भूपालसागर में 30 फीट ऊंचे रावण का दहन, जय श्री राम के उद्घोष के बीच तीन साल तक आयोजन का संकल्प
चित्तौड़गढ़ के भूपालसागर स्थित आसावरा माताजी स्टेडियम में विजयादशमी पर 30 फीट ऊंचे रावण का दहन हुआ। शोभायात्रा, गरबा-डांडिया और आतिशबाजी के बीच हजारों श्रद्धालु शामिल हुए। आयोजन समिति और ग्रामवासियों ने आगामी तीन वर्षों तक महोत्सव जारी रखने का संकल्प लिया।
चित्तौड़गढ़ के भूपालसागर स्थित आसावरा माताजी स्टेडियम में विजयादशमी के अवसर पर आयोजित रावण दहन महोत्सव के दौरान जलते पुतले को देखते स्थानीय लोग और श्रद्धालु।
चित्तौड़गढ़ जिले के भूपालसागर कस्बे में विजयादशमी के अवसर पर आसावरा माताजी स्टेडियम में रावण दहन महोत्सव धूमधाम से आयोजित किया गया। समस्त ग्रामवासियों के सहयोग से हुए इस आयोजन में भूपालसागर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से हजारों श्रद्धालु शामिल हुए। रावण दहन के दौरान पूरा स्टेडियम जय श्री राम के उद्घोष से गूंज उठा। आयोजन के बाद ग्रामवासियों और आयोजन समिति ने आगामी तीन वर्षों तक लगातार रावण दहन महोत्सव आयोजित करने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम से पहले भूपालसागर कस्बे में भव्य शोभायात्रा निकाली गई। इसमें भगवान श्री राम, लक्ष्मण, माता सीता और हनुमान जी की आकर्षक झांकियों को सुसज्जित रथ में विराजित किया गया। रथ के पीछे स्थानीय ग्रामीण और युवा पैदल चलते हुए जय श्री राम तथा धर्म की जय हो, अधर्म का नाश हो के नारे लगा रहे थे। कस्बे के मुख्य मार्गों से निकली शोभायात्रा के दौरान धार्मिक उत्साह का माहौल रहा।
रावण दहन से पहले कस्बे की महिलाओं और बालिकाओं ने पारंपरिक गरबा-डांडिया का आयोजन किया। इसमें बड़ी संख्या में महिलाओं ने भाग लिया और सांस्कृतिक कार्यक्रम के माध्यम से विजयादशमी का पर्व मनाया।
निर्धारित शुभ मुहूर्त के अनुसार, रात्रि 9:15 बजे भगवान श्री राम के प्रतीकात्मक स्वरूप द्वारा 30 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया। पुतले के जलते ही आतिशबाजी हुई और स्टेडियम तालियों तथा जयकारों से गूंज उठा। इस दौरान उपस्थित श्रद्धालुओं ने उत्साह के साथ आयोजन में भाग लिया।
आयोजन समिति ने महोत्सव को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी ग्रामवासियों, युवाओं और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। समिति और समस्त ग्रामवासियों ने सर्वसम्मति से निर्णय लिया कि भूपालसागर में रावण दहन की परंपरा को और भव्य रूप देने के लिए आगामी तीन वर्षों तक लगातार इसी प्रकार महोत्सव आयोजित किया जाएगा। इस संकल्प के साथ कस्बे में विजयादशमी के आयोजन को निरंतरता देने का निर्णय लिया गया।