ऑटोमेटिक ब्लॉक सिग्नलिंग से जलगांव–शिरसोली–म्हसावद रेलखंड की क्षमता बढ़ी, 29 नए सिग्नल शुरू
मध्य रेल के भुसावल मंडल में जलगांव–शिरसोली–म्हसावद के 21.02 किमी खंड पर 08 सितंबर 2026 से ऑटोमेटिक ब्लॉक सिग्नलिंग शुरू हुई। 29 ऑटोमेटिक और 8 सेमी-ऑटोमेटिक सिग्नल लगाए गए।
मध्य रेल के भुसावल मंडल में जलगांव–शिरसोली–म्हसावद के 21.02 किलोमीटर लंबे रेल खंड पर ऑटोमेटिक ब्लॉक सिग्नलिंग प्रणाली 08 सितंबर 2026 को अप एवं डाउन दोनों मार्गों पर सफलतापूर्वक शुरू कर दी गई। इस महत्वपूर्ण कार्य से इस खंड में रेल परिचालन की सुरक्षा, परिचालन दक्षता और लाइन क्षमता में वृद्धि होने में मदद मिलेगी।
परियोजना के तहत फ्राउशर कंपनी की मल्टी सेक्शन डिजिटल एक्सल काउंटर (MSDAC) प्रणाली में ड्युअल डिटेक्शन, रियल-टाइम मॉनिटरिंग, सुपरवाइजरी ट्रैक सेक्शन तथा ऑटो रीसेट जैसी सुविधाओं को शामिल किया गया है। एसआईपी एवं रोल प्लान के अनुसार 29 नए ऑटोमेटिक सिग्नल और 8 सेमी-ऑटोमेटिक सिग्नल स्थापित किए गए हैं।
इस खंड में कुल 150 मल्टी सेक्शन डिजिटल एक्सल काउंटर (MSDAC) डिटेक्शन पॉइंट स्थापित किए गए हैं। इनमें 72 अप लाइन तथा 78 डाउन लाइन पर हैं। इसके अलावा 48-फाइबर ओएफसी केबल बिछाने का कार्य भी पूरा किया गया है।
सिस्टम के लिए फेलसेफ नेटवर्क्ड मल्टीप्लेक्सर प्रणाली का उपयोग आईसीसी तथा स्टेशनों पर ऑटोमेटिक ब्लॉक सिग्नलिंग डिस्प्ले के लिए किया गया है। ईएलडी, फ्यूज अलार्म सेफ्टी तथा आरडीएसओ-अनुमोदित फायर अलार्म सिस्टम के माध्यम से प्रणाली की सुरक्षा और विश्वसनीयता को बढ़ाया गया है।
ऑटोमेटिक सिग्नलिंग हट्स की आरडीएसओ TAN के अनुसार अर्थिंग की गई है। शिरसोली स्टेशन के क्योसान इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग-62 में आवश्यक रूट अल्टरेशन किए गए हैं। वहीं, एएच-36 एवं एएच-35 पर सीमेंस कंपनी की इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली की व्यवस्था की गई है।
ऑटोमेटिक ब्लॉक सिग्नलिंग परियोजना के संयुक्त कार्य के अंतर्गत ऑटोमेटिक सिग्नलिंग हट्स का निर्माण भी किया गया है। जलगांव–शिरसोली–म्हसावद खंड में इस प्रणाली के कमीशन से लाइन क्षमता में सुधार होगा। इससे जलगांव–मनमाड के अत्यधिक भीड़-भाड़ वाले खंड में गाड़ियों की भीड़ को कम करने में मदद मिलेगी।
नई ऑटोमेटिक ब्लॉक सिग्नलिंग प्रणाली से ट्रेनों की गति में सुधार होगा और समय पर संचालन में भी सहायता मिलेगी। इससे यात्रियों को बेहतर यात्रा अनुभव मिलने के साथ जलगांव–शिरसोली–म्हसावद रेल खंड में सुरक्षित और अधिक दक्ष रेल परिचालन को मजबूती मिलेगी।