अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस: बारां में मेधावी छात्राएं सम्मानित
जिला कलेक्टर बालमुकुंद असावा ने बालिकाओं को पढ़ाई और प्रतिभा निखारने पर ध्यान देने की प्रेरणा दी, इस दौरान 150 मेधावी छात्राएं सम्मानित हुईं।
तस्वीर में बारां में अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस पर सम्मानित होने वाली छात्राएं नजर आ रही हैं।
बारां। अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर बारां में आयोजित जिला स्तरीय समारोह में जिला कलेक्टर बालमुकुंद असावा ने बालिकाओं को पढ़ाई पर पूरा ध्यान केंद्रित करने और अपनी प्रतिभा निखारने का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि जरूरी नहीं कि हर बालिका प्रत्येक क्षेत्र में विशेषज्ञ हो, लेकिन उसे अपना आत्मविश्वास मजबूत रखना चाहिए। दूसरों से तुलना करने के बजाय अपनी क्षमताओं को विकसित करने पर जोर देना चाहिए।
समग्र शिक्षा अभियान, बारां के तत्वावधान में शनिवार को कोटा रोड स्थित एक होटल में अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस का जिला स्तरीय समारोह आयोजित किया गया। मीडिया प्रवक्ता ओम प्रकाश गुप्ता ने बताया कि कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला कलेक्टर बालमुकुंद असावा रहे, जबकि अध्यक्षता मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी गेंदा लाल रैगर ने की।
समारोह में समग्र शिक्षा से एडीपीसी सीताराम गोयल, एडीईओ हरमोहन गालव, एपीसी गंगाप्रसाद मीणा, दशरथ सुहानिया, सीबीईओ गायत्री मीणा अन्ता, सीबीईओ कालूलाल मीणा अटरू, सीईओ स्काउट सुनीता मीणा, डीओआईटी कल्पना पाटनी और डीएसओ प्रिया शर्मा मंचासीन अतिथियों के रूप में उपस्थित रहे। कार्यक्रम प्रभारी मुकेश कुमार नागर थे।
मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए जिला कलेक्टर बालमुकुंद असावा ने कहा कि कोई बालिका शिक्षा में, कोई खेल में तो कोई अन्य क्षेत्र में विशेषज्ञ हो सकती है। जरूरी यह है कि बालिकाएं अपना विश्वास दृढ़ बनाए रखें और स्वयं को कमजोर न समझें। उन्होंने बालिकाओं को दूसरों से अपनी तुलना करने के बजाय अपनी प्रतिभा निखारने पर ध्यान देने की सीख दी।
डीओआईटी कल्पना पाटनी ने बालिकाओं को सोशल मीडिया का उपयोग करते समय विशेष सावधानी बरतने की हिदायत दी। समारोह में शैक्षिक एवं खेलकूद गतिविधियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली 150 मेधावी बालिकाओं तथा 25 शिक्षक-शिक्षिकाओं को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए मंच से सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण गजनपुरा की बालिकाओं द्वारा प्रस्तुत आत्मरक्षा प्रदर्शन रहा। पूनम गौतम और जेहरा परवीन के निर्देशन में बालिकाओं ने सेल्फ डिफेंस का प्रदर्शन किया। इसके साथ ही कस्तूरबा विद्यालय की बालिकाओं ने बाल विवाह रोकथाम एवं बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ विषय पर नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया। गतिका धाकड़ ने तलवारबाजी का प्रदर्शन किया। गजनपुरा स्कूल के नन्हे बच्चों ने वंदना शर्मा के नेतृत्व में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुतियां दीं।
समारोह की अध्यक्षता कर रहे मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी गेंदा लाल रैगर ने उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित होने वाली बालिकाओं को बधाई दी। उन्होंने आयोजन में जुटी पूरी टीम के कार्य की सराहना की।
इस अवसर पर सहायक आचार्य शालिनी मंगल, एएओ विकास पंकज, अध्यापिका ममता शर्मा, वंदना शर्मा, मनोज जैन, अनूप चोपड़ा, सतीश सोनी सहित शिक्षा विभाग के अधिकारी मौजूद रहे। जिले भर से सैकड़ों छात्राएं और अध्यापिकाएं भी समारोह में शामिल हुईं। कार्यक्रम का संचालन कैलाश नारायण और सीमा नागर ने किया।