सीयूआर में 200 कर्मचारियों को मिला कार्यस्थल शिष्टाचार और प्रोटोकॉल प्रशिक्षण
राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय में 4 अगस्त 2026 को कार्यस्थल शिष्टाचार एवं संस्थागत प्रोटोकॉल प्रशिक्षण आयोजित हुआ। 200 से अधिक कर्मचारियों ने भाग लिया, जहां ले. जनरल एस. पी. एस. कटेवा ने टीम भावना और प्रशासनिक प्रक्रियाओं पर जानकारी दी।
तस्वीर में राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान बाएं से दाएं कुलसचिव श्री अमरदीप शर्मा, उप कुलसचिव श्री मनीष भोमिया, कुलपति प्रो. आनंद भालेराव और मुख्य वक्ता लेफ्टिनेंट जनरल एस.पी.एस. कटेवा (सेवानिवृत्त) नजर आ रहे हैं।
राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय में 4 अगस्त 2026 (मंगलवार) को समस्त कर्मचारियों के लिए ‘कार्यस्थल शिष्टाचार एवं संस्थागत प्रोटोकॉल’ (Workplace Etiquette and Institutional Protocol) विषय पर विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कुलपति प्रो. आनंद भालेराव के दूरदर्शी नेतृत्व एवं मार्गदर्शन में विश्वविद्यालय के स्थापना अनुभाग द्वारा संस्थान को उत्कृष्ट ज्ञान संस्थान (Knowledge Institute) के रूप में विकसित करने की दिशा में क्षमता संवर्धन एवं व्यावसायिक विकास कार्यक्रम लगातार आयोजित किए जा रहे हैं।
इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में विश्वविद्यालय के 200 से अधिक कर्मचारियों ने भाग लिया। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता लेफ्टिनेंट जनरल एस. पी. एस. कटेवा (सेवानिवृत्त) ने “एक विश्वविद्यालय- एक टीम” विषय पर व्याख्यान प्रस्तुत किया।
लेफ्टिनेंट जनरल कटेवा ने कहा कि किसी भी संस्थान की उन्नति चार मूलभूत स्तंभों—सामंजस्य, आपसी जुड़ाव, कार्यकुशलता तथा संस्थान की प्रतिष्ठा पर आधारित होती है। उन्होंने सभी सदस्यों से एक मजबूत एवं समन्वित टीम के रूप में कार्य करते हुए संस्थागत उत्कृष्टता प्राप्त करने का आह्वान किया।
विश्वविद्यालय की तुलना मानव शरीर से करते हुए उन्होंने कहा कि जिस प्रकार शरीर का प्रत्येक अंग अपनी अलग भूमिका निभाता है और सभी समान रूप से महत्वपूर्ण होते हैं, उसी प्रकार विश्वविद्यालय का प्रत्येक सदस्य संस्थान के विकास एवं सफलता में अहम योगदान देता है। उन्होंने प्रतिभागियों से कहा कि वे संस्थान निर्माण में अपनी भूमिका को कभी कम न आंकें और सौहार्दपूर्ण कार्य वातावरण, परस्पर सम्मान तथा संगठनात्मक लक्ष्यों के प्रति समर्पण को संस्थागत प्रगति का आधार बनाएं।
मुख्य वक्ता ने समयपालन, गोपनीयता बनाए रखना, स्वच्छता, उपयुक्त वेशभूषा, सकारात्मक भाषा का प्रयोग, कार्यस्थल पर स्वस्थ संबंधों का निर्माण तथा शिकायतों के निस्तारण के लिए निर्धारित प्रक्रिया का पालन जैसे व्यावसायिक आचरण के दस महत्वपूर्ण पहलुओं पर विस्तार से जानकारी दी।
उन्होंने प्रशासनिक कार्यप्रणाली से जुड़े विभिन्न प्रोटोकॉल की भी जानकारी दी, जिनमें आदेश श्रृंखला (Chain of Command), आधिकारिक बैठकों की प्रक्रिया, आधिकारिक पत्राचार एवं मीडिया से संवाद, अतिथि एवं आगंतुक प्रबंधन, वित्तीय एवं क्रय प्रक्रियाएं, आधिकारिक व्हाट्सएप संचार तथा अन्य प्रशासनिक व्यवस्थाएं शामिल थीं। उन्होंने कहा कि इन प्रक्रियाओं का उचित पालन विश्वविद्यालय के सुचारु, पारदर्शी एवं प्रभावी संचालन के लिए आवश्यक है।
राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. आनंद भालेराव ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों से टीम भावना के साथ कार्य करने तथा विद्यार्थियों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने का आह्वान किया। उन्होंने विश्वविद्यालय को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में सभी से सक्रिय योगदान देने की अपील की।
कार्यक्रम की शुरुआत में प्रो. डी. सी. शर्मा ने सभी अतिथियों एवं प्रतिभागियों का स्वागत किया। उन्होंने राजस्थान केंद्रीय विश्वविद्यालय का संक्षिप्त परिचय प्रस्तुत करते हुए मुख्य वक्ता का परिचय कराया। कार्यक्रम के अंत में कुलसचिव श्री अमरदीप शर्मा ने सभी का आभार व्यक्त किया।
कार्यक्रम की व्यवस्था स्थापना अनुभाग के उप कुलसचिव श्री मनीष भोमिया के निर्देशन में की गई। कार्यक्रम का संचालन जनसंपर्क अधिकारी सुश्री अनुराधा मित्तल ने किया। इस प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से विश्वविद्यालय प्रशासन ने कर्मचारियों में संस्थागत प्रोटोकॉल, व्यावसायिक आचरण और टीम भावना को मजबूत करने की दिशा में पहल की।