‘शाहू दूध’ बना भरोसेमंद ब्रांड, 25 हजार लीटर दूध संकलन का लक्ष्य: घाटगे
‘शाहू दूध’ ने किसानों और ग्राहकों के विश्वास के साथ बाजार में मजबूत पहचान बनाई है। कोल्हापुर समेत कई जिलों में मांग के बीच दूध संकलन क्षमता 25 हजार लीटर तक बढ़ाने का लक्ष्य रखा गया है।
तस्वीर में राजे समरजितसिंह घाटगे कागल में आयोजित सभा को संबोधित करते हुए।
कोल्हापुर। शेतकरी और ग्राहकों के विश्वास तथा गुणवत्तापूर्ण उत्पादों के आधार पर ‘शाहू दूध’ बाजार में एक भरोसेमंद ब्रांड के रूप में स्थापित हुआ है। कोल्हापुर के साथ बेळगाव, सिंधुदुर्ग, रत्नागिरी और पुणे जिलों में भी शाहू दूध तथा दुग्धजन्य उपपदार्थों की अच्छी मांग है। दूध उत्पादकों को अच्छा दूध भाव उपलब्ध कराने के लिए शाहू दूध संघ प्रतिबद्ध है। यह बात शाहू उद्योग समूह के अध्यक्ष राजे समरजितसिंह घाटगे ने कही।
वे कागल में श्री छत्रपति शाहू मिल्क एंड एग्रो प्रोड्यूसर कंपनी की 18वीं वार्षिक आमसभा को संबोधित कर रहे थे। बैठक की अध्यक्षता शाहू के उपाध्यक्ष अमरसिंह घोरपडे ने की।
राजे समरजितसिंह घाटगे ने कहा कि पहले दूध व्यवसाय को द्वितीयक व्यवसाय के रूप में देखा जाता था। समय के साथ दूध व्यवसाय का महत्व बढ़ा है और अब यह कई किसानों का मुख्य व्यवसाय बन गया है। दूध उत्पादकों के हित में शाहू दूध संघ लगातार प्रयास कर रहा है। उत्पादकों को उचित भाव और आवश्यक सेवाएं उपलब्ध कराने को प्राथमिकता दी जा रही है।
राजे बैंक की अध्यक्षा नवोदितादेवी घाटगे ने कहा कि दूध व्यवसाय में कई उतार-चढ़ाव आने के बावजूद गुणवत्ता के आधार पर शाहू दूध संघ ने बाजार में अपनी स्थिति और मजबूत की है। ‘शाहू’ के दूध के साथ 19 से अधिक दुग्धजन्य उपपदार्थों की बाजार में अच्छी मांग है। दूध उत्पादकों को गुणवत्तापूर्ण पशुखाद्य, तत्पर पशु चिकित्सा सेवा और अन्य आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं।
उन्होंने बताया कि आगामी समय में चरणबद्ध तरीके से दूध संकलन क्षमता बढ़ाकर 25 हजार लीटर तक करने का प्रबंधन का लक्ष्य है। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए उन्होंने सभी से सहयोग करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर संघ के संचालक पद पर निर्वाचित होने के लिए प्रकाश सुळगावे का राजे समरजितसिंह घाटगे के हाथों सत्कार किया गया।
सभा में शाहू के वरिष्ठ संचालक और कर्नाटक के ऊर्जा राज्यमंत्री वीरकुमार पाटील, सभी संचालक तथा बड़ी संख्या में दूध उत्पादक उपस्थित रहे।
अध्यक्ष अमरसिंह घोरपडे ने स्वागत किया। जनरल मैनेजर दीपक पाटील ने विषयपत्रिका का वाचन किया। संचालक युवराज पसारे ने आभार व्यक्त किया।