पल्लवी जोशी का परिचय पति के नाम से देने पर भड़के विवेक अग्निहोत्री
CBFC में पल्लवी जोशी की नियुक्ति के बाद मीडिया रिपोर्ट में उन्हें 'विवेक अग्निहोत्री की पत्नी' बताए जाने पर फिल्ममेकर ने पत्रकारिता के रवैये पर सवाल उठाए।
तस्वीर में दिख रहे फिल्म निर्माता विवेक अग्निहोत्री काली शर्ट पहने सीधे कैमरे की ओर देख रहे हैं।
केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड में हाल ही में नियुक्ति के बाद अभिनेत्री और निर्माता पल्लवी जोशी को एक रिपोर्ट में “फिल्ममेकर विवेक अग्निहोत्री की पत्नी” के रूप में पेश किए जाने पर विवेक रंजन अग्निहोत्री ने नाराजगी जताई है। उन्होंने पल्लवी जोशी के समर्थन में आवाज उठाते हुए सवाल किया कि चार दशक लंबे करियर और अपनी मजबूत पेशेवर पहचान रखने वाली अभिनेत्री को उनकी उपलब्धियों के बजाय पति के नाम से क्यों पहचाना गया।
भारतीय सिनेमा में अलग और चुनौतीपूर्ण विषयों को पर्दे पर लाने वाले फिल्ममेकर के रूप में पहचाने जाने वाले विवेक रंजन अग्निहोत्री फिल्मों से इतर भी कई मुद्दों पर खुलकर अपनी राय रखते हैं। इसी क्रम में उन्होंने पल्लवी जोशी के परिचय को लेकर प्रकाशित रिपोर्ट पर तीखी प्रतिक्रिया दी।
विवेक रंजन अग्निहोत्री ने इस हेडलाइन को “घटिया”, “दुर्भावनापूर्ण” और “महिलाओं के प्रति बेहद भेदभावपूर्ण” पत्रकारिता का उदाहरण बताया। उन्होंने पल्लवी जोशी के चार दशक लंबे करियर और उनकी उपलब्धियों पर जोर देते हुए कहा कि वह चार बार राष्ट्रीय पुरस्कार जीत चुकी अभिनेत्री हैं। उन्होंने महज चार साल की उम्र में अभिनय शुरू किया था और बाद में भारत की जानी-मानी टेलीविजन अभिनेत्रियों में शामिल हुईं।
उन्होंने निर्माता और क्रिएटर के तौर पर पल्लवी जोशी के काम का भी उल्लेख किया। इनमें ‘आरोहण’ शामिल है, जो भारतीय नौसेना में महिलाओं पर केंद्रित एक प्रोजेक्ट था। विवेक रंजन अग्निहोत्री ने कहा कि जब पल्लवी जोशी ने ‘आरोहण’ का निर्माण किया था, तब उन्हें प्रोडक्शन की “पी” तक की जानकारी नहीं थी।
विवेक रंजन अग्निहोत्री ने सोशल मीडिया पर लिखा, “प्रिय @scroll_in, @tajmahalfoxtrot और @sharmasupriya, यह कैसी घटिया, दुर्भावनापूर्ण और महिलाओं के प्रति बेहद भेदभावपूर्ण पत्रकारिता है? पल्लवी जोशी चार बार राष्ट्रीय पुरस्कार जीत चुकी अभिनेत्री हैं। उन्होंने चार साल की उम्र से अभिनय शुरू किया था। जब इस खबर को लिखने वाले कई पत्रकार पैदा भी नहीं हुए थे, तब तक वह भारत की जानी-मानी टेलीविजन अभिनेत्रियों में शामिल हो चुकी थीं।
जब पल्लवी ने ‘आरोहण’ का निर्माण किया था, जो भारतीय नौसेना में महिलाओं पर केंद्रित एक महत्वपूर्ण काम था, तब मुझे प्रोडक्शन की ‘पी’ तक की जानकारी नहीं थी। उन्होंने आप सभी की रिपोर्टों से कहीं ज्यादा सार्थक काम का निर्माण और सृजन किया है। फिर भी, जब आप एक सफल और खुद की पहचान बनाने वाली महिला के बारे में लिखते हैं, तो आप उनका परिचय मुख्य रूप से ‘फिल्ममेकर विवेक अग्निहोत्री की पत्नी’ के रूप में देना चुनते हैं।”
विवेक रंजन अग्निहोत्री ने कहा कि पल्लवी जोशी ने अभिनय, टेलीविजन, सिनेमा और प्रोडक्शन में चार दशकों के काम के जरिए अपनी पहचान खुद बनाई है। उन्होंने ऐसी सोच पर भी सवाल उठाया, जिसमें एक सफल महिला को मुख्य रूप से उसके पति के रिश्ते से पहचाना जाता है।
अपनी बात खुलकर रखने के लिए जाने जाने वाले विवेक रंजन अग्निहोत्री ने एक बार फिर पल्लवी जोशी की पेशेवर उपलब्धियों को उनकी अपनी पहचान के साथ देखने की बात कही। उनके बयान में सफल महिलाओं को उनकी उपलब्धियों के बजाय उनके पति के नाम से पहचान दिए जाने की प्रवृत्ति पर सवाल उठाया गया है।