मुंबई नाला सफाई: मानसून से पहले बीएमसी ने तेज किया काम
बृहन्मुंबई महानगरपालिका ने कुर्ला समेत विभिन्न क्षेत्रों में मानसून-पूर्व नाला सफाई कार्यों का निरीक्षण किया, ताकि जलजमाव की समस्या से निजात मिल सके।
मुंबई के उपमहापौर संजय घाडी ने कुर्ला क्षेत्र में मानसून-पूर्व नाला सफाई कार्यों का निरीक्षण किया, साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिए।
मुंबई। मानसून के आगमन से पूर्व मुंबई को जलजमाव की संभावित समस्या से सुरक्षित रखने और नालों की सफाई व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त करने के उद्देश्य से बृहन्मुंबई महानगरपालिका ने युद्ध स्तर पर कार्य शुरू कर दिया है। इसी क्रम में, मुंबई के उपमहापौर संजय घाडी ने आज कुर्ला क्षेत्र का सघन दौरा करते हुए चल रहे नाले की सफाई कार्यों का बारीकी से निरीक्षण किया। उपमहापौर ने लोकमान्य तिलक टर्मिनस नाला, नेहरू नगर नाला, शिवसृष्टी नाला और राहुल नगर नाला का प्रत्यक्ष अवलोकन कर वहां से गाद और कीचड़ निकालने की प्रक्रिया का जायजा लिया।
इस निरीक्षण के दौरान उपमहापौर ने स्पष्ट किया कि मानसून के दौरान जल निकासी सुचारू बनी रहे और नालों की जल धारण क्षमता में वृद्धि हो, इसके लिए मनपा प्रशासन प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है। दौरे में स्थानीय विधायक मंगेश कुडालकर, जोन 5 की उपायुक्त संध्या नांदेडकर और 'एल' वार्ड के सहायक आयुक्त धनाजी हेर्लेकर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। उपमहापौर संजय घाडी ने कार्य की प्रगति पर संतोष व्यक्त करते हुए अधिकारियों को यह कड़े निर्देश दिए कि नालों में जमा कचरे और गाद को निरंतर हटाया जाए ताकि जल प्रवाह में कोई अवरोध उत्पन्न न हो। इसके अतिरिक्त, रेलवे सीमा क्षेत्र के नालों की सफाई के लिए रेलवे प्रशासन, मनपा और जनप्रतिनिधियों के आपसी समन्वय पर जोर दिया गया है।
सुरक्षा के दृष्टिकोण से उपमहापौर ने निर्देश दिए कि नागरिकों की सुरक्षा हेतु सभी मैनहोल को मजबूत जालियों और ढक्कनों से सुरक्षित किया जाए। स्थानीय विधायक मंगेश कुडालकर ने भी विश्वास दिलाया कि मानसून पूर्व सभी कार्यों को समयबद्ध तरीके से पूरा करने के लिए प्रशासन के साथ निरंतर संपर्क बना हुआ है। दौरे के दौरान उपमहापौर ने स्थानीय निवासियों से संवाद कर उनके सुझावों को सुना और नागरिकों से भावुक अपील करते हुए कहा कि वे नालों में प्लास्टिक और कचरा न फेंकें। स्वच्छ और बाढ़-मुक्त मुंबई के लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए प्रशासन और आम जनता का सामूहिक उत्तरदायित्व ही एकमात्र समाधान है।