बॉलीवुड छोड़ने का बना लिया था फैसला, फिर Uri और Bala ने बदली यामी गौतम की किस्मत
यामी गौतम ने खुलासा किया कि विक्की डोनर की सफलता के बाद भी उन्हें लंबे समय तक संघर्ष करना पड़ा और एक समय उन्होंने बॉलीवुड छोड़कर हिमाचल लौटने का फैसला कर लिया था। जानिए कैसे Uri और Bala की अप्रत्याशित सफलता ने उनके करियर और सोच को पूरी तरह बदल दिया।
तस्वीर में अभिनेत्री यामी गौतम पारंपरिक परिधान और ईयरिंग्स पहने हुए पोज देती हुई नजर आ रही हैं।
यामी गौतम ने विक्की डोनर से बॉलीवुड में अपने करियर की शुरुआत की थी, लेकिन फिल्म की सफलता के बावजूद उन्हें लंबे समय तक अपने करियर में कठिन दौर का सामना करना पड़ा। सही अवसर नहीं मिलने के कारण वह अपने भविष्य को लेकर असमंजस में थीं और उन्होंने अभिनय छोड़कर हिमाचल प्रदेश स्थित अपने परिवार के खेतों में लौटने तक का फैसला कर लिया था। हालांकि बाद में Uri और Bala ने उनके करियर की दिशा पूरी तरह बदल दी।
विक्की डोनर से लेकर राष्ट्रीय पुरस्कार विजेता अभिनेत्री बनने तक यामी गौतम का सफर कई संघर्षों और निराशाओं से होकर गुजरा है। करियर के शुरुआती दौर में उन्हें कई ऐसे झटके लगे, जिन्होंने उन्हें फिल्म इंडस्ट्री में अपने भविष्य पर सवाल उठाने के लिए मजबूर कर दिया। एक समय ऐसा भी आया जब उन्होंने बॉलीवुड छोड़कर अपने गृह राज्य हिमाचल प्रदेश लौटने का निर्णय ले लिया था। हाल ही में दिए गए एक इंटरव्यू में Article 370 की अभिनेत्री ने बताया कि अभिनय छोड़ने और हमेशा के लिए घर लौटने का कठिन फैसला लेने के बाद उनकी जिंदगी अचानक एक रात में बदल गई।
Filmfare को दिए इंटरव्यू में यामी गौतम ने विक्की डोनर की सफलता के बाद के अपने करियर को याद किया। उन्होंने बताया कि दमदार शुरुआत के बावजूद उनका सफर आसान नहीं रहा। यामी के अनुसार, लोग अक्सर उनसे कहते थे कि उन्हें संघर्ष इसलिए करना पड़ रहा है क्योंकि उन्हें पारंपरिक बॉलीवुड लॉन्च या इंडस्ट्री का समर्थन प्राप्त शुरुआत नहीं मिली थी।
यामी ने कहा, “When Vicky Donor worked, I genuinely believed people would simply see me as an actor. Instead, I kept hearing that mine wasn’t a ‘conventional launch’. I remember thinking, ‘What does that even mean?’ Apparently I hadn’t been introduced as the typical heroine.”
उन्होंने स्वीकार किया कि वह दूसरों की राय से प्रभावित हो गई थीं और कई ऐसे रोल स्वीकार किए जिन्हें वह वास्तव में करना नहीं चाहती थीं। उन्हें लगता था कि शायद उन्हीं अवसरों के जरिए कोई उनके टैलेंट, क्षमता और अभिनय को पहचान लेगा। एक समय ऐसा भी आया जब उन्होंने अभिनय छोड़कर हिमाचल प्रदेश में नई जिंदगी शुरू करने का मन बना लिया था। हालांकि Uri और Bala की सफलता ने उनका पूरा करियर बदल दिया। इन फिल्मों की कामयाबी ने उनका आत्मविश्वास लौटाया और उन्हें फिर से मजबूत पहचान दिलाई।
यामी ने उस दौर को याद करते हुए कहा, “Just before Uri and Bala, I had made peace with leaving the industry altogether. I thought I’d return to Himachal. We have farmland there. I imagined beginning a completely different life. My parents were incredibly supportive. They simply stated, ‘Come home’.”
उन्होंने बताया कि जब उन्हें इसकी सबसे कम उम्मीद थी, उसी समय Uri और Bala बॉक्स ऑफिस पर बड़ी सफल फिल्में साबित हुईं। इन फिल्मों की अचानक मिली सफलता ने उनकी जिंदगी बदल दी और उन्हें अपने करियर का सबसे महत्वपूर्ण सबक सिखाया, जो आज भी उनके साथ है।
यामी ने कहा, “Fear is your greatest enemy. The day I stopped saying yes because I was afraid of becoming ‘out of sight, out of mind’, I became free. I’d rather walk away than do work I don’t believe in. That decision transformed everything.”
हाल के वर्षों में यामी गौतम ने लगातार इंडस्ट्री में अपनी स्थिति मजबूत की है। उन्हें Article 370 की व्यावसायिक सफलता और Haq में उनके प्रभावशाली प्रदर्शन के लिए सराहना मिली है। इसके साथ ही उन्होंने देशभर में सबसे सम्मानित और प्रशंसित महिला सितारों में अपनी अलग पहचान बनाई है।