भीलवाड़ा: भगवानपुरा में सरपंच चुनाव परिणाम पर विवाद, कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन
मतगणना में गड़बड़ी का आरोप लगाते हुए प्रत्याशियों ने जिला कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन, निष्पक्ष पुनर्मतगणना कराने की मांग।
भगवानपुरा में पुनर्मतगणना की मांग को लेकर भीलवाड़ा कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन करते ग्रामीण व प्रत्याशी।
भीलवाड़ा जिले की ग्राम पंचायत भगवानपुरा में पंचायती राज चुनाव 2026 के परिणामों को लेकर विवाद गहरा गया है। सरपंच पद के प्रत्याशियों और मतदाताओं ने मतगणना में अनियमितताओं और मनमाने तरीके से परिणाम घोषित करने का आरोप लगाते हुए जिला कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों ने जिला निर्वाचन अधिकारी एवं जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर चुनाव की निष्पक्ष पुनर्मतगणना कराने की मांग की।
प्रत्याशियों का आरोप है कि 24 अक्टूबर 2026 को हुए मतदान के बाद उसी दिन रात में मतगणना की गई थी। इस दौरान पंचायती राज निर्वाचन नियमों की अनदेखी करते हुए मतों का संकलन और छंटनी मनमाने तरीके से की गई। जिला कलेक्टर को सौंपे गए ज्ञापन में प्रत्याशियों स्नेहलता सोनी, विक्रम सिंह, मँवरलाल शर्मा, प्रकाश कंवर, गणपत लाल खटीक और बसंती लाल शर्मा सहित अन्य ने मतगणना प्रक्रिया पर गंभीर सवाल उठाए।
ज्ञापन में बताया गया कि मतों की गिनती के दौरान प्रत्येक मतपत्र प्रत्याशियों या उनके गणना अभिकर्ताओं को नहीं दिखाया गया और उनकी आपत्तियों को भी दरकिनार कर दिया गया। आरोप है कि मतगणना के समय मतपेटियों को कमरे में खोलकर मतपत्रों का एक जगह ढेर लगा दिया गया। इसके बाद लगभग एक घंटे तक सभी प्रत्याशियों को कमरे से बाहर बैठाए रखा गया। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि इस घटनाक्रम से मतगणना की पारदर्शिता पर संदेह पैदा हुआ।
प्रत्याशियों ने यह भी आरोप लगाया कि विरोध करने के बावजूद रिटर्निंग ऑफिसर ने एकतरफा तरीके से एक ही उम्मीदवार के पक्ष में मतों की गणना कर उसे विजयी घोषित कर दिया। उनका कहना है कि नियमानुसार पुनर्मतदान या पुनर्लिखित आवेदन देने का प्रयास करने पर रिटर्निंग ऑफिसर ने आवेदन लेने से साफ इनकार कर दिया और दुर्व्यवहार किया।
ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई कि ग्राम पंचायत भगवानपुरा में सरपंच पद के चुनाव से संबंधित सभी मतदान सामग्रियों और मतों को सुरक्षित रखा जाए। साथ ही, एक निष्पक्ष कमेटी गठित कर सभी प्रत्याशियों की उपस्थिति में निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार पुनर्मतगणना कराई जाए, ताकि मतगणना की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सके और संबंधित प्रत्याशियों को न्याय मिल सके।
इस मामले को लेकर जिला कलेक्ट्रेट पर हुए प्रदर्शन में बड़ी संख्या में ग्रामीण और चुनाव लड़ने वाले प्रत्याशी मौजूद रहे। प्रदर्शनकारियों ने पुनर्मतगणना की मांग उठाते हुए चुनाव परिणामों की निष्पक्षता और मतगणना प्रक्रिया की पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की।