दक्षिण भारत मौसम – बढ़ती गर्मी और तटीय नमी का प्रभाव

आज, 26 फरवरी 2026 को दक्षिण भारत के प्रायद्वीपीय राज्यों में मौसम के विविध रूप देखने को मिल रहे हैं। जहां एक ओर आंतरिक इलाकों में गर्मी का प्रकोप बढ़ रहा है, वहीं तटीय क्षेत्रों में समुद्री हवाओं और वायुमंडलीय ट्रफ (Trough Line) के कारण मौसम में बदलाव के संकेत हैं। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के आंकड़ों के अनुसार, दक्षिण के राज्यों में आर्द्रता (Humidity) का स्तर सामान्य से अधिक दर्ज किया गया है।

केरल और तमिलनाडु: बारिश और बादलों का डेरा

दक्षिण के इन दो प्रमुख राज्यों में आज 'लो-लेवल ईस्टरली विंड्स' (पूर्वी हवाओं) का प्रभाव सबसे अधिक है।

• केरल: राज्य के मध्य और दक्षिणी जिलों (तिरुवनंतपुरम, कोच्चि और कोट्टायम) में दोपहर के बाद गरज के साथ हल्की बारिश होने की 55% संभावना है। यहाँ के तटीय इलाकों में नमी का स्तर 80% से ऊपर बना हुआ है, जिससे 'डिस्कंफर्ट इंडेक्स' (उमस) अधिक महसूस होगा।

• तमिलनाडु: कन्याकुमारी और मदुरै जैसे दक्षिणी जिलों में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। चेन्नई और उसके आसपास के इलाकों में मौसम शुष्क रहेगा, लेकिन शाम के समय समुद्र से आने वाली हवाओं (Sea Breeze) के कारण तापमान में मामूली गिरावट दर्ज की जा सकती है।


कर्नाटक और आंध्र प्रदेश: बढ़ता तापमान और शुष्क मौसम

इन राज्यों के आंतरिक और पठारी क्षेत्रों में फरवरी के अंत तक गर्मी का असर काफी गहरा गया है।

1. कर्नाटक: बेंगलुरु और मैसूर जैसे शहरों में सुबह का मौसम सुहाना रहा, लेकिन दोपहर में अधिकतम तापमान 32°C से 35°C के बीच रहने का अनुमान है। उत्तर कर्नाटक (हुबली, बेलगावी) के जिलों में मौसम पूरी तरह शुष्क और गर्म रहेगा। तटीय कर्नाटक (मंगलुरु) में बादल छाए रह सकते हैं।

2. आंध्र प्रदेश और तेलंगाना: रायलसीमा और तटीय आंध्र के कुछ हिस्सों में 'हीट वेव' जैसी स्थिति तो नहीं है, लेकिन तापमान सामान्य से 2-3 डिग्री अधिक दर्ज किया गया है। यहाँ शुष्क उत्तर-पश्चिमी हवाओं के कारण दोपहर की धूप काफी तीखी रहेगी।


तापमान का गणित: गर्मी और उमस का संगम

आज दक्षिण भारत के अधिकांश शहरों में तापमान का विवरण कुछ इस प्रकार रहने की संभावना है:


शहर

अधिकतम तापमान

न्यूनतम तापमान

मौसम की स्थिति

बेंगलुरु

33°C

19°C

साफ आसमान / आंशिक बादल

चेन्नई

31°C

24°C

उमस भरी गर्मी

तिरुवनंतपुरम

32°C

25°C

हल्की बारिश की संभावना

हैदराबाद

35°C

21°C

गर्म और शुष्क

कोच्चि

33°C

26°C


समुद्री प्रभाव और ट्रफ लाइन (Trough Line)

मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पूर्व अरब सागर से लेकर आंतरिक कर्नाटक तक एक 'कम दबाव की रेखा' (Trough) सक्रिय है। यह रेखा समुद्र से नमी खींचकर जमीन की ओर ला रही है। यही कारण है कि फरवरी के अंत में भी केरल और दक्षिण आंतरिक कर्नाटक के कुछ हिस्सों में अचानक गरज के साथ छींटे पड़ने की स्थिति बन रही है।

विजिबिलिटी और हवा की गति

तटीय क्षेत्रों में सुबह के समय हल्का 'सी मिस्ट' (समुद्री धुंध) देखा गया, जिससे विजिबिलिटी 2-3 किलोमीटर तक सिमट गई थी। हालांकि, दिन चढ़ते ही हवा की गति 10 से 20 किलोमीटर प्रति घंटा रहने की उम्मीद है, जिससे तटीय इलाकों में कुछ राहत मिल सकती है।

आज दक्षिण भारत का मौसम मुख्य रूप से गर्म और आर्द्र (Humid) बना हुआ है। केरल और तमिलनाडु के कुछ हिस्सों को छोड़कर, अधिकांश राज्यों में ग्रीष्म ऋतु की आहट साफ तौर पर महसूस की जा सकती है। बढ़ता पारा इस बात का संकेत है कि आने वाले मार्च के महीने में दक्षिण भारत को और अधिक गर्मी का सामना करना पड़ सकता है।

Pratahkal Hub

Pratahkal Hub

प्रातःकाल हब, दै.प्रातःकाल की वह समर्पित संपादकीय टीम है, जो सटीक, सामयिक और निष्पक्ष समाचार पहुँचाने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारा प्रातःकाल हब राजनीति, समाज, अर्थव्यवस्था और राष्ट्रीय मामलों में सत्यापित रिपोर्टिंग, गहन विश्लेषण और जिम्मेदार पत्रकारिता पर अपना ध्यान केंद्रित करता है।"

Next Story