वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में एक्सिस बैंक का शुद्ध लाभ 38 प्रतिशत बढ़कर 7,003 करोड़ रुपये दर्ज किया गया।   

एक्सिस बैंक ने वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में मजबूत वित्तीय प्रदर्शन दर्ज करते हुए शुद्ध लाभ में सालाना आधार पर 38 प्रतिशत की वृद्धि हासिल की है। अक्टूबर 2026 में जारी तिमाही के वित्तीय परिणामों के अनुसार, बैंक का शुद्ध लाभ बढ़कर 7,003 करोड़ रुपये हो गया। शुद्ध ब्याज आय में बढ़ोतरी, कर्ज कारोबार के विस्तार और संपत्ति की गुणवत्ता में सुधार ने इस प्रदर्शन में योगदान दिया। इस दौरान बैंक की शुद्ध ब्याज आय 12 प्रतिशत बढ़कर 15,371 करोड़ रुपये और मुख्य परिचालन लाभ 11 प्रतिशत बढ़कर 10,998 करोड़ रुपये रहा।

बैंक के कारोबार में जमा और ऋण, दोनों क्षेत्रों में वृद्धि दर्ज की गई। महीने के अंत के आंकड़ों के आधार पर कुल जमा में सालाना 21 प्रतिशत और कुल ऋण में 23 प्रतिशत की वृद्धि हुई। बैंक की बैलेंस शीट भी सालाना आधार पर 22 प्रतिशत बढ़कर 20,46,240 करोड़ रुपये हो गई। संपत्ति की गुणवत्ता में सुधार के साथ सकल गैर-निष्पादित परिसंपत्तियां (ग्रॉस एनपीए) एक साल पहले के 1.46 प्रतिशत से घटकर 1.16 प्रतिशत रह गईं। वहीं, शुद्ध गैर-निष्पादित परिसंपत्तियां (नेट एनपीए) 0.44 प्रतिशत से घटकर 0.35 प्रतिशत पर आ गईं।

विभिन्न ऋण श्रेणियों में भी बैंक ने वृद्धि दर्ज की। कॉरपोरेट ऋण में सालाना 34 प्रतिशत की बढ़ोतरी हुई। छोटे और मझोले उद्यमों (एसएमई) का ऋण पोर्टफोलियो 25 प्रतिशत बढ़कर 1,64,592 करोड़ रुपये हो गया। यह कारोबार विभिन्न क्षेत्रों और भौगोलिक इलाकों में संतुलित रूप से फैला हुआ है। छोटे कारोबारियों को बैंकिंग सेवाएं देने वाले कारोबार में सालाना 21 प्रतिशत और ग्रामीण ऋण में 20 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।

बैंक की शुल्क से होने वाली आय 6 प्रतिशत बढ़कर 6,381 करोड़ रुपये रही। इसमें छोटे-छोटे लेनदेन और विभिन्न सेवाओं से मिलने वाले शुल्क की हिस्सेदारी कुल शुल्क आय में 90 प्रतिशत रही। भारत स्थित एक्सिस बैंक की सहायक कंपनियों ने भी वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही में बेहतर प्रदर्शन किया। इस अवधि में उनका कुल शुद्ध लाभ 29 प्रतिशत बढ़कर 1,210 करोड़ रुपये हो गया।

डिजिटल बैंकिंग और भुगतान कारोबार में एक्सिस बैंक ने अपनी स्थिति मजबूत बनाए रखी। लेनदेन की संख्या के आधार पर यूपीआई पेयर पेमेंट सर्विस प्रोवाइडर श्रेणी में बैंक की बाजार हिस्सेदारी लगभग 38 प्रतिशत रही। वहीं, कुल यूपीआई लेनदेन के मूल्य में 34 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। दूसरी तिमाही के दौरान बैंक ने लगभग 10.9 लाख नए क्रेडिट कार्ड जारी किए। इसके साथ ही, चलन में मौजूद कुल क्रेडिट कार्डों में बैंक की हिस्सेदारी लगभग 13.1 प्रतिशत रही।

डिजिटल सेवाओं के इस्तेमाल के मामले में भी बैंक ने मजबूत आंकड़े दर्ज किए। व्यक्तिगत ग्राहकों के कुल वित्तीय लेनदेन में डिजिटल लेनदेन की हिस्सेदारी 98 प्रतिशत रही। गूगल प्ले और आईओएस ऐप स्टोर, दोनों पर एक्सिस मोबाइल ऐप की रेटिंग 4.8 बनी रही। ऐप के मासिक सक्रिय उपयोगकर्ताओं की संख्या लगभग 1.6 करोड़ रही। इसके अलावा, लगभग 1.2 करोड़ ऐसे ग्राहक भी इस ऐप का इस्तेमाल कर रहे हैं, जिनका खाता एक्सिस बैंक में नहीं है।

दूसरी तिमाही में बैंक ने क्रेडिट कार्ड सेवाओं के विस्तार के तहत एक महत्वपूर्ण कदम उठाया। एक्सिस बैंक ने मास्टरकार्ड और वीजा नेटवर्क के तहत अपने क्रेडिट कार्ड ग्राहकों के लिए एप्पल पे की सुविधा शुरू की। बैंक के अनुसार, यह सुविधा शुरू करने वाला वह भारत का पहला बैंक बना। यात्रा संबंधी सेवाओं को मजबूत करने के लिए बैंक ने स्कैपिया और मेकमायट्रिप के साथ साझेदारी की। इसके अतिरिक्त, हिताची पेमेंट सर्विसेज के साथ मिलकर एक्सप्रेस बैंकिंग: डिजिटल बैंकिंग पॉइंट 2.0 और एआई साउंडबॉक्स की शुरुआत की गई। इन पहलों के जरिए बैंक ने तकनीकी विकास और डिजिटल बैंकिंग सेवाओं के विस्तार पर ध्यान दिया।

ग्राहकों के साथ संबंध मजबूत करने और प्रतिभाओं के विकास के लिए भी बैंक ने कई पहल कीं। ग्राहकों के साथ बेहतर जुड़ाव के उद्देश्य से ‘स्पर्श वीक 2026’ शुरू किया गया। विदेशों में शिक्षा प्राप्त करने के बाद भारत में अपना करियर बनाने के इच्छुक लोगों के लिए ‘अराइज होमकमिंग’ पहल की शुरुआत की गई। बैंक ने ‘मूव्स 2026’ का आयोजन भी पूरा किया, जिसमें 110 से अधिक शिक्षण संस्थानों के 43,000 से ज्यादा विद्यार्थियों ने हिस्सा लिया। इस पहल का उद्देश्य बैंकिंग क्षेत्र और संगठनों के भविष्य को नए सिरे से समझना और बेहतर बनाना था।

भारतीय खेलों को बढ़ावा देने के प्रयासों के तहत एक्सिस बैंक ने गोस्पोर्ट्स फाउंडेशन परफॉर्मेंस इंस्टीट्यूट की शुरुआत की। इसके साथ ही, एक्सिस बैंक संजीव सिंह ओलंपिक तीरंदाजी केंद्र के विकास की दिशा में भी काम किया।

बैंक को विभिन्न क्षेत्रों में कई पुरस्कार और सम्मान मिले। इनमें यूरोमनी अवॉर्ड्स फॉर एक्सीलेंस 2026 में भारत के सर्वश्रेष्ठ डिजिटल बैंक का सम्मान शामिल है। इसके अलावा, बैंक को ब्रैंडन हॉल अवॉर्ड्स 2026 और आईसीसी इमर्जिंग एशिया अवॉर्ड्स 2026 में भी सम्मान मिले। सेबर साउथ एशिया अवॉर्ड्स 2026 में ‘सीईओ ऑफ द ईयर’ का पुरस्कार भी बैंक को मिला।

एक्सिस बैंक के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमिताभ चौधरी ने कहा कि ग्राहकों की अपेक्षाएं लगातार बदल रही हैं और बैंक का ध्यान ऐसा बैंकिंग कारोबार विकसित करने पर है, जिसमें नवाचार, भरोसे और बड़े स्तर पर प्रभावी काम करने की क्षमता का मेल हो। उन्होंने कहा कि इस तिमाही में बैंक ने डिजिटल भुगतान और सुरक्षित बैंकिंग के क्षेत्र में अपनी मजबूत स्थिति को आगे बढ़ाया। साथ ही, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) आधारित नवाचारों और रणनीतिक साझेदारियों के जरिये तकनीकी विकास की दिशा में भी काम किया।

चौधरी ने कहा कि बैंक ने अपनी पहुंच बढ़ाई, ग्राहकों के लिए सेवाओं को बेहतर बनाया, प्रतिभाओं के विकास में निवेश किया और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी को मजबूत किया। उनके अनुसार, ये सभी प्रयास ग्राहकों, हितधारकों और व्यापक अर्थव्यवस्था के लिए दीर्घकालिक मूल्य सृजित करने की बैंक की प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं।