुसार, झूलेलाल मंदिर में ज्योत प्रज्ज्वलित की गई। वहीं, पूज्य सिंधी पंचायत पृथ्वीराज नगर के अध्यक्ष अमरलाल जनजनी ने बताया कि बच्चों के लिए खेलकूद और रंग भरो प्रतियोगिताओं सहित कई आयोजन किए गए।
बनीपार्क पंचायत के अध्यक्ष बलराम खानचंदानी ने बताया कि लवी कमल भगत ने सिंधी संगीत की प्रस्तुतियां दीं। इस अवसर पर जवाहर नगर सिंधी सेंट्रल एसोसिएशन के रतन एलानी का स्वागत भी किया गया।
पर्व के समापन पर रात में समाजबंधुओं ने शुक्ल पक्ष की द्वितीया के चंद्रमा के दर्शन किए और एक-दूसरे को असूचंड पर्व की शुभकामनाएं दीं। धार्मिक अनुष्ठानों, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और सामूहिक आयोजनों के माध्यम से जयपुर में सिंधी समाज ने पर्व मनाते हुए एकता, सामाजिक सहभागिता और सिंधी संस्कृति से नई पीढ़ी को जोड़ने का संदेश दिया।