चित्तौड़गढ़ में धार्मिक और जागरूकता शिविर का आयोजन, महिलाओं ने लिया भाग
मेवाड़-मालवा क्षेत्र की महिलाओं के लिए आयोजित इस शिविर में धार्मिक, सामाजिक और पारिवारिक जागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया।
तस्वीर में चित्तौड़गढ़ के धार्मिक शिविर में पारंपरिक पोशाक में नजर आ रही महिलाएं।
चित्तौड़गढ़। गांधीनगर स्थित नानु नवकार भवन में शान्त क्रान्ति महिला मण्डल की ओर से मेवाड़-मालवा क्षेत्र की महिलाओं के लिए एक दिवसीय धार्मिक एवं जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। तपस्वी संत अभिनव मुनि आदि ठाणा-2 एवं महासती मयंकमणि आदि ठाणा-3 के सानिध्य में आयोजित शिविर का उद्देश्य महिलाओं में धार्मिक, सामाजिक और पारिवारिक जागरूकता बढ़ाने के साथ समन्वय स्थापित करना रहा। प्रातः 7.30 बजे से सायं 5.30 बजे तक चले शिविर में विभिन्न नगरों की लगभग 130 महिलाओं ने भाग लिया।
प्रवचन के बाद संत मुनिराज एवं महासती ने अलग-अलग विषयों पर कक्षाएं लीं। सभी शिविरार्थियों को 7 सामायिक का लक्ष्य दिया गया। शिविर के दौरान विभिन्न प्रतियोगिताएं भी आयोजित की गईं। महिला मण्डल अध्यक्षा आशा जैन ने बताया कि शिविर में रतलाम, मन्दसौर, निम्बाहेड़ा, भदेसर, आवरीमाता, मंगलवाड़, कपासन, भादसौड़ा सहित विभिन्न नगरों और स्थानीय संघ की महिलाओं ने सहभागिता की। समापन पर मुनिश्री ने मंगलपाठ सुनाया। इसके बाद महिला मण्डल की ओर से सभी शिविरार्थियों को प्रभावना वितरित की गई।
आचार्य विजयराज का जन्मोत्सव बुधवार को, 5-5 सामायिक और सामूहिक एकासन दिवस
आचार्य श्री विजयराज जी म.सा. का जन्मदिवस बुधवार को 5-5 सामायिक एवं सामूहिक एकासन दिवस के रूप में मनाया जाएगा। एकासन के लिए जमा किए गए कूपन में से लक्की ड्रा भी निकाला जाएगा। स्थानीय संघ अध्यक्ष सुरेश लोढ़ा ने बताया कि आचार्यश्री के जन्मोत्सव के उपलक्ष्य में गुरु सप्ताह के तहत विभिन्न धार्मिक आयोजन किए जा रहे हैं।
इसी क्रम में शनिवार को गांधीनगर स्थित गौशाला में गायों को लापसी एवं हरा चारा खिलाया गया। इस अवसर पर शान्ति क्रान्ति संघ, महिला मण्डल और युवा संघ के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने गौसेवा का लाभ लिया।
गुरु सप्ताह के आगामी कार्यक्रमों के तहत आज सजोड़े नवकार मंत्र एवं गुरु विजय चालीसा का जाप किया जाएगा। सोमवार को प्रवचन के बाद आचार्यश्री के जीवन चरित्र पर प्रतियोगिता आयोजित होगी। मंगलवार को मुनिश्री द्वारा नंदीसूत्र की 50 गाथाओं का वाचन किया जाएगा। संघ मंत्री पारसमल सोनी ने गुरु सप्ताह के दौरान अधिकाधिक धर्म, ध्यान, तप और त्याग करने की अपील की।
धार्मिक शिविर में महिलाओं की सहभागिता से लेकर आचार्यश्री के जन्मोत्सव और गुरु सप्ताह के आयोजनों तक, शान्ति क्रान्ति संघ की ओर से धार्मिक गतिविधियों, गौसेवा और सामूहिक साधना के कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।