जयपुर को पंच गौरव कार्यक्रम में 287.77 लाख की मंजूरी, महिला सशक्तिकरण से पर्यटन तक बढ़ेगा दायरा
जयपुर में पंच गौरव कार्यक्रम के तहत 287.77 लाख रुपये स्वीकृत, महिला सशक्तिकरण, आंवला, लिसोड़ा, कबड्डी और पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा।
जयपुर जिले में पंच गौरव कार्यक्रम के तहत वित्तीय वर्ष 2026-27 में 287.77 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। इसमें से 280.77 लाख रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जिला कलक्टर संदेश नायक ने जारी की है। इस राशि से महिला सशक्तिकरण, आंवला प्रसंस्करण, लिसोड़ा प्रजाति विकास, कबड्डी खेल, आमेर दुर्ग पर्यटन तथा रत्नाभूषण उत्पाद को बढ़ावा देने से जुड़े कार्य किए जाएंगे।
जिला कलक्टर संदेश नायक ने बताया कि जिले में महिला सशक्तिकरण और महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से जिला स्तर अनटाइड फंड से 18.00 लाख रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की गई है। इसके तहत जिले के सभी सरकारी एवं निजी विद्यालयों में अध्ययनरत छात्राओं, कक्षा 6-8 एवं 9-12, के लिए ग्राम स्तर से जिला स्तर तक कबड्डी प्रतियोगिताओं के आयोजन हेतु 46 टीमों का गठन किया जा चुका है।
इसके साथ ही महिला आंवला उत्पादक कृषकों एवं महिला स्वयं सहायता समूहों का एक दिवसीय सम्मेलन एवं प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित कराने की तैयारियां शुरू कर दी गई हैं। राजीविका महिला समूहों द्वारा तैयार उत्पादों के प्रचार-प्रसार एवं बिक्री के लिए जयपुर शहर के विभिन्न स्थानों पर मोबाइल वैन की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी।
जिला कलक्टर ने बताया कि एक जिला एक उत्पाद के तहत आंवला के विकास के लिए 209.47 लाख रुपये की स्वीकृति जारी की गई है। इसके अंतर्गत आईएचआईटीसी केंद्र, दुर्गापुरा, जयपुर में कॉमन इन्क्यूबेशन सेंटर स्थापित किया जाएगा। इसके अलावा जिले के राजहंस इकाई, नाला गार्डन, जयपुर तथा राजहंस इकाई, ढिंढोल, बस्सी केंद्र में शेडनेट हाउस, वर्मी कम्पोस्ट इकाई एवं आंवला मदर ब्लॉक का निर्माण किया जाएगा।
एक जिला एक वनस्पति प्रजाति के तहत लिसोड़ा के विकास के लिए 38.30 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। इसके अंतर्गत लिसोड़ा उत्पादों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के लिए नुक्कड़ नाटक, क्रेता-विक्रेता बैठकें एवं प्रदर्शनियों का आयोजन किया जाएगा। साथ ही जीआई टैगिंग, ब्रांड बिल्डिंग, उत्पाद पैकेजिंग, रिटेल एवं ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से जुड़ाव को भी प्रोत्साहन दिया जाएगा।
नर्सरी विकास के तहत विभिन्न केंद्रों पर सेलर इंस्टॉलेशन, रेनवॉटर हार्वेस्टिंग सिस्टम, ग्रीन नेट शेड एवं पक्के बेड निर्माण जैसे कार्य भी कराए जाएंगे।
एक जिला एक खेल के तहत कबड्डी के विकास के लिए 15.00 लाख रुपये की प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति जारी की गई है। इसके तहत जिले के कबड्डी प्रशिक्षण केंद्रों में खिलाड़ियों को रिहैब सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए सोना बाथ, आइस बाथ टब, मशीनरी, साज-सामान एवं आवश्यक उपकरण उपलब्ध कराए जाएंगे।
एक जिला एक पर्यटन स्थल के तहत आमेर दुर्ग के सौंदर्यीकरण एवं पर्यटकों की सुविधाओं के विस्तार के लिए पर्यटन विभाग द्वारा कार्य कराए जाएंगे। वहीं एक जिला एक उत्पाद के तहत रत्नाभूषण को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने, रोजगार सृजन, जागरूकता, क्षमता विकास एवं विपणन गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए ओडीओपी योजना के अंतर्गत विभिन्न कार्य किए जाएंगे।
जिला कलक्टर ने बताया कि स्वीकृत राशि से महिला सशक्तिकरण, कृषि आधारित उद्यमिता, खेल अवसंरचना, पर्यटन विकास तथा स्थानीय उत्पादों के ब्रांड निर्माण से जुड़े कार्यों को गति मिलेगी। पंच गौरव कार्यक्रम के तहत स्वीकृतियां जयपुर जिले में इन क्षेत्रों के विकास के लिए निर्धारित गतिविधियों को आगे बढ़ाने का आधार बनेंगी।