सावन के पहले सोमवार पर शिवालयों में उमड़ा आस्था का सैलाब, भक्तों ने किया रुद्राभिषेक
सावन के पहले सोमवार पर चित्तौड़गढ़ के शिवालयों में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़, रुद्राभिषेक और विशेष श्रृंगार से भक्तिमय हुआ माहौल।
तस्वीर में चित्तौड़गढ़ के एक शिव मंदिर में सावन के पहले सोमवार के अवसर पर पूजा-अर्चना करते हुए श्रद्धालु नजर आ रहे हैं।
देव शयनी एकादशी के बाद भगवान विष्णु के चार माह के लिए विश्राम में चले जाने के बीच भगवान आशुतोष शिव शंकर द्वारा सृष्टि का संचालन किए जाने की मान्यता के साथ पवित्र श्रावण मास का शुभारम्भ हो गया। सावन के पहले सोमवार पर चित्तौड़गढ़ शहर सहित जिले के प्रमुख शिवालयों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी और भगवान भोलेनाथ की पूजा-अर्चना के लिए विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किए गए।
सावन के प्रथम सोमवार के अवसर पर शिवालयों में सहस्त्र धारा अभिषेक के साथ भगवान शिव को प्रिय पदार्थों से वैदिक मंत्रोच्चार के बीच रुद्राभिषेक और महा रुद्राभिषेक किए गए। श्रद्धालुओं ने भगवान शिव की आराधना कर सर्वत्र खुशहाली और अच्छी वर्षा की कामना की।
नगर के प्रमुख शिवालय खरडेश्वर, हजारेश्वर, नीलकंठ, समीधेश्वर, सर्वेश्वर और गुप्तेश्वर सहित अन्य शिव मंदिरों को विद्युत रोशनी से सजाया गया। सोमवार की भोर वेला से ही शिवालयों में भगवान शिव के प्रिय पंचाक्षरी मंत्र ‘ॐ नमः शिवाय’ का जाप गूंजने लगा। दिनभर श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला जारी रहा और रात्रि तक दर्शन के लिए भक्तों की कतारें लगी रहीं।
खरडेश्वर महादेव मंदिर में सावन के पहले सोमवार पर भगवान महादेव का तिरुपति बालाजी स्वरूप में विशेष श्रृंगार किया गया, जो श्रद्धालुओं के लिए आकर्षण का केंद्र रहा। सावन के शुभारम्भ के साथ शिवालयों में हुए धार्मिक आयोजनों ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय वातावरण से सराबोर कर दिया।