चुनावी प्रचार में लाउडस्पीकर पर सख्ती, रात 10 से सुबह 6 बजे तक पूर्ण प्रतिबंध
सवाई माधोपुर में नगरीय निकाय चुनाव-2026 के दौरान लाउडस्पीकर पर सख्ती की गई है। रात 10 से सुबह 6 बजे तक प्रतिबंध रहेगा, जबकि प्रचार वाहनों और स्थिर लाउडस्पीकर के लिए पूर्व अनुमति जरूरी होगी।
सवाई माधोपुर, 20 अगस्त। नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 के दौरान चुनावी प्रचार में ध्वनि विस्तारक यंत्रों और लाउडस्पीकर के इस्तेमाल को लेकर जिला प्रशासन ने सख्ती बरती है। आमजन की शांति, विद्यार्थियों की पढ़ाई तथा वयोवृद्ध एवं बीमार व्यक्तियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए जिला कलक्टर एवं जिला मजिस्ट्रेट काना राम ने ध्वनि प्रदूषण एवं कोलाहल नियंत्रण के संबंध में निषेधाज्ञा जारी की है।
जिला कलक्टर द्वारा जारी निषेधाज्ञा के अनुसार, राज्य निर्वाचन आयोग ने राज्य के 309 नगरीय निकायों में आम चुनाव-2026 की घोषणा की है। इसके बाद विभिन्न राजनैतिक दलों, प्रत्याशियों, कार्यकर्ताओं, समर्थकों एवं सहयोगियों द्वारा चुनाव प्रचार के लिए ध्वनि प्रसारक एवं विस्तारक यंत्रों तथा लाउडस्पीकर का उपयोग किया जाता है। चुनावी सभाओं, मंचों एवं भवनों के साथ-साथ ट्रक, बस, कार, टैक्सी, वैन, तिपहिया वाहन, साइकिल, रिक्शा आदि पर भी ऐसे यंत्र लगाए जाते हैं। इनके अत्यधिक एवं देर रात तक उपयोग से ध्वनि प्रदूषण बढ़ने और आमजन की शांति भंग होने की स्थिति को देखते हुए प्रशासन ने यह कदम उठाया है।
जिला मजिस्ट्रेट ने राजस्थान कोलाहल नियंत्रण अधिनियम, 1963 की धारा 5 के तहत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए यह आदेश सम्पूर्ण सवाई माधोपुर जिले के नगर परिषद सवाई माधोपुर एवं गंगापुर तथा नगर पालिका क्षेत्र खण्डार, बौंली, वजीरपुर एवं बामनवास में लागू किया है। आदेश के तहत किसी भी चुनावी सभा, मंच, भवन, निजी अथवा राजकीय संपत्ति तथा वाहनों पर रात्रि 10 बजे से प्रातः 6 बजे तक ध्वनि प्रसारक एवं विस्तारक यंत्रों और लाउडस्पीकर के उपयोग की अनुमति नहीं दी जाएगी। अनुमत अवधि में भी ध्वनि विस्तारक यंत्रों का उपयोग अत्यधिक तेज आवाज में नहीं किया जा सकेगा।
चुनावी प्रचार में ध्वनि प्रसारक एवं विस्तारक यंत्र अथवा लाउडस्पीकर लगाकर उपयोग किए जाने वाले प्रत्येक वाहन के लिए सक्षम प्राधिकारी से पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा। ऐसे वाहनों का खर्च निर्धारित रजिस्टर में दर्ज कर चुनाव व्यय में दर्शाना होगा।
सार्वजनिक सभा, जुलूस, चुनावी सभा, मंच, भवन अथवा निजी या राजकीय संपत्ति पर स्थिर रूप से लगाए जाने वाले ध्वनि प्रसारक एवं विस्तारक यंत्रों तथा लाउडस्पीकर के उपयोग के लिए संबंधित उपखण्ड मजिस्ट्रेट से पूर्व लिखित अनुमति लेना जरूरी होगा।
वाहन पर ध्वनि विस्तारक यंत्र लगाए जाने की अनुमति के लिए प्रस्तुत आवेदन में वाहन का पंजीयन नंबर, वाहन का प्रकार तथा अभ्यर्थी अथवा राजनैतिक दल का नाम स्पष्ट रूप से अंकित करना होगा। यही विवरण सक्षम अधिकारी द्वारा जारी अनुमति में भी दर्ज किया जाएगा।
निर्धारित समयावधि के बाहर अथवा सक्षम प्राधिकारी की लिखित अनुमति के बिना ध्वनि विस्तारक यंत्रों एवं लाउडस्पीकर का उपयोग करने पर संबंधित यंत्रों के साथ-साथ प्रचार में प्रयुक्त वाहन को भी पुलिस द्वारा जप्त किया जा सकेगा। संबंधित उपयोगकर्ता के विरुद्ध ध्वनि प्रदूषण नियम, 2000, ध्वनि प्रदूषण संशोधित नियम, 2017, राजस्थान कोलाहल नियंत्रण अधिनियम, 1963 एवं अन्य प्रासंगिक विधिक प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी।
जिला प्रशासन का यह निषेधाज्ञा आदेश तत्काल प्रभाव से लागू होकर नगरीय निकाय आम चुनाव-2026 की मतगणना समाप्ति तक प्रभावी रहेगा। चुनावी प्रचार के दौरान ध्वनि विस्तारक यंत्रों के उपयोग को लेकर जारी यह आदेश निर्धारित समय, पूर्व अनुमति और चुनाव व्यय के नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी रहेगा।