हापुड़: लालपुर में खाद्य प्रसंस्करण प्रशिक्षण शुरू, मिलेगी ₹1 लाख सब्सिडी
ग्रामीणों को स्वरोजगार के लिए अचार, मुरब्बा व जूस निर्माण का दिया जा रहा प्रशिक्षण, आवेदन प्रक्रिया की भी दी गई जानकारी।
तस्वीर में लालपुर के कमरे में मुख्यमंत्री खाद्य प्रसंस्करण प्रशिक्षण शिविर के दौरान ग्रामीणों को संबोधित करते अधिकारी।
हापुड़ (उत्तर प्रदेश) में ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार को बढ़ावा देने और किसानों व युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री खाद्य प्रसंस्करण ग्राम स्वरोजगार योजना के तहत दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का सोमवार को ग्राम लालपुर में शुभारंभ हुआ। प्रशिक्षण के दौरान ग्रामीणों को खाद्य प्रसंस्करण इकाई स्थापित करने और सरकार से मिलने वाले ₹1 लाख के अनुदान की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि एवं स्थानीय ग्राम प्रधान श्री कमलेश जी ने फीता काटकर किया। उद्घाटन के बाद उन्होंने उपस्थित ग्रामीणों को संबोधित करते हुए कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने में मील का पत्थर साबित होंगे।
प्रशिक्षण कार्यक्रम के शुभारंभ अवसर पर क्षेत्र के कई गणमान्य एवं सेवानिवृत्त विभागीय अधिकारी मौजूद रहे। इनमें परमेंद्र कुमार सेवानिवृत्त प्रभारी, सुशील कुमार सिरोही सेवानिवृत्त प्रभारी, रूपकिशोर शर्मा जी और अरुण कुमार शामिल रहे। अधिकारियों और विशेषज्ञों ने प्रशिक्षण में शामिल प्रतिभागियों का मार्गदर्शन किया।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता एवं प्रभारी (हापुड़) श्री विजेंद्र सिंह जी ने मुख्यमंत्री खाद्य प्रसंस्करण योजना की जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि योजना के तहत अपनी खुद की इकाई (यूनिट) लगाने वाले लाभार्थियों को सरकार की ओर से 1 लाख रुपये का अनुदान (सब्सिडी) दिया जा रहा है। उन्होंने ग्रामीणों को आवेदन प्रक्रिया और सरकारी सहायता प्राप्त करने के तरीकों के बारे में विस्तार से बताया।
प्रशिक्षण शिविर के पहले दिन सभी प्रतिभागियों को विभाग की ओर से निःशुल्क प्रशिक्षण सामग्री भी वितरित की गई। इसके साथ ही विशेषज्ञों ने अचार, मुरब्बा, जूस, चिप्स आदि खाद्य प्रसंस्करण उत्पाद तैयार करने और उनकी पैकेजिंग के क्षेत्र में स्वरोजगार की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। प्रतिभागियों को उत्पादों को बाजार में बेहतर ढंग से बेचने से जुड़े पहलुओं की जानकारी भी दी गई।
ग्राम लालपुर में शुरू हुआ यह दो दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम ग्रामीणों को खाद्य प्रसंस्करण के क्षेत्र में स्वरोजगार की दिशा में प्रशिक्षण देने के साथ-साथ मुख्यमंत्री खाद्य प्रसंस्करण ग्राम स्वरोजगार योजना के तहत उपलब्ध ₹1 लाख के अनुदान की प्रक्रिया से अवगत कराने पर केंद्रित रहा।