करौली: जिला कलक्टर अक्षय गोदारा ने की साप्ताहिक समीक्षा बैठक, दो अधिकारियों को नोटिस
जिला कलक्टर ने बजट घोषणाओं और संपर्क पोर्टल की शिकायतों की समीक्षा की; लापरवाही पर वन विभाग और महिला अधिकारिता विभाग के अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश।
करौली कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित साप्ताहिक समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को निर्देशित करते जिला कलक्टर अक्षय गोदारा और उपस्थित प्रशासनिक व पुलिस अधिकारी।
जिला कलक्टर अक्षय गोदारा की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट सभागार में जिला स्तरीय साप्ताहिक समीक्षा एवं समन्वय समिति की बैठक आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं, महत्वपूर्ण प्रशासनिक एवं विकास कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में बजट घोषणाओं के क्रियान्वयन, संपर्क पोर्टल पर प्राप्त परिवेदनाओं के निस्तारण, ई-फाइल प्रणाली के प्रभावी उपयोग, जनसुनवाई प्रकरणों की स्थिति सहित अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक के दौरान जिला कलक्टर ने राज्य सरकार की बजट घोषणाओं की प्रगति की बिंदुवार समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी घोषणाओं के क्रियान्वयन में गति लाई जाए तथा लंबित कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की शिथिलता स्वीकार्य नहीं होगी।
समीक्षा के दौरान संपर्क पोर्टल पर दर्ज आमजन की शिकायतों एवं परिवेदनाओं की स्थिति पर भी विस्तार से विचार किया गया। जिला कलक्टर ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक शिकायत का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए तथा शिकायतकर्ताओं को संतोषजनक समाधान उपलब्ध कराया जाए। साथ ही उन्होंने संपर्क पोर्टल, मुख्यमंत्री कार्यालय, लोकायुक्त कार्यालय, मानवाधिकार आयोग कार्यालय, संभागीय आयुक्त कार्यालय से प्राप्त प्रकरणों, जनसुनवाई एवं रात्रि चौपालों में प्राप्त प्रकरणों तथा 90 दिन से लंबित चल रहे मामलों का निर्धारित समय-सीमा से पूर्व निस्तारण कर आमजन को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण राहत प्रदान करने तथा उसकी निस्तारण रिपोर्ट जिला मुख्यालय को भिजवाने के निर्देश दिए।
बैठक में अनुपस्थिति एवं लापरवाही पर सख्त रुख अपनाते हुए जिला कलक्टर ने वन विभाग के एसीएफ राहुल मीना के बैठक में अनुपस्थित रहने पर तथा महिला अधिकारिता विभाग के सहायक निदेशक अनिरुद्ध शर्मा द्वारा कार्यों में लापरवाही बरतने पर दोनों के विरुद्ध कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
इसके अतिरिक्त बैठक में बिजली के ढीले तारों को टाइट करने, विद्युत की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित करने सहित विभिन्न विभागीय कार्यों पर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता को सड़कों से संबंधित निर्माण एवं विकास कार्यों को निर्धारित कार्ययोजना के अनुसार समयबद्ध रूप से पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। साथ ही पेयजल आपूर्ति निर्बाध रूप से जारी रखने तथा हैंडपंप सुधार कार्य समयबद्ध रूप से पूर्ण करने पर भी बल दिया गया।
ई-फाइल प्रणाली के माध्यम से कार्यों के डिजिटलीकरण पर जोर देते हुए जिला कलक्टर ने कहा कि प्रशासनिक प्रक्रियाओं में पारदर्शिता एवं दक्षता बढ़ाने हेतु अधिकतम कार्य ई-फाइल के माध्यम से संपादित किए जाएं, जिससे कार्य निष्पादन में गति आए तथा जवाबदेही सुनिश्चित हो सके।
बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर हेमराज परिड़वाल, मुख्य कार्यकारी अधिकारी लखन सिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गुमनाराम, डीएफओ पीयूष शर्मा, एडीपीस एवं कार्यवाहक उपखण्ड अधिकारी मण्डरायल अनिल कुमार जैन, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग के सहायक निदेशक धर्मेन्द्र मीना सहित अन्य जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में विभिन्न प्रशासनिक एवं विकासात्मक विषयों पर विस्तृत चर्चा के साथ आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए, जिससे शासन की योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को गति मिल सके।