तस्वीर में बसपा प्रमुख मायावती लखनऊ में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान आगामी चुनावों और फर्जी सर्वेक्षणों पर बात करते हुए नजर आ रही हैं।   

लखनऊ। उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड और पंजाब में आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर कथित फेक और प्रायोजित सर्वेक्षणों के प्रचार पर बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि जातिवादी मीडिया और सोशल मीडिया के जरिए धनबल का दुरुपयोग कर षड्यंत्र के तहत बसपा को कमजोर दिखाने और जनता का ध्यान भटकाने का प्रयास किया जा रहा है। मायावती ने पार्टी कार्यकर्ताओं और बहुजन समाज के लोगों से ऐसे प्रचार से सतर्क रहने तथा उत्तर प्रदेश में पांचवीं बार बसपा की सरकार बनाने के लिए पूरी ताकत से जुटने की अपील की।

मायावती ने शनिवार को कहा कि तीनों राज्यों में होने वाले आगामी विधानसभा चुनावों के लिए बसपा अच्छे और दमदार उम्मीदवारों के चयन सहित जमीनी स्तर पर तैयारियों में जुटी है। इसी बीच कथित तौर पर फेक और ध्यान भटकाने वाले सर्वेक्षणों का प्रचार शुरू कर दिया गया है। उन्होंने इसे बसपा को निशाना बनाने की कोशिश बताते हुए दुखद और दुर्भाग्यपूर्ण करार दिया।

बसपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि चुनाव के दौरान जातिवादी मीडिया की ओर से पार्टी के खिलाफ मिथ्या और अनर्गल प्रचार किया जाता रहा है। उनके मुताबिक, फेक और प्रायोजित सर्वेक्षणों में बसपा की ताकत को कम करके आंका जाता है, जिससे जनता के बीच भ्रम पैदा होता है।

मायावती ने वर्ष 2007 के विधानसभा चुनाव का उदाहरण देते हुए मीडिया पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि उस समय भी मीडिया का रवैया जातिवादी और द्वेषपूर्ण था। इसके बावजूद बसपा ने तमाम कयासों और उम्मीदों को गलत साबित करते हुए उत्तर प्रदेश में पूर्ण बहुमत की सरकार बनाई थी। उन्होंने कहा कि उस समय प्रदेश में 'कानून द्वारा कानून का राज' स्थापित करने और 'सर्वजन हिताय व सर्वजन सुखाय' की भावना के अनुरूप संवैधानिक कल्याणकारी व्यवस्था को आगे बढ़ाने का प्रयास किया गया था।

बसपा प्रमुख ने कहा कि उत्तर प्रदेश में पहले समाजवादी पार्टी और अब भाजपा के शासन से त्रस्त सर्व समाज, खासकर बहुजन समाज के लोगों को विरोधी दलों और जातिवादी तत्वों के हथकंडों से सावधान रहना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक विरोधी साम, दाम, दंड और भेद जैसी रणनीतियों का इस्तेमाल कर सकते हैं।

मायावती ने कार्यकर्ताओं और समर्थकों से सभी प्रकार के मिथ्या प्रचार और दुष्प्रचार से सतर्क रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश में उनके नेतृत्व में बसपा की पांचवीं बार सरकार बनाने के लिए लगातार पूरी जी-जान से जुटना चाहिए। उनके मुताबिक, इसी में सभी वर्गों का हित निहित और सुरक्षित है।