ब्रिक्स सस्टेनेबल लाइफस्टाइल वीक के तहत राजस्थान में जल संरक्षण जागरूकता बैठक आयोजित।

राजस्थान में पर्यावरण संरक्षण और सतत जीवनशैली को जन आंदोलन बनाने के उद्देश्य से आयोजित ‘BRICS Sustainable Lifestyle Week 2026’ के तीसरे दिन मंगलवार, 3 नवंबर को प्रदेशभर में जल संरक्षण का संदेश दिया गया। ‘Save Water – जल संरक्षण’ थीम के तहत सरकारी कार्यालयों, शैक्षणिक संस्थानों और विभिन्न विभागों में जागरूकता एवं जनभागीदारी से जुड़ी गतिविधियां आयोजित की गईं। इस दौरान जल के विवेकपूर्ण उपयोग, वर्षा जल संचयन, भूजल पुनर्भरण और पारंपरिक जल स्रोतों के संरक्षण को लेकर लोगों को जागरूक किया गया।

सप्ताह के अंतर्गत निर्धारित सात पर्यावरणीय संकल्पों की श्रृंखला में तीसरे दिन जल संसाधनों के संरक्षण पर विशेष ध्यान केंद्रित किया गया। राजस्थान जैसे मरुस्थलीय और सीमित जल उपलब्धता वाले प्रदेश में पानी के महत्व को देखते हुए अधिकारियों, कर्मचारियों, विद्यार्थियों और आमजन को जल संरक्षण के प्रति जिम्मेदार व्यवहार अपनाने के लिए प्रेरित किया गया।

कार्यक्रमों के दौरान मिशन LiFE की शपथ दिलाकर प्रतिभागियों ने पानी के जिम्मेदार उपयोग और संरक्षण का संकल्प लिया। लोगों से दैनिक जीवन में पानी की बर्बादी रोकने, जरूरत के अनुसार ही जल का उपयोग करने और जल संरक्षण को अपनी जीवनशैली का अभिन्न हिस्सा बनाने की अपील की गई।

जल की खपत का आकलन करने के लिए घरों, कार्यालयों और संस्थानों में वाटर ऑडिट के महत्व को भी रेखांकित किया गया। इसके साथ ही नलों और पाइपलाइनों में लीकेज रोकने, पानी के अनावश्यक बहाव को नियंत्रित करने तथा जल की बचत करने वाले उपाय अपनाने का संदेश दिया गया।

वर्षा जल संचयन (Rainwater Harvesting) को बढ़ावा देने के लिए भवनों और संस्थानों में रूफटॉप रेनवाटर हार्वेस्टिंग सिस्टम स्थापित करने के प्रति जागरूक किया गया। बताया गया कि वर्षा जल का संग्रहण भूजल पुनर्भरण के साथ भविष्य की जल आवश्यकताओं को पूरा करने में महत्वपूर्ण योगदान दे सकता है।

राजस्थान की पारंपरिक जल संरक्षण प्रणालियों और स्थानीय जल स्रोतों को सुरक्षित रखने पर भी जोर दिया गया। तालाबों, बावड़ियों, कुओं और अन्य पारंपरिक जल संरचनाओं की साफ-सफाई, मरम्मत एवं पुनर्जीवन के लिए सामुदायिक सहभागिता बढ़ाने का संदेश दिया गया। साथ ही जल स्रोतों को प्रदूषण मुक्त रखने और जल संरक्षण की स्थानीय परंपराओं को आगे बढ़ाने की आवश्यकता बताई गई।

कृषि एवं घरेलू उपयोग में पानी की खपत कम करने के लिए ड्रिप और स्प्रिंकलर जैसी सूक्ष्म सिंचाई तकनीकों, जल के पुनः उपयोग तथा अन्य जल दक्ष उपायों को अपनाने के लिए भी लोगों को जागरूक किया गया। आमजन से जल संरक्षण को केवल एक दिन की गतिविधि तक सीमित नहीं रखने, बल्कि इसे रोजमर्रा की आदतों में शामिल करने की अपील की गई।

तीसरे दिन की गतिविधियों के संचालन में जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, जल संसाधन विभाग, वाटरशेड विभाग, नगरीय निकायों, पंचायती राज विभाग तथा स्कूल शिक्षा एवं उच्च शिक्षा विभाग की सक्रिय भूमिका निर्धारित की गई। वहीं सूचना एवं जनसंपर्क विभाग विभिन्न संचार माध्यमों और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के जरिए जल संरक्षण के संदेश का व्यापक प्रचार-प्रसार कर रहा है।

‘BRICS Sustainable Lifestyle Week 2026’ के चौथे दिन बुधवार, 4 नवंबर को ‘Adopt Sustainable Food Systems – सतत खाद्य प्रणालियां अपनाएं’ थीम पर प्रदेशभर में जागरूकता और जनभागीदारी से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। चौथे दिन का मुख्य उद्देश्य खाद्य उत्पादन से लेकर उपभोग तक पर्यावरण अनुकूल एवं टिकाऊ तौर-तरीकों को प्रोत्साहित करना, खाद्य अपव्यय कम करना और पौष्टिक एवं पारंपरिक खाद्य पदार्थों के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।

इस अवसर पर मिशन LiFE की शपथ के साथ खाद्य अपव्यय कम करने का संकल्प दिलाया जाएगा। मिलेट्स और पारंपरिक अनाजों के महत्व पर कार्यशालाएं एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित होंगे, जिनमें इनके पोषण संबंधी लाभों और पर्यावरण अनुकूल विशेषताओं की जानकारी दी जाएगी। स्थानीय एवं पारंपरिक खाद्य पदार्थों को प्रोत्साहित करने के लिए इनके प्रदर्शन और प्रचार-प्रसार से जुड़ी गतिविधियां भी होंगी।

खाद्य पदार्थों की बर्बादी रोकने के लिए जागरूकता अभियान चलाने के साथ खाद्य अपशिष्ट के उचित प्रबंधन और उससे कंपोस्ट तैयार करने के तरीकों की जानकारी दी जाएगी। इसके अतिरिक्त स्वस्थ एवं टिकाऊ खानपान की आदतें अपनाने तथा कृषि में सतत और पर्यावरण अनुकूल पद्धतियों को बढ़ावा देने के लिए किसानों, स्वयं सहायता समूहों, शैक्षणिक संस्थानों और स्थानीय मंडियों के माध्यम से जागरूकता गतिविधियां संचालित की जाएंगी।

चौथे दिन के कार्यक्रमों में कृषि विभाग, उद्यानिकी विभाग, खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग तथा स्कूल शिक्षा एवं उच्च शिक्षा विभाग की प्रमुख भूमिका रहेगी। सूचना एवं जनसंपर्क विभाग इन गतिविधियों का व्यापक प्रचार-प्रसार करेगा।

उल्लेखनीय है कि 1 से 7 नवंबर तक आयोजित ‘BRICS Sustainable Lifestyle Week 2026’ का उद्देश्य मिशन LiFE के अनुरूप पर्यावरण के प्रति जिम्मेदार व्यवहार को प्रोत्साहित करना और जनभागीदारी के माध्यम से सतत जीवनशैली को व्यापक स्वरूप प्रदान करना है। सप्ताह के प्रत्येक दिन एक विशेष पर्यावरणीय विषय निर्धारित किया गया है, जिसके जरिए प्रदेशवासियों को प्रकृति और प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।

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